बैंकिंग सेक्टर के शेयरों को आमतौर पर सबसे भरोसेमंद निवेश माना जाता है, लेकिन सोमवार को बाजार खुलते ही पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के निवेशकों की तो लॉटरी ही लग गई। एक तरफ जहां एचडीएफसी और एक्सिस बैंक जैसे बड़े नामों के शेयर लाल निशान में फिसल रहे थे, वहीं दूसरी तरफ पीएनबी का स्टॉक 5 फीसदी से ज्यादा की तेजी के साथ दौड़ पड़ा। कारोबार के दौरान एक वक्त तो यह 5.58 फीसदी चढ़कर 111.68 रुपये तक पहुंच गया। हालांकि दोपहर करीब 1 बजे शेयर ने अपनी कुछ बढ़त छोड़ी और 3.66 फीसदी की तेजी के साथ 109.64 रुपये पर आ गया। बाजार के जानकारों का मानना है कि इस शेयर में अभी और दम बाकी है और यह आगे भी ऊपर जा सकता है।
तिगुने से ज्यादा हुआ बैंक का मुनाफा
शेयर बाजार में पीएनबी के इस रॉकेट बनने के पीछे असली दम बैंक की जून तिमाही के शानदार नतीजों और ब्रोकरेज फर्मों की सकारात्मक रिपोर्ट का है। बैंक ने अपने स्टैंडअलोन शुद्ध मुनाफे में तीन गुना से भी ज्यादा की जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की है। 30 जून 2026 को खत्म हुई तिमाही में पीएनबी ने 5,253 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह आंकड़ा सिर्फ 1,675 करोड़ रुपये था। यानी एक साल में मुनाफे में कई गुना का उछाल आया है।
टैक्स में बड़ी बचत बनी सबसे बड़ी वजह
मुनाफे में आई इस जबरदस्त तेजी की सबसे बड़ी वजह बैंक की घटी हुई टैक्स देनदारी है। पीएनबी के एमडी और CEO अशोक चंद्रा ने बताया कि बैंक अब नई टैक्स व्यवस्था में शिफ्ट हो गया है। इसका सीधा फायदा यह हुआ कि बैंक की टैक्स देनदारी में एकमुश्त 3,358 करोड़ रुपये की भारी कमी आ गई। इसी बचत ने कंपनी की बॉटम लाइन यानी शुद्ध मुनाफे को एकदम से ऊपर धकेल दिया।
बैंक के इतिहास का सबसे बड़ा पहली तिमाही का मुनाफा
अशोक चंद्रा ने खुशी जताते हुए बताया कि यह पीएनबी के पूरे इतिहास में किसी भी पहली तिमाही (Q1) का अब तक का सबसे बड़ा मुनाफा है। बैंक का प्रॉफिट पहली बार 5,000 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर गया है, जो इसकी लगातार मजबूत होती वित्तीय सेहत की गवाही देता है। इसी दमदार प्रदर्शन ने न सिर्फ बाजार, बल्कि बड़ी ब्रोकरेज फर्मों का भरोसा भी इस सरकारी बैंक पर और पक्का कर दिया है।
मोतीलाल ओसवाल ने दिया 135 रुपये का टारगेट
इन नतीजों के बाद जानी-मानी ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल पीएनबी के शेयर को लेकर काफी उत्साहित है। फर्म ने इस स्टॉक पर अपनी खरीद (Buy) रेटिंग को बरकरार रखते हुए इसके लिए 135 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है। इसका मतलब साफ है कि मौजूदा स्तर से इस शेयर में करीब 28 फीसदी की और तेजी की गुंजाइश बनी हुई है।
पहले आई गिरावट, फिर लौटी रफ्तार
ब्रोकरेज का कहना है कि पिछले तीन महीनों में यह शेयर निफ्टी बैंक इंडेक्स के मुकाबले थोड़ा सुस्त रहा था और इसमें करीब 5 फीसदी की गिरावट देखी गई थी, लेकिन अब पूरी तस्वीर बदल चुकी है। बैंक की कोर प्रॉफिटेबिलिटी में सुधार, संभली हुई एसेट क्वालिटी और मजबूत FCNR मोबिलाइजेशन इसके फंडिंग प्रोफाइल को तगड़ा सहारा दे रहे हैं। इन्हीं मजबूत बुनियादी वजहों को देखते हुए मोतीलाल ओसवाल ने वित्त वर्ष 2027 और 2028 के लिए बैंक की कमाई का अनुमान भी बढ़ा दिया है और स्टॉक को अपग्रेड कर दिया है।
















