देश के अधिकांश राज्यों में 31 अक्टूबर को बैंकों का सामान्य कामकाज जारी रहेगा और खाताधारक अपनी नजदीकी शाखाओं में जाकर जरूरी लेन-देन पूरा कर सकेंगे। हालांकि, गुजरात राज्य के भीतर बैंक शाखाएं सरदार वल्लभभाई पटेल की जन्मतिथि के अवसर पर पूरी तरह बंद रहेंगी। ऐसे में शाखा जाने से पहले स्थानीय अवकाश की स्थिति को समझ लेना बेहद उपयोगी रहेगा।
पांचवें शनिवार का नियम और सामान्य कामकाज
भारतीय बैंकिंग व्यवस्था में प्रत्येक महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को संपूर्ण देश में सार्वजनिक अवकाश निर्धारित रहता है। इसके विपरीत, महीने के पहले, तीसरे और पांचवें शनिवार को सभी वाणिज्यिक बैंक खुले रहते हैं और सामान्य कार्य दिवस की तरह सेवाएं देते हैं। चूंकि 31 अक्टूबर महीने का पांचवां शनिवार पड़ रहा है, इसलिए अधिकांश राज्यों में शाखाएं अपने तय समय पर खुली रहेंगी।
दिल्ली, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और केरल सहित अन्य सभी प्रमुख क्षेत्रों में ग्राहक सामान्य व्यावसायिक घंटों के दौरान शाखाओं में जा सकते हैं। उदाहरण के तौर पर बेंगलुरु, मुंबई अथवा चेन्नई जैसे शहरों में शाखा स्तरीय काउंटर सेवाएं, कैश जमा करने और पासबुक अपडेट कराने जैसी सुविधाएं बिना किसी रुकावट के उपलब्ध रहेंगी।
गुजरात में राष्ट्रीय एकता दिवस पर विशेष अवकाश
गुजरात भर में 31 अक्टूबर को क्षेत्रीय अवकाश रखा गया है। यह अवकाश स्वतंत्र भारत के पहले उप प्रधानमंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती को समर्पित है, जिनका जन्म 31 अक्टूबर 1875 को हुआ था। राष्ट्र निर्माण और देश के एकीकरण में उनके ऐतिहासिक योगदान को स्मरण करने के लिए पूरे देश में इस दिन को राष्ट्रीय एकता दिवस के तौर पर मनाया जाता है।
इस क्षेत्रीय अवकाश के कारण अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा और राजकोट सहित पूरे गुजरात में सभी सरकारी व निजी बैंकों की शाखाएं बंद रहेंगी। वहां इन-पर्सन सेवाएं जैसे चेक क्लियरिंग, लॉकर संचालन अथवा कागजी प्रक्रिया से जुड़े कार्य इस दिन निपटाए नहीं जा सकेंगे।
डिजिटल और ऑनलाइन बैंकिंग सेवाएं रहेंगी चालू
जिन क्षेत्रों या राज्यों में शाखाएं बंद हैं, वहां भी ग्राहकों को परेशान होने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि आधुनिक डिजिटल बैंकिंग प्लेटफॉर्म लगातार चालू रहेंगे। ग्राहक अपने मोबाइल फोन या कंप्यूटर के माध्यम से घर बैठे कई तरह के वित्तीय कार्य संपन्न कर सकते हैं।
- एटीएम नेटवर्क: किसी भी बैंक के एटीएम से नकद निकासी, मिनी स्टेटमेंट प्राप्त करने और बैलेंस जांचने की सुविधा चौबीसों घंटे चालू रहेगी।
- यूपीआई भुगतान: गूगल पे, फोनपे और पेटीएम जैसे यूपीआई माध्यमों से त्वरित भुगतान तथा फंड ट्रांसफर बिना किसी रुकावट के होते रहेंगे।
- मोबाइल और इंटरनेट बैंकिंग: संबंधित बैंक के मोबाइल एप्लिकेशन या नेट बैंकिंग पोर्टल के जरिये बिल भुगतान, नए डिपॉजिट और खाता विवरण आसानी से देखे जा सकते हैं।
- डिजिटल फंड ट्रांसफर: एनईएफटी और आईएमपीएस जैसी इलेक्ट्रॉनिक ट्रांसफर सुविधाएं बैंक की शर्तों और तकनीकी प्रणाली के अनुसार सामान्य रूप से संचालित रहेंगी।
शाखा में प्रत्यक्ष उपस्थिति की आवश्यकता वाले कार्यों को छोड़कर बाकी सभी महत्वपूर्ण वित्तीय जरूरतों के लिए ग्राहक इन डिजिटल प्रणालियों का पूरा लाभ उठा सकते हैं।



















