तिरुवनंतपुरम में 2 नवंबर 2026 को भाग्यतारा BT-78 ड्रा की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। केरल राज्य लॉटरी विभाग की देखरेख में आयोजित इस ड्रॉ में भाग लेने वाले लोग अपने टिकट नंबरों का मिलान जारी नतीजों से कर सकते हैं। इस विशेष ड्रॉ में शीर्ष विजेता के लिए एक करोड़ रुपये का भारी-भरकम प्रथम पुरस्कार निर्धारित है, जबकि अन्य विजेताओं के लिए भी लाखों रुपये के कई आकर्षक पुरस्कार रखे गए हैं।
ड्रॉ का स्थान और समय सारिणी
इस लॉटरी का आधिकारिक ड्रॉ तिरुवनंतपुरम स्थित बेकरी जंक्शन के नजदीक, पालयम के गोर्की भवन में संपन्न कराया जा रहा है। तय कार्यक्रम के मुताबिक, दोपहर 2:55 बजे से लाइव अपडेट मिलने शुरू हो जाते हैं, जिसके बाद शाम करीब 4:30 बजे अंतिम एवं पूर्ण परिणाम सूची जारी कर दी जाती है। जिन लोगों के पास 2 नवंबर की तारीख वाला भाग्यतारा BT-78 टिकट मौजूद है, वे आधिकारिक रिकॉर्ड से अपने अंकों का मिलान कर सकते हैं।
विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कार राशि
भाग्यतारा BT-78 में खिलाड़ियों के लिए कई स्तरों पर इनाम तय किए गए हैं। सबसे बड़ा आकर्षण 1,00,00,000 रुपये का प्रथम पुरस्कार है। इसके अलावा मुख्य विजेता टिकट के अन्य सीरीज धारकों के लिए 5,000 रुपये का सांत्वना पुरस्कार भी उपलब्ध रहता है।
द्वितीय स्थान पर आने वाले भाग्यशाली टिकट को 30,00,000 रुपये दिए जाएंगे, जबकि तीसरे स्थान के लिए 5,00,000 रुपये की राशि निश्चित की गई है। चौथे पुरस्कार के तौर पर 5,000 रुपये तथा पांचवें पायदान के लिए 2,000 रुपये तय हैं। निचले क्रम के पुरस्कारों में छठे स्थान पर 1,000 रुपये, सातवें पर 500 रुपये, आठवें पर 200 रुपये और नौवें स्थान पर आने वाले टिकटों को 100 रुपये का नकद इनाम मिलता है।
इनाम हासिल करने की आवश्यक प्रक्रिया
नियमों के अनुसार, अपनी जीती हुई राशि लेने के लिए तय दिशानिर्देशों का पालन करना अनिवार्य है। यदि जीतने वाली रकम 5,000 रुपये से कम है, तो धारक किसी भी अधिकृत लॉटरी विक्रेता अथवा एजेंट के जरिए सीधे संपर्क करके अपना दावा प्रस्तुत कर सकते हैं।
वहीं, 5,000 रुपये से अधिक की किसी भी इनामी धनराशि के लिए दावेदार को अपना मूल टिकट सुरक्षित रखना होता है। ऐसे विजेताओं को किसी मान्यता प्राप्त बैंक शाखा या फिर केरल राज्य लॉटरी विभाग के आधिकारिक कार्यालय में व्यक्तिगत पहचान पत्रों के साथ मूल टिकट जमा कराना जरूरी है। सत्यापन से पहले टिकट के पीछे हस्ताक्षर करना सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यक माना जाता है।
टैक्स कटौती और कमीशन का हिसाब
लॉटरी से मिलने वाली संपूर्ण राशि पर सरकारी नियमानुसार कटौतियां लागू होती हैं। लॉटरी विभाग के प्रावधानों के तहत कुल जीत पर 30 प्रतिशत की दर से आयकर की कटौती की जाती है, साथ ही 10 प्रतिशत की राशि एजेंट कमीशन के मद में कटती है। हालांकि, वास्तविक कटौती पुरस्कार की सीमा और उस समय प्रभावी टैक्स कानूनों पर निर्भर करती है। भुगतान से पूर्व दावेदारों को देय शुद्ध रकम की पुष्टि आधिकारिक कार्यालय से कर लेनी चाहिए।
टिकट की प्रामाणिकता की जांच
फर्जीवाड़े और धोखाधड़ी से बचाव के लिए विभाग ने टिकट सत्यापन की व्यवस्था की है। जहां सुविधा उपलब्ध हो, वहां अधिकृत बारकोड स्कैनिंग प्रणाली के जरिए टिकट की सत्यता जांची जा सकती है। हमेशा प्रमाणित काउंटरों से ही टिकट खरीदने और आधिकारिक मंचों से ही सूची का मिलान करने की सलाह दी जाती है।



















