जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला शुक्रवार की शाम राजधानी दिल्ली में एक बेहद खास और सीमित जमावड़े की मेजबानी कर रहे हैं. नई दिल्ली के पृथ्वीराज रोड पर स्थित जेके हाउस में आयोजित इस रात्रिभोज के लिए बेहद चुनिंदा लोगों को आमंत्रण भेजा गया है. कुल मिलाकर केवल 71 मेहमानों की एक संक्षिप्त सूची तैयार की गई है, जिसके चलते सियासी गलियारों में इस डिनर को लेकर काफी हलचल और जिज्ञासा देखी जा रही है. इस सूची में राष्ट्रीय स्तर के प्रमुख राजनीतिक दिग्गजों के नाम शामिल हैं, जिससे इस शाम की अहमियत काफी बढ़ गई है.
राजनीतिक दिग्गजों से सजी 71 मेहमानों की फेहरिस्त
इस डिनर के लिए जिन 71 लोगों को आमंत्रित किया गया है, उनमें विभिन्न दलों के कई जाने-माने चेहरे मौजूद हैं. कांग्रेस की ओर से राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के अलावा रॉबर्ट वाड्रा को भी न्योता दिया गया है. इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर की राजनीति में अहम दखल रखने वाली पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती का नाम भी इस चुनिंदा सूची में शामिल है. अन्य प्रमुख विपक्षी और सत्तापक्ष से जुड़े नेताओं में तृणमूल कांग्रेस के सांसद डेरेक ओ’ब्रायन, वरिष्ठ नेता एवं जाने-माने वकील कपिल सिब्बल, बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे और कांग्रेस के नेता पवन खेड़ा को भी इस डिनर में शरीक होने का बुलावा भेजा गया है. इतने सीमित दायरे में अलग-अलग विचारधाराओं के प्रमुख नेताओं का जुटना इस महफ़िल को काफी दिलचस्प बना रहा है.
कार्ड पर केवल डिनर का उल्लेख, शादी की खबरों पर खामोशी
इस आयोजन को लेकर एक और पहलू लगातार सुर्खियों में बना हुआ है. सियासी गलियारों में यह चर्चा गर्म रही है कि उमर अब्दुल्ला ने पत्रकार निधि राजदान के साथ विवाह कर लिया है. हालांकि, उमर अब्दुल्ला की ओर से इस पूरे मामले पर अब तक कोई सार्वजनिक या आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. सबसे खास बात यह है कि आमंत्रित अतिथियों को जो निमंत्रण पत्र भेजा गया है, उसमें भी किसी तरह के वैवाहिक रिसेप्शन या शादी समारोह का ज़िक्र नहीं किया गया है. कार्ड में इसे महज एक डिनर के तौर पर दर्ज किया गया है. ऐसे में आधिकारिक पुष्टि के बिना इस निजी भोज को किसी शादी का जश्न करार देना जल्दबाजी होगी, क्योंकि इस आयोजन का उन चर्चाओं से सीधा कोई संबंध सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं किया गया है.
पायल नाथ के साथ अदालती प्रक्रिया और औपचारिक तलाक
उमर अब्दुल्ला के निजी जीवन की पृष्ठभूमि पर नज़र डालें तो उनका विवाह 1 सितंबर 1994 को पायल नाथ के साथ हुआ था. हालांकि, वर्ष 2009 से दोनों अलग-अलग रहने लगे थे. इसके बाद 2011 में उमर अब्दुल्ला ने सार्वजनिक तौर पर अलग होने की पुष्टि की थी. दोनों के बीच तलाक का मामला लंबे समय तक कानूनी प्रक्रियाओं में उलझा रहा. शुरुआती दौर में निचली अदालत और बाद में दिल्ली हाईकोर्ट ने तलाक की अर्जी को खारिज कर दिया था. लंबे कानूनी सफर के बाद आखिरकार 31 जुलाई 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने आपसी सहमति के आधार पर दोनों के तलाक को कानूनी मंजूरी दे दी. कानूनी तौर पर इस रिश्ते के औपचारिक अंत के बाद, अब दिल्ली के जेके हाउस में आयोजित हो रही यह खास शाम कई सवालों और कयासों के केंद्र में आ गई है.



















