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जोरहाट एयरबेस पर लैंडिंग के वक्त IAF का AN-32 कार्गो विमान दुर्घटनाग्रस्त, पायलट की मौत की आशंका; दो हिस्सों में टूटा विमानभारत
13 जून 2026, 12:11 pm (46 दिन पहले)· 0

जोरहाट एयरबेस पर लैंडिंग के वक्त IAF का AN-32 कार्गो विमान दुर्घटनाग्रस्त, पायलट की मौत की आशंका; दो हिस्सों में टूटा विमान

असम के जोरहाट एयरबेस पर शनिवार सुबह करीब 10 बजे लैंडिंग के दौरान भारतीय वायुसेना का AN-32 कार्गो विमान आग की लपटों में घिरकर दो टुकड़ों में बंट गया। पायलट की जान जाने की आशंका है, जबकि बाकी क्रू के बारे में जानकारी का इंतजार है।

असम के रणनीतिक रूप से अहम जोरहाट एयरबेस पर शनिवार को उस वक्त बड़ा हादसा हो गया, जब भारतीय वायुसेना (IAF) का एक AN-32 कार्गो विमान रनवे पर उतरने की कोशिश कर रहा था। सुबह करीब 10 बजे लैंडिंग के दौरान विमान में अचानक आग भड़क उठी और कुछ ही पलों में वह दो हिस्सों में टूट गया। प्रारंभिक सूचनाओं के मुताबिक इस दुर्घटना में पायलट की जान जाने की आशंका जताई जा रही है।

लैंडिंग के दौरान भड़की आग, चंद सेकंड में बिखरा विमान

शुरुआती रिपोर्टें बताती हैं कि शनिवार तड़के उड़ान भरने वाला यह सामान ढोने वाला विमान जैसे ही जोरहाट एयरबेस पर जमीन को छूने लगा, उसमें से आग की ऊंची लपटें और घना काला धुआं उठने लगा। देखते ही देखते विमान का ढांचा दो टुकड़ों में बंट गया। मौके से सामने आई तस्वीरों में विमान को बहुत बड़ा नुकसान पहुंचा दिखाई दे रहा है।

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राहत टीमें तुरंत पहुंचीं, बाकी क्रू की स्थिति अस्पष्ट

हादसे का मंजर देखते ही एयरपोर्ट और IAF की आपातकालीन टीमें फौरन घटनास्थल पर पहुंच गईं और आग पर काबू पाने का काम शुरू कर दिया गया। सूत्रों के अनुसार पायलट के मारे जाने की आशंका है, लेकिन विमान में सवार अन्य क्रू मेंबर्स के बारे में फिलहाल कोई जानकारी सामने नहीं आई है। यह भी अब तक स्पष्ट नहीं हो सका है कि एयरक्राफ्ट में कुल कितने लोग मौजूद थे। हताहतों को लेकर भी कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया गया है।

हादसे की वजह अभी रहस्य

सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर यह विमान क्रैश क्यों हुआ। क्या इसके पीछे कोई तकनीकी खराबी थी या फिर कोई और कारण — इसका जवाब अब तक नहीं मिल पाया है। माना जा रहा है कि असली वजह जानने के लिए घटना की विस्तृत जांच के आदेश दिए जाएंगे, और जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के पीछे का सच सामने आ सकेगा।

वायुसेना का बयान

भारतीय वायु सेना ने अपने बयान में कहा, ‘असम के जोरहाट एयर फोर्स स्टेशन पर लैंडिंग के दौरान एक सैन्य विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। यह AN-32 कार्गो विमान था, जिसका इस्तेमाल सामान ले जाने के लिए किया जाता है। हादसा उस वक्त हुआ जब विमान एयरबेस पर उतरने की कोशिश कर रहा था। आशंका है कि पायलट की इस दुर्घटना में जान चली गई है। राहत और जांच कार्य जारी है, और आगे की जानकारी का इंतजार है।’

पूर्वोत्तर का अहम वायुसैनिक ठिकाना

जोरहाट एयर फोर्स स्टेशन पूर्वोत्तर भारत में वायुसेना के प्रमुख ठिकानों में से एक है और असम समेत पूरे क्षेत्र के वायु संचालन में इसकी अहम भूमिका है। गौर करने वाली बात यह है कि यह हादसा ऐसे समय हुआ है जब कुछ ही महीने पहले भारतीय वायुसेना का एक सुखोई-30MKI लड़ाकू विमान जोरहाट एयरबेस से करीब 60 किलोमीटर दूर करबी आंगलोंग जिले की इंगलोंग एकोपी हिल में रूटीन ट्रेनिंग मिशन के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था।

10 साल में AN-32 से जुड़े तीन बड़े हादसे, 42 जानें गईं

बीते एक दशक यानी 2016 से 2026 के बीच भारतीय वायुसेना के AN-32 परिवहन विमान से जुड़े तीन बड़े हादसे दर्ज किए गए हैं। इनमें से दो बेहद घातक साबित हुए, जबकि एक में सभी कर्मी सुरक्षित बच निकले।

  • 22 जुलाई 2016: चेन्नई से पोर्ट ब्लेयर जाते समय एक AN-32 विमान बंगाल की खाड़ी के ऊपर लापता हो गया। इसमें सवार सभी 29 लोगों की मौत हो गई। विमान का मलबा 2024 में समुद्र की गहराई में मिला, लेकिन हादसे की असल वजह आज तक साफ नहीं हो सकी।
  • 3 जून 2019: असम के जोरहाट से अरुणाचल प्रदेश के मेचुका जा रहा एक और AN-32 विमान तातो क्षेत्र की पहाड़ियों में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में सवार सभी 13 लोगों की जान चली गई।
  • 7 मार्च 2025: पश्चिम बंगाल के बागडोगरा एयरपोर्ट पर एक AN-32 विमान की क्रैश लैंडिंग हुई। विमान रनवे से फिसलकर क्षतिग्रस्त हो गया, लेकिन चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित रहे और किसी की जान नहीं गई।

इन तीनों घटनाओं में कुल मिलाकर 42 लोगों की मौत हुई, जबकि 2025 की दुर्घटना में कोई हताहत नहीं हुआ।

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