मायानगरी मुंबई में मानसून ने एक बार फिर तेवर दिखाए हैं. मंगलवार रात से बुधवार तड़के तक झमाझम बरसे बादलों ने महानगर की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया. निचले इलाकों में पानी भर गया, सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं और कई रास्तों पर आवाजाही ठप पड़ गई. हालात इतने बिगड़े कि अंधेरी सबवे को वाहनों के लिए बंद करना पड़ा, जबकि दूसरे कई अंडरपास और सड़कों पर भी पानी भर गया. BMC ने लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें, जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें और प्रशासन की चेतावनियों को गंभीरता से लें.
अंधेरी सबवे में फंसी जान, दो कर्मचारियों ने बचाई
BMC ने बताया कि अंधेरी सबवे में इतना ज्यादा पानी जमा हो गया कि उसे अस्थायी तौर पर वाहनों के लिए बंद करना पड़ा. लगातार बारिश से पानी का स्तर तेजी से बढ़ता गया और वहां से किसी भी गाड़ी का गुजरना खतरे से खाली नहीं रह गया. किसी अनहोनी को रोकने के लिए निगम के अधिकारी मौके पर तैनात किए गए, ताकि कोई चालक पानी से भरे अंडरपास में न घुसे.
मौके पर मौजूद BMC अधिकारी ऋतिक ने बताया कि अंधेरी सबवे के जलभराव का फिलहाल कोई फौरी समाधान नहीं निकल पाया है. उनके मुताबिक अधिकारी लगातार वहां खड़े होकर लोगों को रोक रहे हैं, फिर भी कुछ चालक जोखिम उठाने से बाज नहीं आ रहे. ऋतिक ने बताया कि एक ऑटो रिक्शा चालक सबवे के बीचोंबीच फंस गया और उसकी जान पर बन आई थी. बाद में BMC के दो कर्मचारियों ने पानी में उतरकर उसे सुरक्षित बाहर निकाला. अधिकारियों का कहना है कि ऐसी लापरवाही जानलेवा हो सकती है, इसलिए नागरिकों को निर्देशों का सख्ती से पालन करना चाहिए.
शहर के कई हिस्सों में पानी ही पानी
बारिश की मार सिर्फ अंधेरी तक सीमित नहीं रही. शहर के कई इलाकों से जलभराव की तस्वीरें सामने आईं. एक और सबवे में पानी भर जाने के बाद वहां आम लोगों की आवाजाही रोक दी गई. पूर्वी एक्सप्रेस हाईवे पर भी सड़क पर जमा पानी और बारिश के बीच गाड़ियां रेंगती नजर आईं. कम दृश्यता और फिसलन की वजह से यातायात धीमा पड़ गया. सायन इलाके में जलभराव के बीच कुछ बच्चे और किशोर बारिश का मजा लेते दिखे, हालांकि प्रशासन ने ऐसे हालात में सतर्क रहने की सलाह दी है.
आंकड़ों में बारिश की गंभीरता
बारिश के आंकड़े हालात की गंभीरता बयां कर रहे हैं. 23 जून की सुबह 8 बजे से रात 11 बजे के बीच मुंबई शहर में औसतन 56 मिमी बारिश दर्ज हुई. इसी दौरान पूर्वी उपनगरों में 23 मिमी और पश्चिमी उपनगरों में 33 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई. देर रात बारिश और तेज हो गई. 23 जून सुबह 8 बजे से 24 जून रात 2 बजे तक के आंकड़ों के मुताबिक शहर में 78 मिमी, पूर्वी उपनगरों में 87 मिमी और पश्चिमी उपनगरों में 113 मिमी बारिश दर्ज हुई. यानी सबसे ज्यादा कहर पश्चिमी उपनगरों पर टूटा.
रात 10 बजे से 11 बजे के बीच पश्चिमी उपनगरों के कई इलाकों में जमकर बारिश हुई. कांदिवली के चारकोप सेक्टर-1 म्यूनिसिपल स्कूल में 32 मिमी, मलाड के MHB म्यूनिसिपल स्कूल में 28 मिमी, गजधरबांध स्टॉर्म वॉटर पंपिंग स्टेशन पर 26 मिमी, जुहू डिस्पेंसरी और बनाना लीफ इलाके में 22 मिमी और सांताक्रूज के नारियलवाड़ी स्कूल में 21 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई. वहीं बुधवार तड़के 1 बजे से 2 बजे के बीच पूर्वी उपनगर के भांडुप कॉम्प्लेक्स में 40 मिमी और पश्चिमी उपनगर के आनंद नगर म्यूनिसिपल स्कूल इलाके में 32 मिमी पानी बरसा.
ट्रांस-हार्बर ट्रेनें ठप, BEST के रूट बदले
बारिश का असर लोकल परिवहन पर भी पड़ा. ट्रांस-हार्बर लाइन पर लोकल ट्रेन सेवाएं अस्थायी रूप से रोक दी गईं. तुर्भे और कोपर खैराने स्टेशनों के बीच पटरियों के नीचे की मिट्टी बह जाने से अप और डाउन दोनों लाइनें असुरक्षित हो गईं. सेंट्रल रेलवे ने इस खंड पर ट्रेनों की आवाजाही रोक दी और मरम्मत व बहाली का काम शुरू कर दिया. यात्रियों को वैकल्पिक साधनों से सफर करने की सलाह दी गई है.
सार्वजनिक बस सेवा BEST पर भी असर पड़ा. कई रूटों पर जलभराव के कारण बसों का मार्ग बदलना पड़ा. BEST ने यात्रियों से घर से निकलने से पहले अपने रूट की स्थिति जांच लेने को कहा है. अधिकारियों ने अपील की है कि लोग वेबसाइट, हेल्पलाइन या आधिकारिक अपडेट के जरिए रीयल-टाइम जानकारी लेते रहें.
दादर में कार पर गिरा पेड़, बड़ा हादसा टला
इस बीच दादर स्टेशन के पूर्वी हिस्से के पास एक पेड़ कार पर गिर गया, जिससे गाड़ी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई. राहत की बात रही कि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ. दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पेड़ काटकर हटाने में जुट गई. यह घटना दिखाती है कि लगातार बारिश में सिर्फ जलभराव ही नहीं, बल्कि पेड़ गिरने और संरचनात्मक नुकसान का खतरा भी बढ़ जाता है.
BMC के मुताबिक अंधेरी को छोड़कर बाकी ज्यादातर सबवे फिलहाल चालू हैं और शहर की मुख्य रेलवे सेवाएं सामान्य रूप से चल रही हैं, लेकिन मौसम को देखते हुए हालात तेजी से बदल सकते हैं. प्रशासन ने अपील की है कि लोग बिना जरूरत घर से बाहर न निकलें, जलभराव वाले रास्तों से दूर रहें, बंद किए गए अंडरपास या सड़कों पर जाने की कोशिश न करें और आपात स्थिति में तुरंत नागरिक निकाय या आपदा नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें.
मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग ने मुंबई और आसपास के इलाकों के लिए चेतावनी जारी की है. IMD ने पहले मुंबई, उसके उपनगरों और पालघर के लिए रेड अलर्ट जारी किया था. बाद में सुबह 7 बजे जारी नाउकास्ट में अगले तीन घंटों के लिए मुंबई, ठाणे, रायगढ़, पालघर और सिंधुदुर्ग के लिए ऑरेंज वॉर्निंग दी गई, जिसमें मध्यम से तीव्र बारिश की आशंका जताई गई. IMD ने यह भी कहा है कि मुंबई में 41 से 61 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं और गरज-चमक के आसार हैं.













