दृश्यम 3 रिव्यू (2026): सस्पेंस और कोर्टरूम ड्रामा की जबर्दस्त वापसीबिजली का करंट लगने से मासूम की मौत, दौसा के ठीकरिया में मुआवजे और कार्रवाई की मांग पर अड़े ग्रामीणमेरठ के चर्चित हत्याकांड में दोषी मुस्कान और साहिल को सताया मौत की सजा का खौफ, कारागार में रो पड़े दोनोंअमित शाह की मौजूदगी में महानदी जल बंटवारे पर मंथन, विष्णु देव साय और मोहन चरण माझी ने तलाशा साझा हलफ्लाईदुबई विमान अपहरण की नाकाम कोशिश में चरमपंथी साजिश के संकेत, बेंजामिन नेतन्याहू ने दिए बड़े खुलासेअसम के मानस नेशनल पार्क के दो महावतों को मिला मास्टर महावत का वैश्विक सम्मान, थाईलैंड में देंगे विशेष प्रशिक्षणबालाघाट में राहुल गांधी का दौरा महज राजनीतिक तमाशा, मध्य प्रदेश सरकार के मंत्रियों का तीखा पलटवारश्रीनगर पुलिस ने अंतर-राज्यीय ड्रग और हथियार सिंडिकेट पकड़ा, आठ लोग हिरासत मेंरणबीर कपूर के पांच गहरे जज्बाती किरदार जो ओटीटी पर लाते हैं आंखों में आंसूउत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था पर मुख्यमंत्री और सपा प्रमुख में तकरार, 2027 चुनाव से पहले सियासी पारा चढ़ा
नांगल में विहिप नेता की हत्या की साजिश रचने वाला आरोपी यूएई से भारत लाया गया, हवाई अड्डे पर एनआईए ने दबोचाभारत
1 अक्तू॰ 2026, 9:51 pm (32 मिनट पहले)· 0

नांगल में विहिप नेता की हत्या की साजिश रचने वाला आरोपी यूएई से भारत लाया गया, हवाई अड्डे पर एनआईए ने दबोचा

पंजाब के नांगल में विहिप नेता विकास प्रभाकर हत्याकांड में वांछित हरविंदर कुमार को यूएई से डिपोर्ट किए जाने के बाद दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार कर लिया गया है।

पंजाब के रूपनगर जिले में विश्व हिंदू परिषद के स्थानीय नेता विकास प्रभाकर की सनसनीखेज हत्या के मामले में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण यानी एनआईए को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। इस हत्याकांड में लॉजिस्टिक सहायता और धन जुटाने के गंभीर आरोपों का सामना कर रहे हरविंदर कुमार उर्फ सोनू को संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई से प्रत्यर्पित कराकर भारत लाया गया। कूटनीतिक प्रयासों के सफल होने के बाद 1 अक्टूबर 2026 को जैसे ही वह नई दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरा, जांच एजेंसी की टीम ने उसे तुरंत अपनी हिरासत में ले लिया। इस महत्वपूर्ण गिरफ्तारी से सीमा पार रची गई साजिश की कड़ियां जोड़ने में मदद मिलेगी।

नांगल में दुकान के भीतर हुई थी विहिप नेता की हत्या

यह पूरा मामला 13 अप्रैल 2024 का है, जब रूपनगर जिले के नांगल कस्बे में स्थित अपनी दुकान पर बैठे विश्व हिंदू परिषद के नेता विकास प्रभाकर पर जानलेवा हमला किया गया था। हमलावरों ने दिनदहाड़े गोलीबारी कर उनकी हत्या कर दी थी और मौके से फरार हो गए थे। मामले की गंभीरता, लक्षित हत्या के पहलू और अंतरराष्ट्रीय आतंकी नेटवर्क से जुड़े तारों को देखते हुए इस जांच को केंद्रीय एजेंसी को सौंप दिया गया। एनआईए ने 9 मई 2024 को औपचारिक रूप से प्राथमिकी दर्ज कर मामले की तफ्तीश अपने हाथ में ली थी। गहन छानबीन के आधार पर एजेंसी इस हत्याकांड में अब तक तीन आरोप पत्र अदालत में पेश कर चुकी है।

ये भी पढ़ें

जर्मनी से संचालित आतंकी संगठन बब्बर खालसा का हाथ

जांच एजेंसी की पड़ताल में सामने आया है कि इस हत्याकांड का ताना-बाना प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल से जुड़े विदेशी हैंडलरों ने तैयार किया था। जर्मनी में सक्रिय बीकेआई ऑपरेटिव हरजीत सिंह उर्फ लड्डी और कुलबीर सिंह उर्फ सिद्धू ने इस लक्षित हत्या की पूरी रूपरेखा बनाई थी। विदेश में बैठे इन दोनों मुख्य साजिशकर्ताओं के निर्देशों पर ही विभिन्न देशों में मौजूद नेटवर्क को सक्रिय किया गया था, ताकि पंजाब में अशांति और खौफ का माहौल बनाया जा सके।

यूएई में बैठकर हथियार और धन का प्रबंधन कर रहा था हरविंदर

गिरफ्तार आरोपी हरविंदर कुमार यूएई में रहकर जर्मनी के संचालकों के इशारे पर काम कर रहा था। हत्याकांड में उसने सिर्फ आर्थिक मदद ही नहीं पहुंचाई, बल्कि जमीन पर वारदात को अंजाम देने वालों के लिए एक प्रमुख रिक्रूटर और हैंडलर की जिम्मेदारी भी संभाली थी। उस पर आरोप है कि उसने हत्यारों तक अवैध हथियार पहुंचाने की पूरी व्यवस्था की और अपराध को अंजाम देने वाले शूटरों तक असलाह भिजवाया। इसके अलावा आतंकी फंड जुटाने, अवैध नकदी हासिल करने और फिर उसे विभिन्न माध्यमों से आगे भेजने में भी उसकी सीधी संलिप्तता पाई गई है।

अगस्त में भी पकड़ा गया था हथियारों का आपूर्तिकर्ता साथी

इस हत्याकांड से जुड़े विदेशी नेटवर्क पर एनआईए की यह दूसरी सीधी कार्रवाई है। इससे पहले 13 अगस्त 2026 को एजेंसी ने यूएई से जुड़े एक अन्य आरोपी मनवीर राम को पकड़ा था। मनवीर राम को अमृतसर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर रोका गया था और वहीं से उसे गिरफ्तार किया गया। जांच में यह पुष्टि हुई थी कि वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियारों की आपूर्ति में मनवीर ने सीधी भूमिका निभाई थी। एजेंसी का कहना है कि विदेशों में शरण लेकर भारत के खिलाफ साजिश रचने वाले अपराधियों को वापस लाकर न्याय के कटघरे में खड़ा करने की मुहिम जारी है और इस मामले में आगे की कानूनी छानबीन चल रही है।

सवाल-जवाब

हरविंदर कुमार को कहां से और कब गिरफ्तार किया गया?
हरविंदर कुमार को यूएई से डिपोर्ट किए जाने के बाद 1 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर गिरफ्तार किया गया।
विकास प्रभाकर की हत्या कब और कहां हुई थी?
विकास प्रभाकर की हत्या 13 अप्रैल 2024 को पंजाब के रूपनगर जिले के नांगल कस्बे में उनकी दुकान के भीतर की गई थी।
इस हत्याकांड में हरविंदर कुमार पर क्या आरोप हैं?
उस पर यूएई से बीकेआई के लिए काम करने, हत्यारों तक हथियार पहुंचाने, लॉजिस्टिक मदद देने और टेरर फंड ट्रांसफर करने के आरोप हैं।
हत्या की साजिश किन विदेशी संचालकों ने रची थी?
एनआईए के अनुसार यह साजिश जर्मनी में बैठे बब्बर खालसा इंटरनेशनल के ऑपरेटिव हरजीत सिंह उर्फ लड्डी और कुलबीर सिंह उर्फ सिद्धू ने रची थी।
क्या इस मामले में पहले भी किसी आरोपी को यूएई से पकड़ा गया है?
हां, इससे पहले 13 अगस्त 2026 को हथियारों की आपूर्ति में शामिल आरोपी मनवीर राम को अमृतसर एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया था।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·12 मिनट पहले

विदेश से बैठकर साजिश रचने वालों को पकड़ना तो ठीक है, पर एयरपोर्ट पर उतरते ही कैसे गिरफ्तार हो गए? अगर इतने ही बड़े हैंडलर थे तो क्या उन्हें पहले भनक नहीं लगी होगी?

Rohan Verma@rohan-verma·12 मिनट पहले

करण भाई, एजेंसियां विदेश मंत्रालय और इंटरपोल के जरिए लुकआउट सर्कुलर और प्रत्यर्पण वारंट पर काम करती हैं। फ्लाइट की जानकारी पहले ही मिल जाती है।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp