ओडिशा के बेहेरासाही गांव में उस वक्त सनसनी फैल गई जब वहां एक विशालकाय किंग कोबरा नजर आया। कपिपाड़ा वन क्षेत्र के चुईपोशी इलाके में इतने बड़े और जहरीले सांप को देखकर स्थानीय लोगों की चीखें निकल गईं। सांप का आकार इतना बड़ा और डरावना था कि किसी भी ग्रामीण की उसके करीब जाने की हिम्मत नहीं हुई और सभी लोग बुरी तरह सहम गए।
घटना की गंभीरता को समझते हुए डरे हुए ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को इसकी सूचना दी। देखते ही देखते इस विशाल सांप की खबर पूरे इलाके में आग की तरह फैल गई और अजय सोरेन के तालाब के पास बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। कई लोग अपने साथ डंडे भी लेकर पहुंचे थे ताकि जरूरत पड़ने पर बचाव किया जा सके।
कुछ ही समय में वन विभाग के अधिकारी और सांप पकड़ने में माहिर रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई। टीम के आने से पहले ही वह जहरीला किंग कोबरा जमीन पर रेंगते हुए सीधे तालाब के पानी में उतर गया। काफी समय तक बचाव दल और ग्रामीण तालाब के किनारे सांप के बाहर आने का इंतजार करते रहे। जब काफी देर बाद सांप ने पानी से बाहर कदम रखा, तो बचाव दल ने पूरी सावधानी बरती ताकि वह दोबारा पानी के अंदर न जा सके।
इसके बाद वन विभाग के कर्मियों ने बड़ी सूझबूझ और सुरक्षा के साथ उस किंग कोबरा को अपने कब्जे में ले लिया। इतने खतरनाक और अत्यधिक जहरीले सांप को सामने देखकर लोगों की सांसे थम गई थीं, लेकिन राहत की बात यह रही कि रेस्क्यू के दौरान सांप को किसी भी तरह का नुकसान नहीं पहुंचाया गया।
सांप को पकड़ने के बाद वन्यजीव कर्मियों ने इंचीटेप की मदद से उसकी लंबाई मापी, जिससे साफ हुआ कि वह करीब 14 फीट लंबा था। पूरी प्रक्रिया के बाद वन विभाग की टीम उस भारी-भरकम सांप को अपने साथ सुरक्षित ले गई और उसे घने जंगल में छोड़ दिया।
इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। दूसरी ओर, वन विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों की सूझबूझ की सराहना की है क्योंकि उन्होंने डर के बावजूद सांप को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया और समय रहते सही जगह पर मदद के लिए संपर्क किया। अधिकारियों का संदेश है कि भय के माहौल में वन्य जीवों को हानि नहीं पहुंचानी चाहिए, बल्कि हमेशा प्रशासनिक मदद लेनी चाहिए।

















