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पूर्णिया में झोलाछाप डॉक्टर के गलत इलाज से मासूम की जान गईबिहार
13 जून 2026, 1:00 am (92 दिन पहले)· 0

पूर्णिया में झोलाछाप डॉक्टर के गलत इलाज से मासूम की जान गई

पूर्णिया में झोलाछाप डॉक्टर धीरज मेहता के दिए इंजेक्शन के बाद एक बच्चे की मौत हो गई। परिजनों ने चंपानगर थाने में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है, जबकि आरोपी फरार है।

बिहार के स्वास्थ्य महकमे से जुड़ी लापरवाही की खबरें लगातार सामने आती रहती हैं। एक ओर हाल यह है कि लोग सरकारी अस्पतालों के चक्कर लगाते रह जाते हैं फिर भी उन्हें इलाज नसीब नहीं होता, तो दूसरी ओर गांव-देहात के लोग छोटी से लेकर बड़ी बीमारी तक के लिए झोलाछाप डॉक्टरों के सहारे ही रहने को मजबूर हैं। जब कोई बड़ी घटना हो जाती है तो कुछ दिनों के लिए ऐसे फर्जी डॉक्टरों के विरुद्ध मुहिम छेड़ दी जाती है, मगर थोड़ा समय बीतते ही सब कुछ पहले जैसा हो जाता है। आम लोगों को योग्य और प्रशिक्षित डॉक्टरों से सस्ती दर पर इलाज मिल सके, इस दिशा में कोई बड़ी पहल होती नहीं दिखती। इसी तरह के एक झोलाछाप डॉक्टर के इलाज की कीमत एक मासूम को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी।

इंजेक्शन के बाद बेहोश हुआ बच्चा, अस्पताल में तोड़ा दम

पूर्णिया में झोलाछाप डॉक्टर धीरज मेहता के गलत इलाज की वजह से एक बच्चे की मौत हो गई। मृतक बच्चे के चाचा जितेंद्र ऋषि के मुताबिक, बच्चे के पैर में कील गड़ गई थी, जिसके चलते वहां सूजन आ गई थी। जब वे उसे गांव के ही डॉक्टर धीरज मेहता के पास इलाज के लिए लेकर गए तो उसने एक इंजेक्शन लगाया। इंजेक्शन लगते ही बच्चा अचानक बेहोश हो गया। उसे आनन-फानन में जीएमसीएच ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले को लेकर पीड़ित परिवार ने चंपानगर थाने में आवेदन देकर दोषी पर कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद से आरोपी झोलाछाप डॉक्टर फरार बताया जा रहा है।

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