विदेश मंत्री एस जयशंकर ने अमेरिका के अटलांटा में भारतीय महावाणिज्य दूतों के साथ एक अहम बैठक कर द्विपक्षीय संबंधों की व्यापक समीक्षा की। अटलांटा में आयोजित इस बैठक के दौरान व्यापार, तकनीक, नवाचार और उच्च शिक्षा से जुड़े कई नए मंचों और पहलों पर विस्तार से चर्चा हुई। इसके साथ ही भारतीय समुदाय से जुड़े संपर्क अभियानों को मजबूत करने की दिशा में उठाए जा रहे कदमों का भी जायजा लिया गया।
द्विपक्षीय संबंधों और नई पहलों पर फोकस
अटलांटा में हुई इस उच्चस्तरीय चर्चा के दौरान राजनयिक अधिकारियों ने द्विपक्षीय रिश्तों को और अधिक प्रगाढ़ बनाने के लिए शुरू की गई नई परियोजनाओं की जानकारी साझा की। बैठक में मुख्य रूप से व्यापारिक साझेदारी को बढ़ाने, वैज्ञानिक एवं तकनीकी नवाचार को प्रोत्साहित करने और शैक्षणिक सहयोग को सुगम बनाने पर ध्यान केंद्रित किया गया। दोनों देशों के बीच जनता से जनता के जुड़ाव और प्रवासी भारतीयों के लिए कम्युनिटी आउटरीच को और अधिक प्रभावी बनाने पर भी रणनीति तैयार की गई।
एस जयशंकर ने क्या कहा
इस बैठक के बाद विदेश मंत्री ने सोशल मीडिया मंच X पर लिखा कि अटलांटा में अमेरिका स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतों के साथ द्विपक्षीय संबंधों पर गहन चर्चा हुई। उन्होंने बताया कि उन्हें व्यापार, नवाचार, शिक्षा और सामुदायिक पहुंच को लेकर शुरू की गई नई पहलों और मंचों से अवगत कराया गया। विदेश मंत्री ने रेखांकित किया कि ये सभी कदम दोनों देशों के रिश्तों के विस्तार और गहराई को स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं।
वैश्विक मंचों पर कूटनीतिक सक्रियता
अटलांटा में जी20 बैठकों के इतर भारत की कूटनीतिक व्यस्तता लगातार देखने को मिल रही है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने जी20 के मौके पर विश्व नेताओं के साथ कई महत्वपूर्ण द्विपक्षीय वार्ताएं की हैं। इसी दौरान उन्होंने अमेरिकी विदेश मंत्री रूबियो से मुलाकात कर आपसी द्विपक्षीय सहयोग की प्रगति का जायजा लिया। अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जारी यह कूटनीतिक संवाद वैश्विक व्यापार, रणनीतिक साझेदारी और बहुपक्षीय प्राथमिकताओं को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।






























