कांग्रेस के प्रमुख नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के माध्यम से देशवासियों से दिल्ली में होने वाले रामलीला मार्च में भारी संख्या में भाग लेने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह किसी एक दल विशेष का राजनीतिक आयोजन नहीं है, बल्कि देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था, संविधान और मतदान अधिकारों की रक्षा से जुड़ा हुआ एक बड़ा आंदोलन है।
अपने संदेश में उन्होंने कहा कि जो लोग मौजूदा राजनीतिक हालातों और शासन प्रणाली से परेशान हैं, वे इस मार्च का हिस्सा बन सकते हैं। यह पूरा अभियान देश के बुनियादी मूल्यों और लोकतांत्रिक ढांचे को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है, जिसमें हर नागरिक की भागीदारी जरूरी बताई गई है।
चुनाव आयोग और सरकार के खिलाफ विरोध
इस विरोध प्रदर्शन की पृष्ठभूमि में दिल्ली में चुनाव आयोग मुख्यालय पर भी प्रदर्शन और रैलियां देखने को मिली हैं। राष्ट्रीय राजधानी में विभिन्न स्तरों पर SIR के खिलाफ लोकतंत्र बचाओ मार्च और प्रदर्शन आयोजित किए जा रहे हैं, जो इस आंदोलन के व्यापक स्वरूप को दर्शाते हैं। इन प्रदर्शनों के जरिए शासन प्रणाली और चुनावी प्रक्रियाओं पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
राहुल गांधी का बयान और उद्देश्य
अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से साझा किए गए संदेश में राहुल गांधी ने कहा कि चलो दिल्ली रामलीला मार्च का मुख्य उद्देश्य संविधान को बचाना और वोट चोरी जैसी व्यवस्थाओं पर रोक लगाना है। उन्होंने देश की जनता से अपील की कि वे इस मुहिम से जुड़कर लोकतंत्र को मजबूत करने में अपना योगदान दें।
जनता की प्रतिक्रिया: इस मार्च के आह्वान को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की तरफ से मिश्रित प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं, जहां कुछ लोग इसका समर्थन कर रहे हैं तो वहीं कुछ ने इसे राजनीतिक लाभ से जोड़कर देखा है।


























