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देवेंद्र कुमार जोशी की जगह अब दिनेश शर्मा बने अंडमान-निकोबार के नए उपराज्यपालराजनीति
6 सित॰ 2026, 1:04 am (6 दिन पहले)· 2

देवेंद्र कुमार जोशी की जगह अब दिनेश शर्मा बने अंडमान-निकोबार के नए उपराज्यपाल

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने यूपी के पूर्व उपमुख्यमंत्री और राज्यसभा सांसद दिनेश शर्मा को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का नया उपराज्यपाल नियुक्त किया है, जो एडमिरल (सेवानिवृत्त) देवेंद्र कुमार जोशी की जगह लेंगे।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने डॉ. दिनेश शर्मा को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का नया उपराज्यपाल नियुक्त किया है। शनिवार देर रात राष्ट्रपति भवन की ओर से जारी बयान में बताया गया कि राष्ट्रपति डॉ. शर्मा को यह जिम्मेदारी सौंपते हुए प्रसन्न हैं। नई नियुक्ति उनके पदभार ग्रहण करने की तारीख से लागू मानी जाएगी। 62 साल के दिनेश शर्मा उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री रह चुके हैं और फिलहाल राज्यसभा के उप-सभापति की जिम्मेदारी भी संभाल रहे हैं। उनका राज्यसभा कार्यकाल 25 नवंबर को पूरा होने वाला था।

प्रोफेसर से महापौर तक का सफर

राजनीति में आने से पहले दिनेश शर्मा लखनऊ विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग में प्रोफेसर रहे। इसके बाद उन्होंने लखनऊ के महापौर का पद संभाला और साल 2006 से मार्च 2018 तक लगातार दो कार्यकाल तक इस पद पर बने रहे। इसी दौरान वे 2007 से मार्च 2018 तक यूपी मेयर काउंसिल के अध्यक्ष भी रहे। पार्टी संगठन में भी उनकी भूमिका काफी बड़ी रही, वे भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जैसे अहम पद पर रह चुके हैं। इसके अलावा उन्हें गुजरात का प्रभारी बनाया गया था, जबकि हरियाणा में मुख्यमंत्री और राजस्थान में प्रदेश अध्यक्ष के चयन के लिए पर्यवेक्षक की जिम्मेदारी भी उन्हें ही दी गई थी। भाजयुमो के प्रदेश अध्यक्ष का पद भी वे संभाल चुके हैं।

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उपमुख्यमंत्री से राज्यसभा सांसद तक

2017 से 2022 के बीच उपमुख्यमंत्री रहते हुए दिनेश शर्मा के पास माध्यमिक व उच्च शिक्षा विभाग के साथ-साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स तथा सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की जिम्मेदारी भी थी। 2022 का विधानसभा चुनाव उन्होंने नहीं लड़ा था। इसके बाद भाजपा ने उन्हें राज्यसभा भेजने का फैसला किया और वे तभी से राज्यसभा सांसद के तौर पर काम कर रहे थे। अब उनके सामने अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के उपराज्यपाल की नई जिम्मेदारी है।

अंडमान-निकोबार में उपराज्यपाल का पद क्यों अहम

बंगाल की खाड़ी में स्थित अंडमान और निकोबार द्वीप समूह रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण केंद्र शासित प्रदेश माना जाता है और यहां का प्रशासन उपराज्यपाल के हाथों में होता है। यह पद संवैधानिक प्रमुख और प्रशासनिक प्रमुख, दोनों भूमिकाएं एक साथ निभाता है। शासन-व्यवस्था, विकास कार्यों और केंद्र सरकार के साथ तालमेल बिठाने की जिम्मेदारी इसी पद पर होती है, खासकर सुरक्षा, पर्यटन, अवसंरचना और पर्यावरण संरक्षण जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में। अभी तक यह जिम्मेदारी एडमिरल (सेवानिवृत्त) देवेंद्र कुमार जोशी संभाल रहे थे, जो अक्टूबर 2017 से इस पद पर कार्यरत हैं। दिनेश शर्मा की नियुक्ति के साथ द्वीपीय क्षेत्र के नेतृत्व में बदलाव तय माना जा रहा है और उनके जल्द ही पदभार संभालने की उम्मीद जताई जा रही है।

सवाल-जवाब

दिनेश शर्मा को किस पद पर नियुक्त किया गया है?
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का उपराज्यपाल नियुक्त किया है।
दिनेश शर्मा पहले किस पद पर रह चुके हैं?
वे उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री रह चुके हैं और फिलहाल राज्यसभा के उप-सभापति हैं।
दिनेश शर्मा की उम्र कितनी है?
दिनेश शर्मा 62 साल के हैं।
उनका राज्यसभा कार्यकाल कब खत्म होने वाला था?
उनका राज्यसभा कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त होने वाला था।
वे लखनऊ के महापौर कब रहे?
वे 2006 से मार्च 2018 तक लगातार दो बार लखनऊ के महापौर रहे।
2017 से 2022 के बीच उपमुख्यमंत्री के तौर पर उनके पास कौन से विभाग थे?
उनके पास माध्यमिक व उच्च शिक्षा के साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स तथा सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की जिम्मेदारी थी।
वे किस विश्वविद्यालय में प्रोफेसर रहे?
वे लखनऊ विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग में प्रोफेसर रहे।
अंडमान-निकोबार के अभी तक के उपराज्यपाल कौन थे?
एडमिरल (सेवानिवृत्त) देवेंद्र कुमार जोशी अक्टूबर 2017 से यह पद संभाल रहे थे, अब उनकी जगह दिनेश शर्मा लेंगे।
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टिप्पणियाँ 5

Ravikash Gupta@ravikash·5 दिन पहले

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में यह नेतृत्व परिवर्तन ऐसे समय में हुआ है जब बंगाल की खाड़ी में भू-राजनीतिक गतिविधियां तेज़ी से बदल रही हैं। दिनेश शर्मा का प्रशासनिक और संगठनात्मक अनुभव इस संवेदनशील केंद्र शासित प्रदेश में बुनियादी ढांचे के विकास, पर्यटन विस्तार और केंद्रीय योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में अहम भूमिका निभाएगा। रक्षा और सुरक्षा के लिहाज़ से भी यह नियुक्ति रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है।

Nyra Kaif@nyra-kaif·5 दिन पहले

दिनेश शर्मा की यह नियुक्ति मुख्यधारा की राजनीतिक और प्रशासनिक व्यवस्था से हटकर रणनीतिक रूप से संवेदनशील अंडमान-निकोबार जैसे द्वीप क्षेत्र में एक बड़ा प्रशासनिक बदलाव लाती है। पूर्व उपराज्यपाल डी.के. जोशी के लंबे कार्यकाल के बाद, अब एक ऐसे अनुभवी राजनेता और पूर्व प्रोफेसर को यह कमान मिलना जो उच्च शिक्षा, विज्ञान और तकनीक जैसे विभागों का अनुभव रखते हैं, द्वीपीय विकास, पर्यटन और पर्यावरण संरक्षण के संतुलन को किस दिशा में ले जाता है, यह देखना दिलचस्प होगा।

Rajesh Kumar@rajesh-kumar·5 दिन पहले

दिनेश शर्मा को अंडमान-निकोबार का उपराज्यपाल नियुक्त किया जाना राष्ट्रीय राजनीति और रणनीतिक प्रशासन में एक बड़ा बदलाव है। बंगाल की खाड़ी में स्थित इस द्वीप समूह की सुरक्षा, पर्यटन और बुनियादी ढांचे के विकास पर केंद्र सरकार का विशेष फोकस रहता है। उनका प्रशासनिक और सांगठनिक अनुभव केंद्र और स्थानीय प्रशासन के बीच बेहतर तालमेल बिठाने में अहम साबित होगा।

Karan Malhotra@karan-malhotra·5 दिन पहले

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का यह नेतृत्व परिवर्तन रणनीतिक और प्रशासनिक दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण है। बंगाल की खाड़ी में स्थित इस संवेदनशील केंद्र शासित प्रदेश में सुरक्षा, रक्षा और तटीय निगरानी जैसे मामलों को सीधे तौर पर कानून-व्यवस्था और राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़कर देखा जाता है। पूर्व उपराज्यपाल एडमिरल डी.के. जोशी का लंबा कार्यकाल पूरा होने के बाद, एक अनुभवी राजनीतिक और प्रशासनिक पृष्ठभूमि वाले चेहरे को यहाँ की कमान सौंपना यह संकेत देता है कि केंद्र सरकार अब इस सामरिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र के प्रशासनिक समन्वय और विकास कार्यों को और अधिक गति देने की योजना पर काम कर रही है।

Rohan Verma@rohan-verma·5 दिन पहले

दिनेश शर्मा का लखनऊ के सफल महापौर और उत्तर प्रदेश के शिक्षा मंत्री से लेकर राष्ट्रीय स्तर के संगठन कार्यों तक का लंबा अनुभव अंडमान और निकोबार के प्रशासनिक प्रबंधन में बेहद काम आएगा। एक तरफ जहाँ डी.के. जोशी के कार्यकाल में द्वीप समूह की रक्षा और बुनियादी ढाँचे को मजबूती मिली थी, वहीं अब एक राजनीतिक रूप से परिपक्व नेता के आने से केंद्र सरकार की विकास योजनाओं और स्थानीय प्रशासन के बीच जन-सरोकार के मुद्दों पर समन्वय और अधिक प्रभावी होने की पूरी संभावना है।

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