अफगानिस्तान टी20 सीरीज से पहले टीम इंडिया की बढ़ी परेशानी, नेट प्रैक्टिस के दौरान चोटिल हुए ईशान किशनकर्क साप्ताहिक राशिफल 13-19 सितंबर के लिए: मंगल के गोचर से करियर और आर्थिक जीवन में बदलाव, जानें अपना भाग्यगंगा के बढ़ते जलस्तर से भोजपुर के घांघर में गहराया चारे का संकट, भुखमरी की कगार पर पहुंचे मवेशीभाई किंग हेराल्ड के अंतिम संस्कार के दो दिन बाद नॉर्वे की राजकुमारी ऐस्ट्रिड का निधन121 दिनों तक देवगुरु बृहस्पति की वक्री चाल: 6 राशियों के करियर और धन लाभ में आएगा बड़ा मोड़नई दिल्ली में रूसी राष्ट्रपति का बिना प्रोटोकॉल वाला इशारा, अजित डोभाल से पुतिन की मुलाकात के क्या हैं कूटनीतिक मायने?पाकिस्तान क्रिकेट में मचे घमासान के बीच वसीम अकरम ने PSL को घेरा, बोले- भारत के 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी जैसी प्रतिभाएं तलाशना जरूरीसिंटा के दफ्तर से टेम्पो में दस्तावेज ले जाने का आरोप, उपासना सिंह और पूनम ढिल्लों के बीच तकरार बढ़ीट्रेजरी यील्ड में गिरावट से अमेरिकी शेयर बाजार में लौटी रौनक, डाउ जोन्स 500 अंक उछलाराजनाथ सिंह ने स्वामी विवेकानंद के साल 1893 के ऐतिहासिक शिकागो भाषण को भारतीय सभ्यता का निर्णायक मोड़ बताया
मध्य एशिया दौरे पर रवाना हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान यात्रा के दौरान आतंकवाद और शांति पर रहेगा जोरराजनीति
29 अग॰ 2026, 12:16 pm (14 दिन पहले)· 2

मध्य एशिया दौरे पर रवाना हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान यात्रा के दौरान आतंकवाद और शांति पर रहेगा जोर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान की यात्रा पर रवाना हो गए हैं। वह बिश्केक में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन के शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे और आतंकवाद के खात्मे तथा आपसी साझेदारी को मजबूत करने पर जोर देंगे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को उज्बेकिस्तान की आधिकारिक यात्रा के लिए रवाना हो गए। अपनी इस कूटनीतिक यात्रा के पहले चरण में वह 29 से 30 अगस्त तक उज्बेकिस्तान में रहेंगे। इसके तुरंत बाद वह किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक पहुंचेंगे, जहां 30 अगस्त से एक सितंबर तक शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के 26वें शिखर सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। देश से रवाना होने से पहले जारी अपने आधिकारिक बयान में प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि वह इस प्रतिष्ठित मंच पर भारत का मजबूत दृष्टिकोण प्रस्तुत करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने आतंकवाद के अभिशाप से पूरे क्षेत्र को मुक्त कराने के लिए सभी सहयोगी देशों के साथ मिलकर काम करने की मजबूत इच्छा जताई है।

अपनी इस यात्रा के व्यापक भू-राजनीतिक और कूटनीतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए प्रधानमंत्री ने विश्वास जताया कि यह कूटनीतिक कदम मध्य एशियाई देशों के साथ भारत की रणनीतिक साझेदारी को अभूतपूर्व ऊंचाइयों पर ले जाएगा। साथ ही, इससे दोनों क्षेत्रों के बीच प्राचीन सभ्यतागत और सांस्कृतिक संबंधों को और अधिक प्रगाढ़ करने में मदद मिलेगी।

शांति, स्थिरता और सुरक्षा पर रहेगा विशेष फोकस

यात्रा के मूल उद्देश्यों को रेखांकित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह उच्च स्तरीय दौरा क्षेत्र में शांति, स्थिरता और साझा समृद्धि के प्रयासों को गति प्रदान करेगा। यही मूल मूल्य लंबे समय से वैश्विक समुदाय के साथ भारत के संबंधों के केंद्र में रहे हैं। प्रधानमंत्री ने बताया कि भारत वर्ष 2017 से शंघाई सहयोग संगठन का एक सक्रिय और अत्यंत रचनात्मक सदस्य देश रहा है। उन्होंने क्षेत्रीय सुरक्षा, बेहतर संपर्क और विकास के व्यापक अवसरों पर आधारित एजेंडे को आगे बढ़ाने की बात कही। प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि वह एक ऐसे क्षेत्र के निर्माण के लिए सदस्य देशों के साथ मिलकर काम करने के लिए उत्सुक हैं, जो आतंकवाद, अलगाववाद और उग्रवाद जैसी गंभीर चुनौतियों से पूरी तरह सुरक्षित और मुक्त हो। उन्होंने चेतावनी दी कि ये असामाजिक तत्व और चुनौतियां न केवल हमारे पड़ोसी क्षेत्रों बल्कि दुनिया के अन्य हिस्सों में भी शांति और स्थिरता के लिए लगातार एक बड़ा खतरा बनी हुई हैं।

ताशकंद में राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव से होगी अहम बैठक

उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव के आधिकारिक निमंत्रण को स्वीकार करते हुए प्रधानमंत्री मोदी 29 से 30 अगस्त तक ताशकंद में प्रवास करेंगे। पिछले कुछ वर्षों में भारत और उज्बेकिस्तान के बीच द्विपक्षीय रणनीतिक संबंधों में उल्लेखनीय और ऐतिहासिक प्रगति दर्ज की गई है। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव के साथ आपसी व्यापार, भारी निवेश, डिजिटल कनेक्टिविटी, रक्षा सहयोग और ऊर्जा क्षेत्र जैसे अहम मुद्दों पर द्विपक्षीय चर्चा करने के लिए पूरी तरह उत्सुक हैं। इस दौरान दोनों नेता 'विकसित भारत' और 'नए उज्बेकिस्तान' के साझा दृष्टिकोण को जमीनी स्तर पर आगे बढ़ाने के उपायों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श करेंगे।

ताशकंद प्रवास के दौरान प्रधानमंत्री ऐतिहासिक शास्त्री स्मारक का दौरा करेंगे और 'ताशकंद स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ ऑरियंटल स्टडी' स्थित महात्मा गांधी केंद्र भी जाएंगे। ये दोनों स्थान दोनों देशों के बीच कायम गहरे सांस्कृतिक जुड़ाव और जन-से-जन के बीच मजबूत रिश्तों के जीवंत प्रतीक माने जाते हैं।

बिश्केक में एससीओ शिखर सम्मेलन और अन्य कार्यक्रम

ताशकंद का दौरा संपन्न करने के बाद प्रधानमंत्री किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव के विशेष आमंत्रण पर बिश्केक के लिए प्रस्थान करेंगे। वहां वह शंघाई सहयोग संगठन के 26वें शिखर सम्मेलन में शिरकत करेंगे। यह इस वैश्विक संगठन की स्थापना के ऐतिहासिक 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने इस दौरान किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव तथा एससीओ के अन्य शीर्ष नेताओं से मुलाकात करने की बात कही। इसके अलावा, वह छठे 'वर्ल्ड नोमैड गेम्स' के भव्य उद्घाटन समारोह में भी बतौर सम्मानित अतिथि शामिल होंगे। यह आयोजन मध्य एशिया की समृद्ध और जीवंत सांस्कृतिक विरासत का एक अनूठा उत्सव है, जिसका भारत हमेशा से उच्च सम्मान करता रहा है।

सरकारी अधिकारियों ने जानकारी दी है कि प्रधानमंत्री शिखर सम्मेलन को पूर्ण सत्र में संबोधित करेंगे। इस दौरान वह सुरक्षा, कनेक्टिविटी और विकास के अवसरों से जुड़ी भारत की प्राथमिकताओं को प्रमुखता से रेखांकित करेंगे। इस बहुपक्षीय यात्रा के इतर प्रधानमंत्री एससीओ के अन्य सदस्य देशों के शीर्ष नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी करेंगे, जिनमें आपसी हितों के तमाम क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर गहन चर्चा होगी।

ये भी पढ़ें

सवाल-जवाब

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी इस यात्रा के दौरान किन देशों में जा रहे हैं?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उज्बेकिस्तान और किर्गिस्तान की आधिकारिक यात्रा पर गए हैं।
शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) का शिखर सम्मेलन कहां आयोजित हो रहा है?
एससीओ का 26वां शिखर सम्मेलन किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उज्बेकिस्तान में कब तक रहेंगे?
प्रधानमंत्री मोदी 29 से 30 अगस्त तक उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद में रहेंगे।
बिश्केक में आयोजित एससीओ शिखर सम्मेलन की क्या विशेषता है?
यह शिखर सम्मेलन इस महत्वपूर्ण संगठन की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है।
इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री किन प्रमुख नेताओं से मुलाकात करेंगे?
प्रधानमंत्री उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्जियोयेव और किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जापारोव से मुलाकात करेंगे।
शिखर सम्मेलन के अलावा प्रधानमंत्री किस सांस्कृतिक कार्यक्रम में शामिल होंगे?
प्रधानमंत्री किर्गिस्तान में छठे 'वर्ल्ड नोमैड गेम्स' के उद्घाटन समारोह में भी शामिल होंगे।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR