मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्षी दलों ने सड़क से लेकर संसद परिसर तक कड़ा विरोध प्रदर्शन शुरू किया है। इस विरोध मार्च और धरने के दौरान पुलिस ने राहुल गांधी और अखिलेश यादव सहित कई प्रमुख विपक्षी नेताओं को हिरासत में ले लिया। इसी राजनीतिक गहमागहमी के बीच समाजवादी पार्टी की सांसद जया बच्चन का एक नया वीडियो सामने आया है, जिसमें वह मीडिया के एक सवाल पर तीखी नाराजगी जताती दिख रही हैं।
पोस्टर पर सवाल और सपा सांसद का गुस्सा
इंटरनेट और सोशल मीडिया मंचों पर तेजी से साझा किए जा रहे इस वीडियो क्लिप पर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। दृश्य में साफ दिखाई देता है कि विपक्षी नेता एकत्रित होकर अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी और प्रदर्शन कर रहे थे। उसी दौरान एक पत्रकार ने विरोध प्रदर्शन के दौरान थामे गए नारों और तख्तियों को लेकर बातचीत करने का प्रयास किया। सवाल सुनते ही अभिनेत्री और राजनेता जया बच्चन असहज हो गईं और उन्होंने संवाद करने से साफ इनकार कर दिया।
जब संवाददाता ने सवाल दोहराया तो जया बच्चन ने आरोप लगाया कि बात को घुमाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रश्न को सीधा रखने के बजाय उसे अनावश्यक रूप से मोड़ा जा रहा है, इसलिए वह कोई टिप्पणी नहीं करेंगी। दूसरी तरफ रिपोर्टर अपनी बात पर अड़े रहे और स्पष्टीकरण मांगा कि आखिर सवाल में क्या मोड़ दिया गया है, क्योंकि वह केवल सामने दिख रहे दृश्यों पर ही पूछ रहे हैं। इस पर सांसद ने दो टूक शब्दों में कहा कि वह अब कोई स्पष्टीकरण नहीं देंगी क्योंकि सवाल को अलग संदर्भ में पेश किया गया है।
टीएमसी नेता के पोस्टर पर छिड़ा था विवाद
इस पूरे विवाद की जड़ एक पोस्टर बना, जिसे तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता डेरेक ओ ब्रायन अपने हाथों में थामे खड़े थे। उस तख्ती पर स्पष्ट शब्दों में लिखा हुआ था कि मुचुआ का दफ्तर यानी भाजपा का दफ्तर। पत्रकार उसी वक्त डेरेक ओ ब्रायन से इस नारे का आशय और राजनीतिक संदर्भ जानने की कोशिश कर रहे थे और पूछ रहे थे कि इसका वास्तविक अर्थ क्या निकाला जाए।
जैसे ही यह सवाल पूछा गया, पास खड़ीं जया बच्चन बीच में हस्तक्षेप करते हुए कहने लगीं कि मुद्दे को भटकाया न जाए। इसके बाद जब रिपोर्टर ने उनकी तरफ रुख करते हुए पूछा कि यदि ऐसा है तो वही इसका सही अर्थ बता दें, तो सपा नेता ने नाराजगी में सामने रखा माइक हाथ से परे धकेल दिया और स्पष्ट कह दिया कि वह इसका कोई उत्तर नहीं देने वाली हैं।
संबित पात्रा की टिप्पणी पर भी दिया था बयान
दिल्ली में मौजूद सपा सांसद चुनाव आयोग से जुड़े पूरे विवाद पर लगातार खुलकर बयानबाजी कर रही हैं। इससे पहले भारतीय जनता पार्टी के नेता संबित पात्रा के एक बयान को लेकर भी उनसे प्रतिक्रिया मांगी गई थी। संबित पात्रा ने टिप्पणी की थी कि भाजपा की सहायता ज्ञानेश कुमार ने नहीं बल्कि भगवान गणेश ने की है। इस धार्मिक संदर्भ वाली टिप्पणी का जवाब देते हुए जया बच्चन ने पहले ही दो टूक कहा था कि भगवान गणेश कभी भी किसी गलत या अनुचित कार्य में किसी की सहायता नहीं करते हैं।























