विजय का बड़ा राजनीतिक दांव, एआईएडीएमके छोड़कर आए नेताओं को तमिलगा वेट्री कझगम ने उपचुनाव में उताराब्रिक्स पर पी. चिदंबरम के बयान पर गरमाई सियासत, गौरव वल्लभ ने गिनाए देश को मिले 5 बड़े लाभभीलवाड़ा के किसानों के लिए मुर्गी पालन में बंपर मुनाफे का फॉर्मूला, बेहतर ग्रोथ के लिए दाने के साथ पानी भी जरूरीफिल्म द वन: फोर्स ऑफ द फॉरेस्ट में तमन्ना भाटिया का छठ लुक, विशाल मिश्रा का नया गाना रिलीजजापानी येन को लेकर नए जोखिम, मजबूत हो सकती है मुद्रासाल 2026 के अंत में शनि बदलेंगे चाल, 11 दिसंबर से 2027 तक इन 4 राशियों पर बरसेगी विशेष कृपालद्दाख में उबाल का खतरा, विंटर सेशन में आर्टिकल 371(K) पर लिखित कानून नहीं आया तो भड़केगा आंदोलनअरुण जेटली स्टेडियम में 13 सितंबर को ही होगा भारत और अफगानिस्तान का मुकाबला, DDCA ने दूर की तारीख बदलने की अटकलें11 सितंबर 2026 पंचांग: जानिए शुक्रवार की कुशाग्रहणी अमावस्या, शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समयतांबा नए रिकॉर्ड स्तर पर, सप्लाई की दिक्कतों और एआई की मांग से कीमतें आसमान पर
बीकानेर के लूणखां में पागल कुत्ते का कहर, तीन गाय और एक भेड़ की मौतराजस्थान
10 सित॰ 2026, 11:28 am (8 घंटे पहले)· 2

बीकानेर के लूणखां में पागल कुत्ते का कहर, तीन गाय और एक भेड़ की मौत

बीकानेर के छतरगढ़ क्षेत्र स्थित लूणखां गांव में एक पागल कुत्ते ने आतंक मचा दिया है। इसके काटने से तीन गायों और एक भेड़ की मौत हो गई है, जबकि डेढ़ हजार से ज्यादा पशुओं पर रेबीज का खतरा मंडरा रहा है।

बीकानेर जिले के छतरगढ़ क्षेत्र के लूणखां गांव में एक पागल कुत्ते के उत्पात से अफरातफरी मच गई है। इस आक्रामक कुत्ते के काटने की वजह से तीन गायों और एक भेड़ की जान जा चुकी है। इस घटना के सामने आने के बाद से पूरे इलाके में खौफ का माहौल बना हुआ है, क्योंकि क्षेत्र में मौजूद पंद्रह सौ से अधिक मवेशियों में रेबीज फैलने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। हालात की नजाकत को भांपते हुए स्थानीय प्रशासन और पशुपालन विभाग पूरी तरह से सतर्क हो गए हैं।

पशुओं का टीकाकरण और आइसोलेशन

बढ़ते खतरे को रोकने के लिए पशुपालन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लूणखां इलाके में पंद्रह सौ से ज्यादा पशुओं को टीका लगाने का अभियान शुरू कर दिया है। इसके अलावा, जिन मवेशियों में बीमारी के संदिग्ध लक्षण दिखाई दे रहे हैं, उन्हें अलग करके आइसोलेशन में रखा जा रहा है, जिससे संक्रमण स्वस्थ पशुओं में न फैल सके। विभाग की विशेष टीमें लगातार गांवों में कैंप लगा रही हैं और पशुपालकों को हरसंभव सावधानी बरतने के निर्देश दे रही हैं।

ये भी पढ़ें

ग्रामीणों में चिंता और स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई

पशुओं की अचानक मौत और रेबीज के मंडराते खतरे के बीच उन ग्रामीणों की चिंता काफी बढ़ गई है जिन्होंने इन संक्रमित पशुओं का दूध सेवन किया था। एहतियात के तौर पर स्वास्थ्य विभाग ने तुरंत कदम उठाते हुए करीब एक सौ सत्तर ग्रामीणों को रेबीज रोधी टीके लगवा दिए हैं। प्रशासन ने उन सभी लोगों से भी स्वास्थ्य जांच करवाने की अपील की है जो सीधे तौर पर इन पशुओं के संपर्क में आए थे या जिन्होंने दूध पिया था।

प्रशासन की अपील और निगरानी

स्थानीय प्रशासन और पशुपालन विभाग ने मिलकर ग्रामीणों के वास्ते एक विशेष एडवाइजरी जारी की है। अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी को भी इलाके में कोई संदिग्ध या पागल कुत्ता दिखाई दे, तो उसकी सूचना तुरंत दी जाए और अपने मवेशियों को सुरक्षित बाड़ों के भीतर रखा जाए। ग्रामीणों की सुरक्षा और बहुमूल्य पशुधन को बचाने के लिए स्वास्थ्य और पशुपालन विभागों की संयुक्त टीमें लगातार नजर बनाए हुए हैं।

सवाल-जवाब

लूणखां गांव में किस जानवर के आतंक से हड़कंप मचा है?
लूणखां गांव में एक पागल कुत्ते के आतंक से हड़कंप मचा हुआ है।
पागल कुत्ते के काटने से किन पशुओं की मौत हुई है?
पागल कुत्ते के काटने से तीन गायों और एक भेड़ की दर्दनाक मौत हो चुकी है।
कितने पशुओं पर रेबीज का खतरा मंडरा रहा है?
क्षेत्र के पंद्रह सौ से अधिक पशुओं पर रेबीज का खतरा मंडरा रहा है।
पशुपालन विभाग ने बचाव के लिए क्या कदम उठाए हैं?
पशुपालन विभाग ने पंद्रह सौ से अधिक पशुओं का टीकाकरण अभियान शुरू किया है और संदिग्ध पशुओं को आइसोलेशन में रखा जा रहा है।
कितने ग्रामीणों को रेबीज की वैक्सीन लगाई गई है?
एहतियात के तौर पर स्वास्थ्य विभाग ने करीब एक सौ सत्तर ग्रामीणों को रेबीज की वैक्सीन लगवाई है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR