झुंझुनूं जिले के अंतर्गत आने वाले सुलताना कस्बे में बदमाशों का दुस्साहस लगातार बढ़ता जा रहा है। हाल ही में इस इलाके के वार्ड संख्या 20 में एक बंद पड़े मकान को निशाना बनाने की गंभीर कोशिश सामने आई है। दो अज्ञात संदिग्धों ने परिसर की ऊंची चारदीवारी को पार किया और सीधे भीतर दाखिल हो गए। इसके बाद इन लोगों ने लोहे के भारी सरिए का इस्तेमाल करके तीन अलग-अलग कमरों के तालों को तोड़ने का प्रयास किया।
अचानक हुई आहट से भागे चोर
कमरों के ताले तोड़ने की कोशिश चल ही रही थी कि उसी दौरान बाहर की तरफ किसी अनजानी आहट का आभास हुआ। किसी के आ जाने की भनक लगते ही दोनों संदिग्ध डर गए और पकड़े जाने के अंदेशे से बिना कोई कीमती सामान हाथ लगे वहां से भाग निकले। गनीमत यह रही कि यह पूरी घटना परिसर में पहले से स्थापित सीसीटीवी कैमरे में पूरी तरह कैद हो गई, जिसके फुटेज अब जांच का मुख्य आधार बन रहे हैं।
परिवार के बाहर रहने पर हुई वारदात
जिस वक्त यह पूरी घटना घटी, उस समय घर के मालिक लक्ष्मण सिंह और उनका पूरा परिवार किसी निजी कार्य से बाहर रिश्तेदारी में गया हुआ था। जब परिवार के लोग लौटकर वापस आए, तब उन्हें कमरों के ताले टूटे मिले जिसके बाद पूरे घटनाक्रम की जानकारी हुई। पीड़ित मकान मालिक ने इस मामले को लेकर तुरंत पुलिस को एक लिखित शिकायत सौंपी है।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर खड़े हुए सवाल
शिकायत दर्ज होने के बावजूद स्थानीय पुलिस प्रशासन की तरफ से कोई भी अधिकारी समय पर घटनास्थल की जांच करने नहीं पहुंचा। इस बात को लेकर स्थानीय लोगों और पीड़ित परिवार में भारी नाराजगी है। पुलिस के इस ढुलमुल रवैये से प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर बड़े सवालिया निशान लग रहे हैं। फिलहाल पुलिस अधिकारियों द्वारा सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से दोनों बदमाशों की शिनाख्त करने की कोशिशें लगातार की जा रही हैं।
उन्नीस दिनों के भीतर हुई दूसरी बड़ी घटना
सुलताना कस्बे और इसके आसपास के इलाकों में लगातार हो रही आपराधिक वारदातों के कारण नागरिकों में भय का माहौल बना हुआ है। पिछले 19 दिनों के अंतराल में कस्बे के भीतर चोरी का यह दूसरा बड़ा प्रयास सामने आया है। सबसे बड़ा चिंता का विषय यह है कि पुलिस इनमें से एक भी मामले का खुलासा करने में अब तक कामयाब नहीं हो पाई है।
पूर्व में फौजी के घर हुई थी लाखों की चोरी
इससे पहले ठीक 2 अक्टूबर को वार्ड संख्या 12 में रहने वाले सुरेंद्र सिंह फौजी के मकान को चोरों ने अपना निशाना बनाया था। उस बड़ी घटना में अज्ञात चोर करीब 20 लाख रुपये कीमत के सोने और चांदी के आभूषणों के साथ अन्य कीमती सामान उड़ा ले गए थे। इस पुरानी वारदात में भी पुलिस के हाथ अभी तक खाली हैं और कोई सुराग नहीं मिल सका है। इसके अलावा अगस्त महीने में श्याम गेस्ट हाउस के नजदीक रहने वाले बालूराम सोढा के घर का ताला तोड़कर चोरों ने घरेलू सामान और चांदी की पायजेब चुराई थी।
रात की गश्त व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
एक के बाद एक सामने आ रही इन आपराधिक घटनाओं से ग्रामीणों का गुस्सा अब सातवें आसमान पर पहुंच गया है। स्थानीय निवासियों का सीधा आरोप है कि इलाके में पुलिस की रात्रि गश्त व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। गश्त न होने के कारण ही बदमाश बेखौफ होकर सूने मकानों में सेंध लगा रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार किया जाए और कस्बे में पुलिस सुरक्षा बढ़ाई जाए।



















