अमेरिकी टेनिस इतिहास की सबसे सफल जोड़ियों में शुमार सेरेना विलियम्स और वीनस विलियम्स ने एक बार फिर अपने खेल से दर्शकों का दिल जीत लिया, हालांकि उन्हें यूएस ओपन के पहले दौर के महिला युगल मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। आर्थर एश स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में दोनों दिग्गज खिलाड़ियों ने अपनी अद्भुत वापसी और लड़ने के जज्बे से यह साबित कर दिया कि उम्र सिर्फ एक संख्या है। हालांकि उनकी इस हार के बाद अब खेल प्रेमियों के मन में यह सवाल उठ रहा है कि क्या यह इस महान जोड़ी का आखिरी मुकाबला था या वे कोर्ट पर फिर कभी वापसी करेंगी।
कड़े मुकाबले में मिली हार
टूर्नामेंट में 14वीं सीड की जोड़ी हाओ-चिंग चान और माया ज्वाइंट के खिलाफ हुए इस कड़े मुकाबले में सेरेना विलियम्स और वीनस विलियम्स को 6-3, 6-7 (6-8), 7-6 (10-7) से हार झेलनी पड़ी। मुकाबले की शुरुआत में अमेरिकी दिग्गजों को लय हासिल करने में थोड़ी परेशानी हुई और उन्होंने पहला सेट गंवा दिया। लेकिन इसके बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए दूसरा सेट अपने नाम किया और मैच को टाई-ब्रेक तक खींच कर ले गईं। खेल के दौरान दोनों खिलाड़ियों ने अपने चिर-परिचित अंदाज में बेहतरीन ग्राउंडस्ट्रोक और मजबूत डिफेंस का प्रदर्शन किया, जिससे उनके युवा प्रतिद्वंद्वियों को भी काफी संघर्ष करना पड़ा।
स्टेडियम में गूंजा दर्शकों का उत्साह
न्यूयॉर्क के आर्थर एश स्टेडियम में मौजूद करीब 20,000 दर्शकों ने इस ऐतिहासिक मैच के दौरान जमकर उत्साहवर्धन किया। मैच के हर एक अहम प्वॉइंट पर दर्शकों की प्रतिक्रिया देखने लायक थी और पूरा स्टेडियम खेल की इन दो महान हस्तियों के समर्थन में गूंज रहा था। पूर्व अमेरिकी खिलाड़ी और कमेंटेटर चंदा रुबिन ने मुकाबले की तारीफ करते हुए कहा कि पहले सेट के बाद यह अंदाजा लगाना मुश्किल था कि सेरेना विलियम्स और वीनस विलियम्स अपनी लय वापस पा सकेंगी या नहीं, लेकिन उन्होंने शानदार वापसी करके सबको चौंका दिया। वहीं माया ज्वाइंट ने भी मैच के बाद के माहौल को अविश्वसनीय बताते हुए दिग्गजों के खिलाफ खेलने को एक विशेष अनुभव करार दिया।
भविष्य के प्लान पर असमंजस
मैच के बाद दोनों बहनों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी और यूएस ओपन के आयोजकों ने स्पष्ट किया कि वे पत्रकारों से बातचीत के लिए उपलब्ध नहीं थीं। कुछ दिन पहले ही सेरेना विलियम्स ने एक इंटरव्यू में दोबारा एकल मुकाबले खेलने की इच्छा जताई थी, जबकि वीनस विलियम्स ने सोमवार को अपने एकल मुकाबले में हार के बाद कहा था कि उन्हें अपने भविष्य को लेकर अनावश्यक रूप से ज्यादा सोचने की जरूरत नहीं है। इसके बावजूद प्रशंसकों और खेल विश्लेषकों के बीच यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि क्या यह महान जोड़ी अब टेनिस कोर्ट पर एक साथ कभी नजर आएगी या नहीं।
टेनिस जगत पर अमिट प्रभाव
1990 के दशक में जब ये दोनों बहनें टेनिस जगत में उतरी थीं, तब से लेकर आज तक उन्होंने इस खेल की पूरी तस्वीर ही बदल कर रख दी है। अपने शानदार करियर के दौरान उन्होंने कुल मिलाकर 30 ग्रैंड स्लैम एकल खिताब और 14 युगल खिताब अपने नाम किए हैं। सेरेना विलियम्स के नाम रिकॉर्ड 23 ग्रैंड स्लैम एकल खिताब हैं, जबकि वीनस विलियम्स सात बार की मेजर विजेता रह चुकी हैं। इस साल गर्मियों में सेरेना के कोर्ट पर लौटने की संभावनाओं ने एक बार फिर खेलप्रेमियों के दिलों में पुरानी यादें ताजा कर दीं और नई पीढ़ी के दर्शकों को भी उनके खेल को करीब से देखने का मौका मिला।



















