ब्रिटेन के सबसे सफल पुरुष युगल टेनिस खिलाड़ियों में गिने जाने वाले जो सैलिसबरी ने अपने पेशेवर करियर को अलविदा कह दिया है। अपने इस महत्वपूर्ण फैसले की घोषणा करते हुए उन्होंने सोशल मीडिया मंच इंस्टाग्राम पर एक विस्तृत संदेश साझा किया जिसमें उन्होंने अपने अब तक के सफर को लेकर संतोष जताया। अपने खेल करियर के दौरान उन्होंने कुल छह ग्रैंड स्लैम खिताब अपने नाम किए, जिनमें ऑस्ट्रेलियन ओपन और यूएस ओपन के प्रतिष्ठित युगल मुकाबले शामिल हैं। खेल की दुनिया में उनके इस अचानक आए फैसले से उनके प्रशंसकों और खेल प्रेमियों के बीच चर्चा का माहौल बन गया है, जो उनके शानदार योगदान को याद कर रहे हैं।
ऐतिहासिक सफलताएं और रिकॉर्ड
जो सैलिसबरी के करियर का सबसे यादगार अध्याय वह रहा जब उन्होंने साल 2023 में इतिहास रच दिया था। उस वर्ष उन्होंने और उनके जोड़ीदार राजीव राम ने लगातार तीन यूएस ओपन पुरुष युगल खिताब जीतने वाली पहली जोड़ी बनने का गौरव हासिल किया था। इसके अलावा इस अनुभवी खिलाड़ी ने साल 2020 का ऑस्ट्रेलियन ओपन भी राजीव राम के साथ मिलकर जीता था। पुरुष युगल के अलावा उन्होंने डेसिराए क्रावचिक के साथ जोड़ी बनाकर दो मिश्रित युगल खिताब भी अपने नाम किए, जिससे उनके कुल ग्रैंड स्लैम खिताबों की संख्या छह तक पहुंच गई।
करियर के प्रमुख पड़ाव और समापन
अपने पूरे करियर के दौरान जो सैलिसबरी ने कुल 17 टूर-स्तरीय खिताब जीते। उनके इस शानदार सफर में साल 2022 और 2023 के सीजन के अंत में होने वाले प्रतिष्ठित ATP फाइनल्स के खिताब भी शामिल हैं। ओपन एरा के दौरान ब्रिटेन के सबसे सफल पुरुष युगल खिलाड़ी के रूप में उनकी यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों के लिए एक मिसाल बनी रहेगी। कोर्ट पर उनके रणनीतिक कौशल और बेहतरीन तालमेल ने उन्हें वैश्विक स्तर पर एक अलग पहचान दिलाई थी।
भविष्य को लेकर विचार और फैसले पर संतुष्टि
चौंतीस वर्ष की आयु पूरी कर चुके जो सैलिसबरी ने साझा किया कि वह काफी समय से अपने भविष्य को लेकर सोच-विचार कर रहे थे और अब वह अपने इस निर्णय से बेहद खुश हैं। अपने इंस्टाग्राम संदेश में उन्होंने लिखा कि टेनिस लंबे समय तक उनकी जिंदगी का अहम हिस्सा रहा है और उन्हें मिले तमाम अवसरों व सफलताओं के लिए वह खुद को बेहद भाग्यशाली मानते हैं। उन्होंने अपनी भावनाओं को व्यक्त करते हुए कहा कि दुनिया भर की यात्रा करना और टेनिस खेलने को अपना पेशा बनाना एक सपने के सच होने जैसा था। उन्होंने स्वीकार किया कि उन्हें कभी इस बात पर विश्वास नहीं हुआ था कि वह ऐसा जीवन जी पाएंगे और इतनी बड़ी सफलता हासिल कर सकेंगे।
निर्णय के पीछे की वजह और कोई मलाल नहीं
लंबे समय तक पेशेवर सर्किट का हिस्सा रहने के बाद खिलाड़ी ने यह भी खुलासा किया कि हालांकि उन्हें नहीं लगता था कि इसका उनके खेल पर कोई बहुत बुरा असर पड़ा, लेकिन इससे उनके मन में एक अजीब सी आशंका और भय की भावना पैदा होने लगी थी। इस प्रकार की मानसिक स्थिति के कारण टूर पर लगातार यात्रा करने और रहने का जीवन पहले जितना आनंददायक नहीं रह गया था। इसके बावजूद उन्होंने अपने करियर को पूरी ईमानदारी से जिया और वह बिना किसी मलाल के पीछे मुड़कर गर्व महसूस कर सकते हैं। उन्होंने अपने खेल को अपना सब कुछ दिया और अब वह बिना किसी पछतावे के अपने जीवन के इस नए अध्याय की शुरुआत कर रहे हैं।



















