त्रिपुरा राज्य विद्युत निगम लिमिटेड ने राज्य भर में आगामी दुर्गा पूजा के पावन अवसर पर निर्बाध बिजली आपूर्ति बनाए रखने के लिए अपनी प्रशासनिक और तकनीकी तैयारियों को तेज कर दिया है। त्योहार के दिनों में बिजली की मांग में होने वाले भारी इजाफे को देखते हुए समूचे वितरण ढांचे की मजबूती पर ध्यान दिया जा रहा है। निगम का मुख्य लक्ष्य उत्सव के पूरे समय उपभोक्ताओं, प्रमुख प्रतिष्ठानों और पूजा पंडालों को बिना किसी तकनीकी व्यवधान के निरंतर ऊर्जा आपूर्ति उपलब्ध कराना है।
विद्युत मंत्री ने की तैयारियों की समीक्षा
विद्युत मंत्री रतन लाल नाथ ने शुक्रवार को विद्युत निगम कार्यालय में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस महत्वपूर्ण बैठक में विद्युत निगम के प्रबंध निदेशक बिस्वजीत बसु सहित विभाग के कई वरिष्ठ तकनीकी अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान निगम की कार्यप्रणाली, आपातकालीन उपायों और किसी भी संभावित ब्रेकडाउन से निपटने के लिए तैयार किए गए आकस्मिक प्लान का विस्तृत जायजा लिया गया। मंत्री ने स्पष्ट किया कि त्योहार के उत्साह में बिजली कटौती से किसी भी तरह का खलल नहीं पड़ना चाहिए।
24 घंटे निगरानी और त्वरित शिकायत निवारण
समीक्षा बैठक के दौरान रतन लाल नाथ ने निगम के अधिकारियों को चौबीसों घंटे कड़ी निगरानी बनाए रखने के सख्त निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि तकनीकी खामियों और स्थानीय स्तर पर आने वाली रुकावटों को न्यूनतम करने के लिए अग्रिम एहतियाती कदम उठाए जाने चाहिए। खासतौर पर उन इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है जहां दुर्गा पूजा के बड़े आयोजन होते हैं और भारी संख्या में श्रद्धालु एकत्र होते हैं। इसके साथ ही, उपभोक्ता शिकायतों और आकस्मिक बिजली संबंधी फॉल्ट को फौरन ठीक करने के लिए त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र को मजबूत किया जा रहा है।
पर्याप्त कार्यबल और समन्वय पर जोर
त्योहार के दौरान जमीनी स्तर पर तकनीकी अमले और उपकरणों की कमी न हो, इसे सुनिश्चित करने के लिए विशेष निर्देश दिए गए हैं। रतन लाल नाथ ने कहा, "त्रिपुरा में दुर्गा पूजा समारोहों में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की उम्मीद है, और हमें पूरे उत्सव के दौरान पर्याप्त कार्यबल, उपकरण और फील्ड-स्तरीय तत्परता सुनिश्चित करनी होगी।" उन्होंने नियंत्रण कक्षों और मैदानी टीमों के बीच करीबी तालमेल बैठाने पर जोर दिया ताकि उभरती समस्याओं की तुरंत पहचान कर उनका शीघ्र समाधान किया जा सके।
सार्वजनिक स्थलों और बाजारों के लिए सुचारू व्यवस्था
पूजा पंडालों, व्यस्त बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और महत्वपूर्ण सरकारी व सार्वजनिक प्रतिष्ठानों के सुचारू संचालन के लिए भरोसेमंद बिजली आपूर्ति को अनिवार्य बताया गया है। मंत्री ने विद्युत निगम के सभी कर्मचारियों से उपभोक्ताओं की सुविधा के प्रति संवेदनशील रहने और सामूहिक रूप से जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया। व्यवस्थित योजना, निरंतर निगरानी और मजबूत समन्वय के दम पर निगम त्योहार के दौरान संभावित अतिरिक्त लोड को आसानी से संभाल सकेगा।



















