घातक विष से कैसे तैयार हुई उच्च रक्तचाप की पहली अचूक दवा, ब्राजील के जंगलों से लैब तक का सफरबीकानेर के डूंगर कॉलेज में अनोखा मेल, परिसर में एक साथ पढ़ाते हैं आठ शादीशुदा जोड़ेहंगरी के बाद सर्बिया में सत्ता परिवर्तन, छात्र आंदोलन और चुनावी निगरानी ने बदल दिया राजनीतिक परिदृश्यबाराबंकी के दौलतपुर में ऐश्वर्या राय कॉलेज का सपना अधूरा, खाली मैदान पर अब झाड़-फूंकमिथुन साप्ताहिक राशिफल: करियर में अनुशासन और संवाद से संवरेंगे काम, बजट और रिश्तों पर दें विशेष ध्यानबैंकिंग की नौकरी छोड़ रांची की श्वेता झा ने कलमकारी से खड़ा किया अंतरराष्ट्रीय ब्रांड, 120 महिलाओं को बनाया आत्मनिर्भरगमले या क्यारी में मीठी गाजर उगाने की पूरी गाइड, जानें बुवाई से कटाई तक का सही तरीकाप्रयागराज में घर के नीचे छिपे ड्रमों से मिले सवा तीन करोड़, मंदसौर में नींव खोदते ही निकले ऐतिहासिक सिक्केडिग्रियों से आगे बढ़कर करियर संवारेंगी ये 5 बुनियादी जीवन क्षमताएं, शिक्षक प्रशांत किराड ने साझा किए अहम सूत्रकड़ाके की ठंड में मछली पालन: पानी की गुणवत्ता और ऑक्सीजन घटने से बढ़ता है खतरा, आसींद के किसान ने बताए सुरक्षा उपाय
प्रयागराज में घर के नीचे छिपे ड्रमों से मिले सवा तीन करोड़, मंदसौर में नींव खोदते ही निकले ऐतिहासिक सिक्केउत्तर प्रदेश
1 नव॰ 2026, 7:23 am (1 मिनट पहले)· 0

प्रयागराज में घर के नीचे छिपे ड्रमों से मिले सवा तीन करोड़, मंदसौर में नींव खोदते ही निकले ऐतिहासिक सिक्के

प्रयागराज के बरईपुर रामनगर में तीन ड्रमों में छुपाकर रखे गए तीन करोड़ बीस लाख से अधिक रुपये बरामद हुए हैं, जबकि मध्य प्रदेश के मंदसौर में पुरानी नींव की खुदाई के दौरान चांदी के सैकड़ों सिक्के मिलने पर पुलिस ने केस दर्ज किया है।

उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में जमीन के भीतर छिपाकर रखे गए भारी कैश के खुलासे के बाद हड़कंप मच गया है। गंगानगर जोन के नवाबगंज थाना अंतर्गत बरईपुर रामनगर गांव में स्थित एक रिहायशी मकान के नीचे तीन बड़े नीले ड्रम दबाकर रखे गए थे। जब इन ड्रमों को बाहर निकालकर तलाशी ली गई, तो इनके भीतर भारी मात्रा में नोटों की गड्डियां भरी मिलीं। 28 अक्टूबर को सामने आई इस बरामदगी के बाद आयकर विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर नोटों की गिनती का काम संभाला। अधिकारियों द्वारा मशीनों की मदद से पूरी की गई गिनती में कुल 3 करोड़ 20 लाख 93 हजार रुपये का बेहिसाब कैश दर्ज किया गया है।

प्रयागराज के मकान में कमरों और आंगन की खुदाई जारी

गिनती का काम पूरा होने के बावजूद जांच दल की कार्रवाई मौके पर रुकी नहीं है। आयकर विभाग को अंदेशा है कि परिसर में और भी स्थानों पर नकदी या कीमती सामान दबाकर रखा गया हो सकता है। इसी वजह से जांच एजेंसी ने मजदूरों को बुलाकर घर के कमरों के फर्श और आंगन के हिस्सों में अतिरिक्त खुदाई शुरू करवा दी है। मौके पर सुरक्षा और पारदर्शिता बनाए रखने के उद्देश्य से घर के भीतरी तथा बाहरी हिस्सों में विशेष सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनके जरिए हर एक गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।

ये भी पढ़ें

राजेश और राकेश यादव से पूछताछ, रकम के स्रोत की तलाश

जांच अधिकारी उस मकान में रहने वाले राजेश यादव और राकेश यादव को हिरासत में लेकर लगातार सवाल-जवाब कर रहे हैं। जांच का मुख्य केंद्र यह पता लगाना है कि सवा तीन करोड़ रुपये से अधिक की यह विशाल धनराशि कहां से लाई गई थी और इसे सामान्य बैंकिंग माध्यमों में रखने के बजाय जमीन के नीचे ड्रम में गाड़कर क्यों छिपाया गया था। लगातार चल रही खुदाई और दोनों भाइयों से चल रही पूछताछ के आधार पर अधिकारियों को इस वित्तीय नेटवर्क से जुड़े अन्य बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।

मंदसौर में मकान की नींव खोदते वक्त मिला चांदी के सिक्कों का खजाना

जमीन से कीमती सामान निकलने की ऐसी ही एक अन्य घटना मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले से भी सामने आई है। भानपुरा थाना क्षेत्र के बरखेड़ी गांव में एक ग्रामीण के घर के नए निर्माण के लिए नींव खोदी जा रही थी। इस खुदाई के दौरान ब्रिटिश काल के 100 वर्ष से भी ज्यादा पुराने 700 से अधिक चांदी के सिक्के अचानक निकल आए। इन ऐतिहासिक सिक्कों पर लगभग वर्ष 1904 के समय के निशान अंकित पाए गए हैं। खजाना हाथ लगते ही शुरुआत में किसी को खबर नहीं दी गई, बल्कि संबंधित लोगों ने इसे आपस में बांटकर मामले पर पर्दा डालने का प्रयास किया।

बंटवारे के विवाद के बाद पुलिस की कार्रवाई

सिक्कों के गुप्त बंटवारे के बाद जब भागीदारों के बीच उनकी संख्या को लेकर आपसी कलह शुरू हुई, तो इस गुप्त खजाने की भनक स्थानीय ग्राम चौकीदार को लग गई। चौकीदार की सूचना पर भानपुरा थाने की पुलिस ने त्वरित छानबीन शुरू कर दी। जांच के उपरांत पुलिस ने मकान मालिक प्रेमसिंह भाटी (पिता देवीसिंह भाटी), निर्माण कार्य में लगे मजदूर जीतमल बैरागी तथा दो नाबालिग लड़कों के खिलाफ कानूनी मामला दर्ज कर लिया।

पुलिस टीम ने कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए आरोपियों के पास से अब तक 144 चांदी के सिक्के और 2 लाख 38 हजार रुपये की नकदी जब्त कर ली है। पुलिस के आकलन के अनुसार, चांदी की उच्च शुद्धता को देखते हुए प्रत्येक पुराने सिक्के का वर्तमान बाजार मूल्य करीब 4 हजार रुपये बैठता है। पुलिस प्रशासन अब यह पता लगाने में जुटा है कि कुल मिले सिक्कों में से शेष सिक्के किन लोगों के पास छिपाकर रखे गए हैं, साथ ही पुरातत्व विशेषज्ञों की सहायता से इन सिक्कों के वास्तविक ऐतिहासिक और मौद्रिक महत्व का भी मूल्यांकन किया जा रहा है।

सवाल-जवाब

प्रयागराज में जमीन के नीचे से कुल कितनी नकदी बरामद की गई?
प्रयागराज के मकान में तीन नीले ड्रमों से गिनती पूरी होने के बाद कुल 3 करोड़ 20 लाख 93 हजार रुपये बरामद किए गए।
प्रयागराज मामले में आयकर विभाग किन लोगों से पूछताछ कर रहा है?
आयकर विभाग की टीम मकान में रहने वाले राजेश यादव और राकेश यादव से पूछताछ कर रही है।
मंदसौर में खुदाई के दौरान किस तरह के सिक्के मिले थे?
मंदसौर के बरखेड़ी गांव में अंग्रेजी शासनकाल के 100 साल से अधिक पुराने और लगभग 1904 के निशान वाले 700 से ज्यादा चांदी के सिक्के मिले थे।
मंदसौर में पुलिस ने अब तक क्या बरामदगी की है?
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 144 चांदी के सिक्के और 2 लाख 38 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं।
मंदसौर मामले में पुलिस ने किन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है?
पुलिस ने मकान मालिक प्रेमसिंह भाटी, मजदूर जीतमल बैरागी और दो नाबालिगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp