अमेरिका में पंजाब से जुड़े भगवानपुरिया गिरोह के 26 वर्षीय सदस्य नीतीश कौशल उर्फ लाला को गिरफ्तार कर लिया गया है। खास बात यह है कि गिरफ्तारी से महज एक दिन पहले ही अमेरिकी संघीय जांच ब्यूरो यानी एफबीआई ने उसे अपनी मोस्ट वांटेड क्रिमिनल्स की सूची में शामिल किया था।
गुरुवार को वांटेड लिस्ट में आया नाम, अगले दिन गिरफ्तारी
नीतीश कौशल का नाम गुरुवार को एफबीआई की वांटेड लिस्ट में डाला गया था। एफबीआई ने उस पर एक अंतरराष्ट्रीय आपराधिक संगठन का हिस्सा होने और अपहरण तथा मारपीट जैसी हिंसक घटनाओं को अंजाम देने का आरोप लगाया था। वांटेड नोटिस के मुताबिक, नीतीश कौशल भारतीय नागरिक है और उसका जन्म 15 जून, 2020 को हुआ था। उस पर भगवानपुरिया संगठित अपराध समूह की ओर से अपहरण और मारपीट सहित कई हिंसक वारदातों को अंजाम देने का आरोप है।
वरमोंट में सुबह-सुबह हुई गिरफ्तारी
एफबीआई ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर नीतीश कौशल की गिरफ्तारी की जानकारी साझा की। एफबीआई की ओर से बताया गया कि नीतीश कौशल को अमेरिका के वरमोंट राज्य में गिरफ्तार किया गया है। साथ ही आम लोगों से अपील की गई कि आपराधिक गिरोहों की जांच से जुड़े अपराधों में वांछित अन्य भगोड़ों का पता लगाने में एफबीआई की मदद करें। एफबीआई अल्बानी ने एक्स पर लिखा कि उत्तरी सीमा की सुरक्षा सुनिश्चित करने में जुटे उनके साथी यूएसबीपी चीफ एसडब्ल्यूबी की बदौलत यह खतरनाक भगोड़ा, जो एफबीआई लॉस एंजिलिस से जुड़ा मामला था, उस दिन सुबह-सुबह वरमोंट में पकड़ा गया।
हत्या से तस्करी तक, नीतीश कौशल पर कई गंभीर आरोप
नीतीश कौशल के खिलाफ अमेरिका में हत्या से लेकर तस्करी तक के कई आरोप दर्ज हैं। यही वजह है कि एफबीआई ने हत्या, अपहरण और मादक पदार्थों की तस्करी में कथित रूप से शामिल इस गैंगस्टर को सर्वाधिक वांछित अपराधियों की सूची में डाला था। यह कार्रवाई भगवानपुरिया गिरोह पर शिकंजा कसने के प्रयासों का ही हिस्सा है। एफबीआई के मुताबिक, नीतीश कौशल ने भगवानपुरिया संगठित अपराध गिरोह की ओर से हिंसा की कई घटनाओं को अंजाम दिया, जिनमें अपहरण और हमले जैसे अपराध शामिल हैं। एफबीआई के बयान में यह भी कहा गया कि नीतीश कौशल एक अंतरराष्ट्रीय आपराधिक संगठन में कथित संलिप्तता के लिए वांटेड था। यह संगठन हत्या, अपहरण, मादक पदार्थों की तस्करी, जबरन वसूली, हथियारों की तस्करी, धनशोधन और मानव तस्करी जैसे कई अपराधों में शामिल बताया जाता है। एफबीआई को आशंका थी कि नीतीश कौशल फरार हो सकता है, इसी वजह से उसे मोस्ट वांटेड घोषित कर पकड़ने की कार्रवाई तेज कर दी गई थी।
पंजाब से शुरू हुआ भगवानपुरिया गिरोह, कैलिफोर्निया तक फैला नेटवर्क
एफबीआई के मुताबिक, नीतीश कौशल जग्गू भगवानपुरिया ऑर्गेनाइज्ड क्राइम ग्रुप का हिस्सा है। इस संगठित अपराध गिरोह की शुरुआत भारत के पंजाब राज्य में हुई थी और अब यह अमेरिका के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट ऑफ कैलिफोर्निया और अन्य स्थानों पर भी सक्रिय है। लॉस एंजिलिस स्थित सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट ऑफ कैलिफोर्निया की अमेरिकी जिला अदालत ने नीतीश कौशल पर संगठित अपराध और भ्रष्ट गतिविधियों से जुड़े संगठनों के खिलाफ बने कानून यानी आरआईसीओ एक्ट के तहत आपराधिक साजिश का आरोप लगाया था। इसी आधार पर 25 जून को उसके खिलाफ संघीय गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। अब गिरफ्तारी के साथ ही अमेरिका में इस मामले की आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू होने की उम्मीद है।





















