बिहार के जहानाबाद जिले में स्थित बराबर थाना क्षेत्र के अकबरपुर गांव से एक स्तब्ध कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक ही बस्ती के दो अलग-अलग घरों में संदिग्ध हालात में दो लोगों ने फंदे से लटककर अपनी जान गंवा दी। मृतकों में एक 23 साल का शादीशुदा युवक और दो बच्चों का पालन-पोषण कर रही एक महिला शामिल हैं। दोनों मौतों की खबर पूरे इलाके में आग की तरह फैल गई, जिसके बाद परिजनों ने आनन-फानन में अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी थीं। हालांकि, जैसे ही दोनों शवों को दाह संस्कार के लिए श्मशान घाट ले जाया जा रहा था, ठीक उसी वक्त बराबर थाने की पुलिस टीम मौके पर आ धमकी और दोनों पार्थिव शरीरों को अपने संरक्षण में ले लिया।
युवक के फंदे पर लटकने की पूरी कहानी
जांच में युवक की शिनाख्त 23 वर्षीय ऑटो चालक दुखन चौधरी के रूप में की गई है। पारिवारिक पृष्ठभूमि पर नजर डालें तो दुखन का विवाह महज कुछ महीने पहले ही संपन्न हुआ था और घर में उसकी एक दुधमुंही बच्ची भी है। रोजमर्रा की दिनचर्या के तहत वह सोमवार की शाम अपनी तिपहिया गाड़ी चलाकर सुरक्षित घर वापस लौटा था। परिवार के सदस्यों के साथ उसने सामान्य रूप से रात का भोजन किया और फिर अपने कमरे में सोने चला गया।
अगली सुबह जब काफी वक्त बीत जाने के बाद भी कमरे का दरवाजा भीतर से नहीं खुला, तब घर के लोगों को किसी अनहोनी का गहरा अंदेशा हुआ। खिड़की या दरवाजे से झांककर जब देखा गया तो दुखन का शरीर फंदे से लटक रहा था। घर वालों का कहना है कि रात तक वह पूरी तरह शांत दिख रहा था और उसके चेहरे पर किसी तरह का कोई तनाव या परेशानी नजर नहीं आ रही थी, जिससे वे इस अप्रत्याशित कदम की वजह समझ नहीं पा रहे हैं।
दुखन के निधन की बात फैलते ही महिला ने उठाया घातक कदम
दुखन की असमय मौत का समाचार जैसे ही अकबरपुर की गलियों में पहुंचा, उसी बस्ती में रहने वाली रितु कुमारी नाम की महिला ने भी अपने कमरे में पंखे के हुक के सहारे फांसी लगा ली। रितु दो मासूम बच्चों की मां थी। उसके पारिवारिक संदर्भ की बात करें तो उसका पति निजी कंपनी में नौकरी के सिलसिले में सुदूर हिमाचल प्रदेश में रहता है, जबकि रितु अपने दोनों छोटे बच्चों की देखरेख करते हुए गांव में ही समय बिता रही थी।
सुबह जब रितु के आवास का मुख्य द्वार भी देर तक बंद रहा, तब परिजनों ने छत के रास्ते से घर के भीतर दाखिल होकर देखा। वहां का मंजर देखकर सब दंग रह गए, क्योंकि रितु का शरीर भी फंदे पर झूलता मिला। एक ही गांव के भीतर कुछ ही घंटों के अंतराल पर दो जिंदगियों का इस तरह अचानक समाप्त हो जाना हर किसी के लिए भारी पहेली बन गया।
श्मशान जाते शवों को पुलिस ने रोका, कॉल डिटेल की हो रही पड़ताल
दोनों घरों में चीख-पुकार मचने के बाद परिजन शवों को श्मशान घाट ले जाने की जल्दी में थे। इसी बीच सूचना पाकर बराबर थाना पुलिस ने श्मशान मार्ग पर पहुंचकर दोनों शवों को रोक लिया और विधिवत पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम प्रक्रिया के लिए जहानाबाद के सदर अस्पताल भेज दिया।
हालांकि दोनों परिवारों के सदस्य किसी भी घरेलू झगड़े, विवाद अथवा तनाव की बात को सिरे से खारिज कर रहे हैं, किंतु गांव के निवासी इन मौतों को गुप्त प्रेम संबंध के नजरिए से जोड़कर देख रहे हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की तह तक पहुंचने के लिए दोनों मृतकों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल रिकॉर्ड की गहन छानबीन की जा रही है। जांचकर्ताओं का स्पष्ट कहना है कि अस्पताल से आने वाली पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोन कॉल की पड़ताल के बाद ही इस दोहरे खुदकुशी कांड के पीछे छिपी असली सच्चाई बेनकाब हो सकेगी।





















