आगामी पारिवारिक ड्रामा 'नई नवेली' के नए संगीत ट्रैक 'द वर्ल्ड ऑफ मोहिनी' के पर्दे पर आते ही दर्शकों के बीच उत्सुकता काफी बढ़ गई है। इससे पूर्व इस परियोजना से जुड़े दो गीत 'भाभी तबाही' तथा 'फटा पटाखा' पेश किए जा चुके थे, और अब यह तीसरा ट्रैक कहानी के एक सर्वथा अनूठे पहलू से पर्दा उठाता है। इस विशेष प्रस्तुति में मुख्य नायिका यामी गौतम एक ऐसे जादुई और मोहक रूप में दिखाई दे रही हैं, जो उनके अब तक के फिल्मी सफर में कभी देखने को नहीं मिला। पर्दे पर उनकी मौजूदगी दर्शकों को अचंभित करने के साथ ही कहानी के प्रति जिज्ञासा भी जगाती है।
अवस्थी खानदान की कहानी और कल्पना का संसार
यह सिनेमाई रचना असल में एक काल्पनिक ताने-बाने पर टिकी पारिवारिक मनोरंजन फिल्म है, जिसकी कमान निर्देशक बालाजी मोहन के हाथों में है। कथा का केंद्र अवस्थी परिवार है, जिसका दैनिक जीवन शुरुआत में बिल्कुल सामान्य और सहज नजर आता है। मगर जैसे-जैसे घटनाएं आगे खिसकती हैं, इस सीधे-सादे घर में अप्रत्याशित और विचित्र सिलसिले शुरू हो जाते हैं। नए ट्रैक के दृश्यों में इस घरेलू परिवेश के भीतर घटती हैरतअंगेज घटनाओं की झलक मिलती है, हालांकि निर्माताओं ने मुख्य रहस्यों को पूरी तरह छिपाकर रखा है ताकि सिनेमाघरों में दर्शकों का रोमांच बना रहे।
अभिनय दल में शामिल नाम
फिल्म में यामी गौतम केंद्रीय भूमिका निभा रही हैं, जबकि उनके इर्द-गिर्द कई मंझे हुए कलाकारों की मौजूदगी देखने को मिलेगी। इस परियोजना में आदिनाथ एम. कोठारे, अनुराग ठाकुर, सुनीता राजवर और मीता वशिष्ठ महत्वपूर्ण चरित्रों में नजर आएंगे। इनके अतिरिक्त आदित्य कुलश्रेष्ठ, सुष्मिता मुखर्जी, प्रतीक पचोरी, अक्षत सिंह, बबीता पांडे, अजय पाल तथा नीरज सिंह भी कहानी के विभिन्न घटनाक्रमों को मजबूती प्रदान करते हुए दिखाई देंगे। इतने सारे सशक्त कलाकारों का संगम इस घरेलू कहानी को पर्दे पर जीवंत बनाता है।
जी. वी. प्रकाश कुमार की संगीत रचना और कोरस
इस पूरे गीत को संगीतकार जी. वी. प्रकाश कुमार ने तैयार और निर्मित किया है। उन्होंने पारंपरिक लोक धुनों के साथ फैंटेसी और रहस्य के तत्वों को इस तरह पिरोया है कि यह सुनने में चंचल लगने के साथ-साथ एक अनजानी दुनिया का आभास कराता है। इस रचना को जी म्यूजिक कंपनी के जरिए विभिन्न ऑडियो मंचों पर उपलब्ध कराया गया है। गायन पक्ष में कोरस का बेहद सधा हुआ प्रयोग हुआ है, जिसमें पुरुष स्वरों का जिम्मा सुगंध शेखर, अभिजीत राव और श्रीधर रमेश ने उठाया है। दूसरी तरफ महिला गायन मंडली में फातिमा हेन्ना, ऐश्वर्या अनिल कुमार और इंदु सनथ के स्वर शामिल हैं।
पारिवारिक रिश्तों के बीच छुपा अजूबा
निर्देशक बालाजी मोहन का मानना है कि इस कहानी की मूल ताकत घर-परिवार की सहज आत्मीयता और एक अजूबे संसार का अनूठा मेल है। निर्देशक के अनुसार, अवस्थी परिवार पहले बिल्कुल आम दिखाई देता है, लेकिन आगे चलकर ऐसे मोड़ आते हैं जो सबको चौंका देंगे। इसी सोच के तहत उन्होंने इस थीम गीत में शरारत और कौतूहल का संतुलन साधा है, ताकि कहानी का असली राज खुले बिना दर्शकों को माहौल का आभास हो सके। यह फिल्म 16 अक्टूबर को बड़े पर्दे पर रिलीज होने जा रही है।



















