अमेरिकी मध्यावधि चुनाव नतीजों के बाद डॉलर में गिरावट, 0.8220 के नीचे कमजोर बना हुआ है डॉलर बनाम स्विस फ्रैंकमुद्रा बाजार पर टोक्यो की पैनी नजर, मिनोरू किहारा बोले उतार चढ़ाव पर रहेगी सतर्कताअमेरिकी संसद के दोनों सदनों में डेमोक्रेट्स की जीत के बीच संभले वायदा बाजार, डाउ जोंस में उछालअमेरिकी मध्यावधि चुनाव नतीजों और बॉन्ड यील्ड में गिरावट से वैश्विक मुद्राओं को मिला सहारा, सोने में जोरदार उछालशिलांग रोपवे परियोजना कार्यालय पर जिला परिषद की तालाबंदी खत्म, पुलिस ने हटवाए तालेलैटिन अमेरिकी मुद्राओं के कैरी ट्रेड पर बढ़ा दबाव, अमेरिकी डॉलर और बॉन्ड यील्ड में गिरावटपुदीना और काजू की रेशमी ग्रेवी से घर पर तैयार करें जायकेदार हैदराबादी हरा मुर्गखींवासर के ऊबली बालाजी धाम में पशुओं के पहले दूध के दही का लगता है अनोखा भोग, प्रसाद घर नहीं ले जाने का नियमधुले कपड़ों से आने लगी है सीलन की गंध, इन आसान उपायों से दूर करें वाशिंग मशीन की दुर्गंधमेवात में आईफोन न मिलने पर हाईटेंशन टावर पर चढ़ा युवक, जानें बच्चों में फ्रस्ट्रेशन टॉलरेंस बढ़ाना क्यों है बेहद जरूरी
दीवाली पर मुफ्त एलपीजी सिलेंडर पाने के लिए ई-केवाईसी जरूरी, जानिए विभिन्न राज्यों के नियमव्यापार
4 नव॰ 2026, 2:58 pm (3 मिनट पहले)· 0

दीवाली पर मुफ्त एलपीजी सिलेंडर पाने के लिए ई-केवाईसी जरूरी, जानिए विभिन्न राज्यों के नियम

उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में त्योहारों पर मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जा रहे हैं, लेकिन इसका लाभ उठाने के लिए बायोमेट्रिक ई-केवाईसी पूरा करना अनिवार्य है।

त्योहारी सीजन में गरीब और जरूरतमंद परिवारों को राहत देने के मकसद से कई राज्य सरकारों ने मुफ्त रसोई गैस सिलेंडर वितरण की व्यवस्था शुरू की है। हालांकि, इस कल्याणकारी पहल का पूरा लाभ उठाने के लिए केंद्र सरकार के पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय द्वारा तय किए गए ई-केवाईसी नियमों का पालन करना अनिवार्य कर दिया गया है। जिन उपभोक्ताओं ने अभी तक अपना आधार आधारित बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण पूरा नहीं कराया है, वे इन सरकारी सब्सिडी और मुफ्त रिफिल योजनाओं से वंचित हो सकते हैं।

उत्तर प्रदेश में 1,500 करोड़ रुपये का बजटीय आवंटन

उत्तर प्रदेश की सरकार ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (पीएमयूवाई) के तहत आने वाले पात्र परिवारों को मुफ्त एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध कराने के लिए 1,500 करोड़ रुपये तक के भारी भरकम खर्च की घोषणा की है। इस योजना की रूपरेखा समझाते हुए यह स्पष्ट किया गया है कि राज्य में लाभार्थियों को हर साल दो घरेलू गैस सिलेंडर पूरी तरह मुफ्त दिए जाएंगे। इनमें से एक सिलेंडर दीवाली के अवसर पर और दूसरा सिलेंडर होली के त्योहार पर परिवार को प्राप्त होगा।

ये भी पढ़ें

सब्सिडी के गणित को विस्तार से स्पष्ट करते हुए आदित्यनाथ ने कहा, "एक घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत 983.45 रुपये है, जिसमें से भारत सरकार 335 रुपये की सब्सिडी देती है। आपको अपनी जेब से 648.55 रुपये खर्च करने होते हैं।" इसके साथ ही उन्होंने त्योहारों पर होने वाली बचत का जिक्र करते हुए कहा, "जो पैसे आप बचाएंगे, उससे आप दीवाली की मिठाइयां और दीये खरीद सकते हैं।" यह व्यवस्था त्योहार के दौरान परिवारों के घरेलू खर्च के बोझ को कम करने में काफी मददगार साबित होती है।

अक्टूबर 2026 से बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण की अनिवार्यता

विभिन्न राज्यों में पीएमयूवाई लाभार्थियों को मिलने वाले इन मुफ्त सिलेंडरों का सीधा संबंध केंद्रीय व्यवस्था से जुड़ा हुआ है। 1 अक्टूबर 2026 से पेट्रोलियम मंत्रालय ने पीएमयूवाई योजना के तहत दिए जाने वाले सभी तरह के लाभों के लिए बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण पूरा करना अनिवार्य कर दिया है। यह नियम सामान्य घरेलू गैस सब्सिडी पर भी सीधे तौर पर लागू होता है।

मंत्रालय ने इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल जैसी प्रमुख तेल विपणन कंपनियों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के मुताबिक, जिन ग्राहकों ने अभी तक बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण (बीएए) की प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उनकी एलपीजी सब्सिडी तत्काल प्रभाव से रोक दी जाए। यह रोक तब तक जारी रहेगी जब तक उपभोक्ता अपनी ई-केवाईसी की प्रक्रिया को पूरा नहीं कर लेते हैं। ई-केवाईसी प्रक्रिया में उपभोक्ता के आधार डेटा का मिलान उनके गैस कनेक्शन से किया जाता है, जिससे फर्जी या निष्क्रिय खातों को बाहर निकाला जा सके।

बुकिंग प्रक्रिया और बैंक खाते में रिफंड का नियम

प्रत्येक राज्य में मुफ्त सिलेंडर वितरण के लिए अलग-अलग नियम और प्रक्रियाएं लागू की गई हैं। दीवाली के त्योहार को ध्यान में रखते हुए तेल विपणन कंपनियां त्योहार से 10 से 15 दिन पहले ही बुकिंग विंडो खोल देती हैं। योजना के नियमों के अनुसार, गैस सिलेंडर बुक करते समय उपभोक्ता को खुदरा कीमत का अग्रिम भुगतान करना पड़ता है।

सिलेंडर की सफल डिलीवरी पूरी हो जाने के बाद, संबंधित राज्य सरकार पूरी खरीद राशि का 100 प्रतिशत रिफंड सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में भेजती है। यह धनराशि डिलीवरी के बाद 3 से 4 दिनों के भीतर बैंक खाते में हस्तांतरित कर दी जाती है। इससे यह सुनिश्चित होता है कि रिफंड केवल उसी उपभोक्ता को मिले जिसने वास्तविक रूप से सिलेंडर प्राप्त किया है।

पीएमयूवाई के तहत नियमित सब्सिडी का गणित

मुफ्त त्योहारी सिलेंडरों के अलावा, सामान्य दिनों में भी पीएमयूवाई खाताधारकों को विशेष राहत मिलती है। इस योजना के लाभार्थियों को अपने घरेलू एलपीजी सिलेंडरों पर 200 से 300 रुपये तक की सब्सिडी दी जाती है। यह सब्सिडी प्रत्येक वर्ष अधिकतम चार एलपीजी रिफिल पर प्रदान की जाती है, जो कि 14.2 किलोग्राम वजन वाले मानक घरेलू सिलेंडर पर लागू होती है।

इस नियमित सब्सिडी का लाभ पाने का तरीका भी प्रत्यक्ष लाभ अंतरण पर आधारित है। उपभोक्ता को पहले खुदरा बाजार मूल्य पर 14.2 किलोग्राम का घरेलू सिलेंडर खरीदना होता है। इसके बाद, खरीद सत्यापित होते ही 200 से 300 रुपये की सब्सिडी राशि सीधे लाभार्थी के पीएमयूवाई से जुड़े बैंक खाते में वापस भेज दी जाती है। बिना सक्रिय ई-केवाईसी के यह लाभ भी प्रणाली द्वारा स्वतः ही रोक दिया जाता है।

दिल्ली, आंध्र प्रदेश, उत्तराखंड और गोवा में योजना का दायरा

उत्तर प्रदेश के अलावा देश के कई अन्य राज्यों में भी एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए ऐसी ही कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सरकार सभी राशन कार्ड धारक परिवारों को सालाना दो मुफ्त एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध करा रही है।

आंध्र प्रदेश सरकार ने महिलाओं के कल्याण को केंद्र में रखते हुए "दीपम 2.0 योजना" की शुरुआत की है। इस योजना के अंतर्गत सफेद राशन कार्ड रखने वाली महिलाएं हर साल तीन मुफ्त एलपीजी सिलेंडर पाने की पात्र हैं। इन सिलेंडरों को हर चार महीने के अंतराल पर बुक किया जा सकता है।

उत्तराखंड की सरकार भी अपने यहां जरूरतमंद तबके को राहत दे रही है। राज्य में 'अंत्योदय राशन कार्ड' योजना के तहत पात्र परिवारों को प्रति वर्ष 3 मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जा रहे हैं। इसी क्रम में गोवा सरकार ने अपनी अंत्योदय अन्न योजना लागू की है, जिसके तहत लाभार्थियों को हर साल 3 एलपीजी सिलेंडर बिना किसी शुल्क के दिए जाते हैं। यह सहायता राशि के तौर पर लाभार्थियों को सालाना 3,000 रुपये तक की सीधी आर्थिक मदद पहुंचाती है।

सवाल-जवाब

उत्तर प्रदेश में दीवाली पर कितने मुफ्त सिलेंडर मिलते हैं?
उत्तर प्रदेश सरकार पीएमयूवाई लाभार्थियों को हर साल दो मुफ्त सिलेंडर देती है, जिनमें एक दीवाली पर और एक होली पर मिलता है।
मुफ्त सिलेंडर के लिए क्या पहले भुगतान करना पड़ता है?
हां, बुकिंग के समय उपभोक्ता को पूरी कीमत चुकानी होती है और डिलीवरी के 3 से 4 दिनों के भीतर पूरा पैसा बैंक खाते में रिफंड हो जाता है।
अगर ई-केवाईसी नहीं कराई तो क्या सब्सिडी बंद हो जाएगी?
हां, तेल मंत्रालय के निर्देशानुसार बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण पूरा न होने तक तेल विपणन कंपनियां सब्सिडी रोक देंगी।
बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण कब से अनिवार्य किया गया है?
पेट्रोलियम मंत्रालय ने 1 अक्टूबर 2026 से पीएमयूवाई योजना और गैस सब्सिडी के लिए बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण अनिवार्य किया है।
आंध्र प्रदेश में दीपम 2.0 योजना के तहत क्या सुविधा है?
सफेद राशन कार्ड धारक महिलाओं को हर साल 3 मुफ्त सिलेंडर दिए जाते हैं, जिन्हें हर चार महीने में एक बार बुक किया जा सकता है।
गोवा में अंत्योदय योजना के तहत कितनी वित्तीय सहायता मिलती है?
गोवा में लाभार्थियों को 3 मुफ्त एलपीजी सिलेंडर दिए जाते हैं, जो सालाना 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता के बराबर है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp