क्रिकेट के सबसे छोटे अंतरराष्ट्रीय प्रारूप में आक्रामक बल्लेबाजी, बड़े छक्के और 200 से अधिक के स्ट्राइक रेट से गेंदबाजों की धुनाई देखना बेहद रोमांचक होता है। आमतौर पर टी20 मैचों में शीर्ष क्रम के सलामी बल्लेबाज ही बड़े रिकॉर्ड अपने नाम करते हैं, क्योंकि उन्हें क्रीज पर रहकर सबसे ज्यादा गेंदें खेलने का अवसर मिलता है। हालांकि, जब टीम का नेतृत्व करने वाला कप्तान खुद जिम्मेदारी संभाले और मध्यक्रम में उतरकर विस्फोटक पारी खेले, तो वह मुकाबला क्रिकेट इतिहास के पन्नों में हमेशा के लिए दर्ज हो जाता है। टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में बतौर कप्तान सबसे तेज शतक जड़ने वाले दुनिया के शीर्ष पांच कप्तानों की फेहरिस्त में सिकंदर रजा, रोहित शर्मा, हैरी ब्रूक, श्रेयस अय्यर और फाफ डु प्लेसी का नाम शुमार है।
सिकंदर रजा के नाम दर्ज है विश्व रिकॉर्ड
टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कई दिग्गज कप्तानों ने शानदार पारियां खेली हैं, लेकिन कप्तान के रूप में सबसे तेज शतक ठोकने का वर्ल्ड रिकॉर्ड जिम्बाब्वे के सिकंदर रजा के नाम पर कायम है। जिम्बाब्वे की कप्तानी करते हुए उन्होंने नैरोबी के मैदान पर तूफानी अंदाज में केवल 33 गेंदों में अपना शतक पूरा कर लिया था। उनकी इस ऐतिहासिक पारी ने विश्व क्रिकेट में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया, जिसे अब तक कोई भी अन्य कप्तान नहीं तोड़ सका है।
रोहित शर्मा और अन्य कप्तानों की विस्फोटक पारियां
भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान के तौर पर सबसे तेज टी20I शतक जड़ने का गौरव रोहित शर्मा के पास है, और वह इस समग्र वैश्विक सूची में दूसरे स्थान पर विराजमान हैं। रोहित शर्मा ने साल 2017 में इंदौर के मैदान पर श्रीलंका के खिलाफ खेलते हुए महज 35 गेंदों में शतक ठोक दिया था। इस सूची में इंग्लैंड के हैरी ब्रूक और भारत के श्रेयस अय्यर संयुक्त रूप से शामिल हैं, जिनके नाम 42-42 गेंदों पर शतक बनाने का कारनामा दर्ज है। हैरी ब्रूक ने श्रीलंका के खिलाफ साउथैम्प्टन में यह आतिशी पारी खेली थी। वहीं, दक्षिण अफ्रीका के कप्तान फाफ डु प्लेसी ने साल 2015 में जोहानिसबर्ग के मैदान पर वेस्टइंडीज के खिलाफ खेलते हुए 46 गेंदों में अपनी शानदार सेंचुरी पूरी की थी।
घरेलू परिस्थितियों और बल्लेबाजी क्रम का अनोखा संयोग
इन पांचों कप्तानों की उपलब्धियों में एक बेहद दिलचस्प समानता देखने को मिलती है। इनमें से चार कप्तानों ने अपने ऐतिहासिक शतकों की पटकथा अपने ही घरेलू मैदानों पर लिखी है। सिकंदर रजा इस सूची में अकेले ऐसे कप्तान हैं जिन्होंने विदेशी सरजमीं पर यह कमाल किया, जहां उन्होंने केन्या के मैदान पर शतक जमाया था। इसके विपरीत, रोहित शर्मा ने इंदौर में, हैरी ब्रूक ने साउथैम्प्टन में, श्रेयस अय्यर ने लखनऊ में और फाफ डु प्लेसी ने जोहानिसबर्ग में घरेलू दर्शकों के सामने यह मुकाम हासिल किया। इसके अलावा, एक और उल्लेखनीय पहलू यह है कि इन पांच कप्तानों में से चार खिलाड़ी मध्यक्रम के बल्लेबाज रहे हैं, जबकि केवल रोहित शर्मा ही एकमात्र ऐसे कप्तान थे जिन्होंने पारी की शुरुआत करते हुए बतौर ओपनर यह रिकॉर्ड कायम किया।



















