केप टाउन के मैदान पर चल रहा टेस्ट मुकाबला बेहद नाजुक मोड़ पर पहुंच चुका है, जहां तीसरे दिन के स्टंप्स तक कंगारू टीम ने मैच का रुख पूरी तरह अपनी तरफ मोड़ लिया। पहली पारी में 100 रनों से पिछड़ने के बाद बल्लेबाजी करने आई मेजबान दक्षिण अफ्रीकी टीम ने दिन का खेल खत्म होने तक 4 विकेट के नुकसान पर 140 रन बनाए हैं। अब दक्षिण अफ्रीका के पास केवल 40 रनों की बढ़त शेष है, जबकि उसके हाथ में 6 विकेट बचे हुए हैं। मैच के पहले दिन सिक्के की बाजी जीतकर गेंदबाजी चुनने के कप्तान पैट कमिंस के फैसले पर भले सवाल उठे थे, पर उनके गेंदबाजों और बल्लेबाजों ने मिलकर मुकाबले का पासा पलट दिया है।
जोश इंग्लिस के शतक से पहली पारी में मजबूत बढ़त
तीसरे दिन की सुबह मैदान पर उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम ने अपनी पहली पारी को 4 विकेट पर 330 रन से आगे बढ़ाना शुरू किया था। क्रीज पर मौजूद जोश इंग्लिस ने बेहतरीन एकाग्रता दिखाते हुए अपने स्कोर में 15 रन और जोड़े और टेस्ट प्रारूप में अपने करियर का दूसरा सैकड़ा जड़ दिया। इंग्लिस ने 102 रनों की पारी खेली, लेकिन तिहरे अंक तक पहुंचते ही सिमोन हार्मर की एक घूमती गेंद पर बल्ला छुआकर विकेटकीपर के दस्तानों में समा गए। उनके जोड़ीदार एलेक्स कैरी ने भी 80 रनों का उपयोगी योगदान दिया, लेकिन वे भी हार्मर की फिरकी का शिकार बनकर पवेलियन लौट गए।
मध्यक्रम के इन दोनों बल्लेबाजों के आउट होते ही मेजबान गेंदबाजों ने ऑस्ट्रेलियाई पुछल्ले बल्लेबाजों को तेजी से समेटने का काम शुरू किया। कगिसो रबाडा की सीधी गेंद पर कप्तान पैट कमिंस पगबाधा आउट करार दिए गए, जबकि रफ्तार के सौदागर गेराल्ड कोएत्ज़ी ने मिचेल स्टार्क को क्रीज से विदा किया। पहले सत्र के समापन तक ऑस्ट्रेलिया ने 8 विकेट खोकर 411 रन खड़े कर लिए थे और उसके खाते में 82 रनों की बढ़त जमा हो चुकी थी।
निचले क्रम का संघर्ष और ऐतिहासिक आंकड़े
लंच ब्रेक के बाद वियान मुल्डर ने नाथन लियोन को महज 1 रन के निजी योग पर आउट कर दिया। इसके चार गेंद बाद ही मार्को जेनसन ने कूपर कोनोली को अपनी ही गेंद पर लपककर ऑस्ट्रेलियाई पारी का अंत 429 रनों पर कर दिया। दक्षिण अफ्रीका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 329 रन बनाए थे, जिसके जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने कुल 125.1 ओवर बल्लेबाजी की और पहली पारी के आधार पर 100 रनों की अहम लीड हासिल कर ली। इस मैदान और देश के आंकड़े भी बताते हैं कि दक्षिण अफ्रीकी सरजमीं पर पहली पारी में 420 रन से अधिक का स्कोर खड़ा करने वाली टीम कभी कोई टेस्ट मुकाबला नहीं हारी है।
नई गेंद से स्टार्क और हेज़लवुड का कहर
जब दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाज अपनी दूसरी पारी शुरू करने उतरे, तो उनके सामने 100 रनों के घाटे को पाटने की कठिन चुनौती थी। मेहमान टीम के तेज गेंदबाजों ने शुरुआती ओवरों से ही सटीक लाइन और उछाल के जरिए दबाव बना दिया। पारी के तीसरे ओवर में मिचेल स्टार्क की उछलती गेंद को एडेन मार्करम समझ नहीं सके और बिना खाता खोले ट्रैविस हेड को आसान कैच दे बैठे। इसके फौरन बाद जोश हेज़लवुड की तेजतर्रार बाउंसर गेंद पर डेविड बेडिंगम चकमा खा गए और टीम का कुल स्कोर 31 रन पर 2 विकेट हो गया।
एकरमैन और बावुमा की साझेदारी, फिर लियोन का प्रहार
दो विकेट जल्दी गिरने के बाद ओपनर मार्कस एकरमैन और कप्तान तेम्बा बावुमा ने पारी को संभालने का जिम्मा उठाया। दोनों ने 20 ओवरों से ज्यादा समय तक संभलकर बल्लेबाजी करते हुए स्कोर को आगे बढ़ाया। जब यह जोड़ी जमती दिख रही थी, तभी स्टार्क ने 139 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से एक घातक बाउंसर फेंकी। गेंद एकरमैन के बल्ले के ऊपरी किनारे से टकराई, उनके हेलमेट पर लगी और स्लिप में खड़े कैमरून ग्रीन के सुरक्षित हाथों में चली गई। एकरमैन 62 रन बनाकर आउट हुए।
इसके बाद बावुमा ने मैथ्यू ब्रीट्जके के साथ मिलकर पारी को दिन के अंत तक खींचने की कोशिश की और दोनों ने मिलकर 100 से अधिक गेंदें खेलीं। लेकिन दिन के आखिरी पलों में ऑफ स्पिनर नाथन लियोन ने खेल का नक्शा बदल दिया। पारी के 49वें यानी दिन के अंतिम से ठीक पहले वाले ओवर में लियोन की फिरकी बावुमा के डिफेंस को भेदते हुए सीधे स्टंप्स से टकरा गई और गिल्लियां बिखर गईं। स्टार्क ने इस पारी में 29 रन देकर 2 विकेट चटकाए हैं। अब चौथे दिन सारा दारोमदार मेजबान टीम के निचले क्रम पर टिक गया है।



















