आंध्र प्रदेश के अनंतपुर जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहाँ शैक्षणिक परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को धता बताते हुए एक सिरफिरे युवक ने कक्षा में घुसकर नाबालिग छात्रा पर जानलेवा हमला बोल दिया। सामान्य दिनों की तरह जब शनिवार को स्कूल में अध्यापन कार्य चल रहा था और बच्चे अपनी पढ़ाई में व्यस्त थे, उसी दौरान आरोपी सीधे कक्षा के भीतर दाखिल हुआ और सहपाठियों के सामने ही छात्रा पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। इस अप्रत्याशित खूनी संघर्ष से समूचे विद्यालय परिसर में चीख-पुकार और भगदड़ मच गई। लहूलुहान हालत में छात्रा को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उसका आपातकालीन उपचार चल रहा है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए नामजद आरोपी हेमंत को हिरासत में लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
रिश्तेदारी की आड़ में शादी का अनुचित दबाव
पुलिसिया तफ्तीश में यह बात उजागर हुई है कि पकड़ा गया आरोपी हेमंत कोई अजनबी हमलावर नहीं, बल्कि पीड़िता का करीबी पारिवारिक रिश्तेदार है। पारिवारिक संबंधों के आधार पर वह लंबे समय से पीड़िता पर शादी करने का अनुचित दबाव बना रहा था। जब छात्रा और उसके परिजनों ने इस रिश्ते को सिरे से खारिज कर दिया, तो आरोपी तिलमिला उठा और उसने छात्रा का पीछा करना शुरू कर दिया। वह लगातार स्कूल आते-जाते समय और अन्य मौकों पर उसके साथ दुर्व्यवहार करता था तथा मानसिक तनाव पैदा कर रहा था।
छात्रा के परिजनों ने इस मामले में पहले सामाजिक स्तर पर दखल देने का प्रयास किया था। परिवार के वरिष्ठ सदस्यों और अन्य रिश्तेदारों ने आरोपी हेमंत को कई मर्तबा कड़ी चेतावनी दी थी और इस तरह की हरकतों से बाज आने की हिदायत दी थी। इसके बावजूद आरोपी के आचरण में कोई सुधार नहीं हुआ। उसकी जिद और आक्रोश वक्त के साथ हिंसक सनक में तब्दील होता चला गया, जिसके परिणामस्वरूप उसने सरेआम स्कूल में घुसकर इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया।
नशे की लत और पूर्व आपराधिक आचरण के आरोप
वारदात के बाद स्थानीय निवासियों और ग्रामीणों ने आरोपी हेमंत के चरित्र को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों और पड़ोसियों का आरोप है कि हेमंत लंबे समय से गांजा, शराब और अन्य नशीले पदार्थों के गंभीर व्यसन का शिकार रहा है। नशा करने के बाद वह अक्सर इलाके में लोगों के साथ गाली-गलौज, अभद्रता और उपद्रव करता था, जिससे आसपास के लोग भी उससे खौफजदा रहते थे।
स्थानीय लोगों का यह भी दावा है कि आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और इससे पहले भी वह मर्यादाओं को तार-तार कर चुका है। ग्रामीणों के अनुसार, हेमंत पूर्व में एक बालिका छात्रावास के भीतर अनाधिकृत रूप से घुस गया था और वहां रहने वाली छात्राओं पर हमला करने का प्रयास किया था। हालांकि, हॉस्टल में घुसपैठ और हमले के इस पुराने मामले को लेकर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे इन दावों की सत्यता की अलग से जांच कर रहे हैं और पुराने रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
कक्षा के भीतर दहशत और सुरक्षा पर गंभीर सवाल
शनिवार को जब यह हमला हुआ, उस वक्त कक्षा में दर्जनों छात्र-छात्राएं और शिक्षक मौजूद थे। अचानक एक व्यक्ति को धारदार तेवरों के साथ कक्षा में घुसते और छात्रा पर प्रहार करते देख मासूम बच्चे और अध्यापक बुरी तरह सहम गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पलक झपकते ही पूरा क्लासरूम खून से सन गया और बच्चे जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। शिक्षकों और स्कूल स्टाफ ने किसी तरह बीच-बचाव कर छात्रा को आरोपी के चंगुल से छुड़ाया और गंभीर स्थिति को देखते हुए अविलंब अस्पताल पहुंचाया।
इस दर्दनाक घटना ने शैक्षणिक संस्थानों की बुनियादी सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों, अभिभावकों और विभिन्न छात्र संगठनों में घटना को लेकर गहरा रोष व्याप्त है। प्रदर्शनकारी संगठनों ने मांग की है कि स्कूलों में बाहरी लोगों के अनियंत्रित प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए और आरोपी हेमंत के खिलाफ हत्या के प्रयास की सुसंगत धाराओं में मुकदमा चलाकर त्वरित अदालत के जरिए कड़ी से कड़ी सजा सुनिश्चित की जाए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है और मामले के सभी कानूनी पहलुओं की गंभीरता से जांच जारी है।



















