उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले में एक दहला देने वाला आपराधिक मामला सामने आया है, जहां एक मेले के दौरान मामूली सी बात पर दो युवकों की बेरहमी से जान ले ली गई। यह दुखद घटना बदायूं के दातागंज थाना क्षेत्र के दातागंज कस्बे में स्थित रामलीला मेला परिसर में हुई, जहां खिलौना खरीदने को लेकर हुए विवाद ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया। मेला घूमने आए दो दोस्त जब एक खिलौने की दुकान पर पहुंचे, तो किसी बात को लेकर उनकी दुकानदार से कहासुनी हो गई। स्थिति इतनी बिगड़ी कि दुकानदार के बेटे ने धारदार चाकू से दोनों युवकों पर ताबड़तोड़ कई वार किए, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए और अंततः उनकी मौत हो गई। घटना के तुरंत बाद स्थानीय पुलिस हरकत में आई और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने इस मामले में आरोपी दुकानदार को हिरासत में ले लिया है, जबकि वारदात को अंजाम देने के बाद फरार हुए उसके बेटे की तलाश के लिए दबिश दी जा रही है।
खिलौने की खरीदारी को लेकर शुरू हुआ था विवाद
घटना की विस्तृत जानकारी के अनुसार, शनिवार रात करीब आठ बजे दातागंज के रामलीला मेले में भारी भीड़ के बीच दो दोस्त खिलौने खरीदने के लिए एक दुकान पर रुके थे। इसी दौरान किसी बात पर उनकी दुकानदार के साथ तीखी बहस हो गई। बहस इतनी बढ़ गई कि दुकानदार का बेटा गुस्से में आ गया और उसने अचानक चाकू निकालकर दोनों दोस्तों पर हमला बोल दिया। इस हिंसक हमले में ग्राम बेहटा माधौ निवासी रितिक और रोहित बुरी तरह जख्मी हो गए। हमलावर ने इतनी बेरहमी से वार किए कि रोहित की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरे युवक रितिक ने बरेली ले जाए जाने के दौरान रास्ते में दम तोड़ दिया। इस सनसनीखेज वारदात के बाद मेला परिसर में अफरा-तफरी मच गई और डर के मारे आसपास के अन्य दुकानदार भी अपनी दुकानें बंद कर मौके से फरार हो गए, जिससे कुछ ही पलों में पूरे मेले में सन्नाटा पसर गया।
पुलिस अधिकारियों ने किया घटनास्थल का निरीक्षण
रामलीला जैसे सार्वजनिक आयोजन में हुई इस दोहरी हत्या की वारदात से स्थानीय पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही दातागंज कोतवाली पुलिस का अमला तुरंत मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने आरोपी दुकानदार को कड़ी सुरक्षा के बीच हिरासत में लेकर कोतवाली पहुंचाया। जांच में सामने आया कि मृतक रितिक, दातागंज विधायक राजीव कुमार सिंह बब्बू भैया के गांव के ही रहने वाले मुकेश के फुफेरे भाई का पुत्र था। रितिक अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था और वर्तमान में एसडीएम कार्यालय में आउटसोर्सिंग कर्मचारी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहा था। इस गंभीर घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा और एसपी सिटी अभिषेक कुमार सिंह समेत कई बड़े पुलिस अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। पुलिस अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को निष्पक्ष कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। एसएसपी ने मीडिया को जानकारी दी कि इस मामले में एक आरोपी को पुलिस ने दबोच लिया है, जबकि दूसरे फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।



















