गुजरात के जामनगर में एक नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म और उसके गर्भवती होने के सनसनीखेज मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस घिनौने अपराध को अंजाम देकर कानून से भाग रहे दोनों आरोपियों को पुलिस टीम ने तलाश अभियान चलाकर हिरासत में ले लिया है। आरोपियों पर आरोप है कि उन्होंने किशोरी को तरह-तरह के प्रलोभन दिए, उसे डराया-धमकाया और फिर एक दुकान के भीतर बंद करके उसके साथ अनाचार किया। इस कृत्य के चलते पीड़िता गर्भवती हो गई थी और हाल ही में उसने एक मृत बच्चे को जन्म दिया, जिससे इस पूरे मामले की गंभीरता और अधिक बढ़ गई है।
झांसे और धमकी के सहारे दुकान में वारदात
यह दर्दनाक घटना जामनगर के सिटी बी डिवीजन पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत सामने आई है। प्राप्त विवरण के अनुसार, दोनों आरोपियों ने सोची-समझी साजिश के तहत नाबालिग लड़की को अपने प्रभाव में लिया था। उन्होंने किशोरी को विभिन्न प्रकार के लालच दिखाए और किसी को कुछ बताने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकियां देकर उसका मुंह बंद रखने का प्रयास किया। इसी खौफ के साए में आरोपियों ने उसे एक दुकान के अंदर ले जाकर उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। इस घिनौने अपराध का खुलासा उस समय हुआ जब किशोरी के शरीर में बदलाव दिखने लगे और परिजनों को उसके गर्भवती होने की सच्चाई का पता चला। सच्चाई सामने आते ही परिजनों के होश उड़ गए और उन्होंने तुरंत कानून का सहारा लेने का फैसला किया।
प्राथमिकी दर्ज होते ही भागे आरोपी, पुलिस ने दबोचा
नाबालिग के परिजनों ने बिना किसी देरी के सिटी बी डिवीजन पुलिस थाने में पहुंचकर आपबीती सुनाई और दोनों आरोपियों के विरुद्ध नामजद शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत मिलते ही मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तुरंत कानूनी प्रक्रिया शुरू की। पुलिस की इस तत्परता की भनक लगते ही दोनों आरोपी अपने ठिकानों से फरार हो गए और गिरफ्तारी से बचने के लिए छिपने लगे। इसके बाद पुलिस ने विशेष अभियान चलाया और मुखबिरों तथा तकनीकी निगरानी की मदद से फरार आरोपियों की घेराबंदी की, जिसके परिणामस्वरूप दोनों को धर दबोचा गया।
मृत शिशु के जन्म से और गहराया मामला
इस पूरे घटनाक्रम के बीच पीड़िता को प्रसव पीड़ा के बाद अस्पताल ले जाया गया, जहां उसने एक मृत बच्चे को जन्म दिया। एक नाबालिग के साथ हुए इस अत्याचार और उसके बाद नवजात की मौत ने स्थानीय लोगों को झकझोर कर रख दिया है। इस दुखद मोड़ के बाद पुलिस अधिकारियों ने मामले की कड़ियां बारीकी से जोड़ना शुरू कर दिया है। जांच अधिकारी यह पता लगा रहे हैं कि घटना के दौरान परिस्थितियां क्या थीं और आरोपियों ने किस प्रकार किशोरी को अपने जाल में फंसाकर इतना बड़ा कदम उठाया था।
पॉक्सो की कड़ी धाराओं में कानूनी कार्रवाई जारी
जामनगर के पुलिस उपाधीक्षक जयवीर सिंह झाला ने इस प्रकरण में पुलिस की कार्रवाई की पुष्टि की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पकड़े गए दोनों आरोपियों के खिलाफ यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण यानी पॉक्सो कानून और अन्य संबंधित गंभीर कानूनी धाराओं के तहत सख्त कार्रवाई की जा रही है। पुलिस प्रशासन मामले के प्रत्येक पहलू की गहनता से पड़ताल कर रहा है ताकि अदालत में ठोस साक्ष्य पेश किए जा सकें।



















