महाराष्ट्र में मुंबई और नागपुर को आपस में जोड़ने वाले हिंदू हृदयसम्राट बालासाहेब ठाकरे समृद्धी महामार्ग पर देर रात एक खौफनाक वारदात सामने आई है। छत्रपति संभाजीनगर से मुंबई की तरफ जा रहा एक परिवार उस समय डकैतों का शिकार बन गया, जब उनकी गाड़ी 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हाईवे पर दौड़ रही थी। नासिक जिले की सिन्नर तहसील के पास मलढोन और दुशिंगपुर इलाके में पहुंचते ही अचानक सड़क पर बिछे लोहे के नुकीले कांटों और छड़ों ने गाड़ी के पहियों को पूरी तरह तबाह कर दिया। अनियंत्रित होकर हिचकोले खाती हुई कार जैसे ही सड़क के किनारे रुकी, झाड़ियों में छिपे अपराधियों ने पूरे परिवार को अपने शिकंजे में ले लिया। चालक गाड़ी में हुई खराबी को समझने के लिए बाहर निकला ही था कि अचानक अंधेरे से काल बनकर निकले हमलावरों ने धावा बोल दिया।
झाड़ियों से निकले 12 नकाबपोश और बरसे हथियार
कार के रुकते ही पास की घनी झाड़ियों में हलचल हुई और हाथों में लोहे की रॉड, लाठियां और धारदार हथियार लिए 10 से 12 नकाबपोश बदमाश तेजी से वाहन की ओर बढ़े। पीड़ितों को संभलने का जरा भी मौका दिए बिना अपराधियों ने लाठियों से कार की खिड़कियों पर जोरदार हमला कर दिया। शीशे टूटकर चारों तरफ बिखर गए और वाहन के भीतर बैठे छोटे-छोटे बच्चे दहशत के मारे जोर-जोर से चीखने लगे। चीख-पुकार के बीच नकाबपोश लुटेरों ने पूरी कार को घेर लिया और अंदर बैठे लोगों पर हथियार तान दिए।
मासूम बच्चों को फेंकने की धमकी देकर 19 लाख की डकैती
बदमाशों की बर्बरता का आलम यह था कि जब परिवार के सदस्यों ने अपनी संपत्ति और जान बचाने का प्रयास किया, तो लुटेरों ने गोद में रो रहे छोटे बच्चों को छीनकर दूर फेंक देने की सीधी चेतावनी दे डाली। अपने अबोध बच्चों की जिंदगी को खतरे में देखकर मजबूर माता-पिता के पास विरोध करने का कोई रास्ता नहीं बचा। डकैतों ने महज कुछ ही मिनटों के भीतर 18 लाख 9 हजार 500 रुपये के सोने के गहने, कीमती घड़ियां और 84,500 रुपये की नकद रकम अपने कब्जे में ले ली। इस तरह अपराधी एक ही परिवार से कुल 19 लाख रुपये का कीमती सामान लूटकर चंपत हो गए।
डेढ़ घंटे तक हाईवे पर सन्नाटा और पुलिस की सुस्ती
यह खौफनाक मामला सिर्फ एक गाड़ी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि लुटेरों ने लगभग डेढ़ घंटे तक उस वीरान महामार्ग पर अपना खौफ बनाए रखा। इस दौरान अपराधियों ने एक के बाद एक लगातार तीन अलग-अलग वाहनों को अपना शिकार बनाया और उनमें सवार लोगों से लूटपाट की। अरबों रुपये की लागत से बने इस आधुनिक एक्सप्रेसवे पर पीड़ित परिवार डेढ़ घंटे तक मदद के लिए गुहार लगाते रहे, लेकिन न तो महामार्ग गश्ती दल की कोई गाड़ी वहां पहुंची और न ही वावी पुलिस स्टेशन की गश्ती टीम मौके पर आई। इस बड़ी लापरवाही ने समृद्धी महामार्ग के सुरक्षा दावों और आपातकालीन व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है।
क्राइम ब्रांच का एक्शन: धाराशिव से 6 बदमाश गिरफ्तार
वारदात की सूचना मिलते ही नासिक पुलिस और महाराष्ट्र क्राइम ब्रांच की टीमें तुरंत हरकत में आईं और पूरे क्षेत्र में सख्त नाकेबंदी लागू कर दी गई। पुलिस ने आधुनिक तकनीकी निगरानी प्रणाली और अपने खुफिया तंत्र का इस्तेमाल करते हुए एक अंतरराज्यीय डकैत गिरोह का सुराग लगाया। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने धाराशिव इलाके में छापेमारी कर इस गिरोह के 6 शातिर अपराधियों को दबोच लिया। शुरुआती पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि यह गिरोह लंबे समय से समृद्धी महामार्ग के सुनसान और कम आवाजाही वाले खंडों की रेकी करके ऐसी भीषण वारदातों को अंजाम दे रहा था।
हाईवे पर एआई कैमरों का पहरा और ट्रैफिक ब्लॉक का शेड्यूल
इस सनसनीखेज घटना के बाद महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम प्रशासन सतर्क हो गया है और महामार्ग पर यात्रियों की सुरक्षा पुख्ता करने के लिए कदम उठा रहा है। हाईवे पर इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के तहत गेंट्री और हाई-डेफिनेशन एआई कैमरे स्थापित करने की प्रक्रिया को तेज कर दिया गया है। इन आधुनिक उपकरणों को लगाने के काम के कारण 31 अगस्त से 7 सितंबर के बीच सिन्नर, भरवीर और इगतपुरी इंटरचेंज के मध्य ट्रैफिक में अस्थायी बदलाव किया गया है। इस दौरान दोपहर 12 बजे से 1 बजे तक और दोपहर 3 बजे से 4 बजे तक चरणबद्ध तरीके से वाहनों की आवाजाही रोकी जा रही है।
चौबीसों घंटे निगरानी और सुरक्षा को लेकर जनता की मांग
महामार्ग पर लगाए जा रहे ये अत्याधुनिक एआई कैमरे ओवरस्पीडिंग, गलत लेन में गाड़ी चलाने, सड़क पर किसी भी तरह की संदिग्ध हलचल और अवैध पार्किंग पर चौबीसों घंटे नजर रखेंगे। प्रशासन का दावा है कि इस तकनीक से भविष्य में ऐसी घटनाओं पर पूरी तरह रोक लगाई जा सकेगी। हालांकि, इस खौफनाक वारदात के बाद से इस मार्ग से गुजरने वाले यात्री भारी दहशत में हैं। सोशल मीडिया पर लोग अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कह रहे हैं कि एक्सप्रेसवे पर पुलिस की नियमित नाइट गश्त जरूरी होनी चाहिए, ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। छह आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने का दावा कर रही है।



















