पारंपरिक वित्तीय प्रणाली और ब्लॉकचेन तकनीक के संगम ने वैश्विक स्तर पर वित्तीय संपत्तियों के डिजिटलीकरण को एक नई गति प्रदान की है। पारंपरिक संपत्तियों को टोकन के रूप में ब्लॉकचेन पर दर्ज करने की प्रक्रिया यानी रियल-वर्ल्ड एसेट्स (आरडब्ल्यूए) का चलन रिटेल और संस्थागत दोनों प्रकार के निवेशकों के बीच तेजी से लोकप्रियता हासिल कर रहा है। अमेरिका में पारंपरिक वित्त व्यवस्था को विकेंद्रीकृत लेजर पर स्थानांतरित करने के व्यापक प्रयासों के बीच, नियर प्रोटोकॉल और ओंडो जैसी परियोजनाएं नियामक अनिश्चितताओं के बावजूद टोकनाइज्ड ट्रेडिंग और वित्तीय सेवाओं के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव ला रही हैं।
विधायी रुकावटों के बीच तकनीकी नवाचार की रफ्तार
अमेरिकी वित्तीय बाजार में डिजिटल एसेट मार्केट क्लैरिटी एक्ट को क्रिप्टो उद्योग के लिए एक व्यापक और स्पष्ट नियामक ढांचा स्थापित करने वाले विधेयक के रूप में देखा जा रहा था। इस कानून का प्राथमिक लक्ष्य विकेंद्रीकृत वित्त (डेफी) सेवाओं, जैसे कि स्टेबलकॉइन होल्डिंग्स पर मिलने वाले ब्याज या पुरस्कार और लेन-देन से जुड़ी न्यायिक सीमाओं तथा चिंताओं को स्पष्ट करना था। हालांकि, 15 सितंबर को अमेरिकी सीनेट में इस विधेयक पर अंतिम मतदान के लिए आगे बढ़ने का प्रयास विफल हो गया। पचास डेमोक्रेटिक सीनेटरों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के परिवार की क्रिप्टो होल्डिंग्स से जुड़े नैतिक प्रावधानों पर चिंता जताते हुए इसके खिलाफ मतदान किया, जिसके बाद यह विधेयक आगे नहीं बढ़ सका।
संसद में कानून रुकने के बावजूद अन्य नियामक एजेंसियां सक्रिय बनी हुई हैं। इसी दौरान कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (सीएफटीसी) ने रेगुलेशन क्रिप्टो एसेट ट्रांजैक्शन्स और रेगुलेशन क्रिप्टो एसेट मार्केट्स के संबंध में आवेदन दाखिल किए। इस तरह के संस्थागत और विनियामक घटनाक्रमों के बीच नियर प्रोटोकॉल और ओंडो ने वास्तविक संपत्तियों के टोकनाइजेशन क्षेत्र में अपनी विशिष्ट सेवाओं के दम पर बाजार में स्वतंत्र बढ़त हासिल की है।
ओंडो और ब्लैकरॉक के जरिए संस्थागत निवेश का विस्तार
पारंपरिक बैंकिंग और निवेश तंत्र के समानांतर काम करने के लिए ओंडो व्यापक स्तर पर टोकनाइज्ड वित्तीय उत्पाद पेश कर रहा है। इस मंच ने वैश्विक परिसंपत्ति प्रबंधन कंपनी ब्लैकरॉक के तीन सिंगल-टोकन पोर्टफोलियो पेश किए हैं। इन विशेष पोर्टफोलियो को विशेष रूप से अमेरिका से बाहर रहने वाले पात्र निवेशकों के लिए तैयार किया गया है, जिससे पारंपरिक संपत्तियों में विदेशी पूंजी प्रवाह को ब्लॉकचेन के माध्यम से अधिक सरल बनाया जा सके।
ओंडो का यह मॉडल संस्थागत पूंजी और ऑन-चेन लिक्विडिटी के बीच की खाई को पाटने का काम करता है। पारंपरिक वित्तीय उत्पादों की कार्यप्रणाली को टोकन आधारित रूप में प्रस्तुत करने से अंतरराष्ट्रीय निवेशकों को सुरक्षित, त्वरित और पारदर्शी माध्यम मिलता है, जिससे पारंपरिक वित्तीय संस्थाओं के साथ सीधे प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता बढ़ जाती है।
नियर इंटेंट्स में प्राइवेसी और ऑन-चेन वैल्यू में उछाल
ब्लॉकचेन पर बड़े लेनदेन और संस्थागत पूंजी को लाने में सबसे बड़ी चुनौती सार्वजनिक लेजर पर डेटा की गोपनीयता बनाए रखना रही है। इसी समस्या के समाधान के रूप में नियर प्रोटोकॉल के नियर इंटेंट्स ने गोपनीयता-केंद्रित लेनदेन सुविधाएं पेश की हैं। नियर इंटेंट्स पर गोपनीय टोटल वैल्यू लॉक्ड (कॉन्फिडेंशियल टीवीएल) का आंकड़ा 29 सितंबर को 156.43 मिलियन डॉलर दर्ज किया गया। यद्यपि यह स्तर 27 सितंबर को पहुंचे 187.3 मिलियन डॉलर के सर्वकालिक शिखर से थोड़ा नीचे था, फिर भी यह समग्र प्रवाह को मजबूत दर्शाता है। सितंबर से पहले इस प्लेटफॉर्म पर दैनिक प्रवाह नियमित रूप से 50 मिलियन डॉलर से कम हुआ करता था, जिसकी तुलना में वर्तमान स्तर एक बड़ा विस्तार प्रदर्शित करता है।
पारंपरिक वित्तीय बाजारों में बड़े टिकट आकार वाले सौदों की पहचान सुरक्षित रखने की जो व्यवस्था होती है, नियर इंटेंट्स ठीक उसी प्रकार की गोपनीयता ऑन-चेन परिवेश में प्रदान कर रहा है। इसके साथ ही तीव्र निपटान की सुविधा भी मिलती है, जिससे पारंपरिक बहीखातों को ब्लॉकचेन पर उतारने के पहले चरण को ठोस आधार मिल रहा है।
कानूनी अधर और आगामी मध्यावधि चुनाव का असर
क्लैरिटी एक्ट के सीनेट में रुक जाने और अमेरिका में आगामी मध्यावधि चुनावों के नजदीक आने के कारण डिजिटल संपत्तियों पर तत्काल नया कानून आने की संभावनाएं फिलहाल अनिश्चित बनी हुई हैं। ऐसी स्थिति में क्रिप्टो प्लेटफॉर्म सरकारी विधायी सहारे के बिना अपने स्तर पर ही टोकनाइज्ड संपत्तियों की पेशकश और तकनीक का विस्तार कर रहे हैं, जिसमें नियर प्रोटोकॉल और ओंडो अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं।
बिटवाइज के सीआईओ मैट हौगन ने बुधवार को बाजार की स्थिति का विश्लेषण करते हुए कहा कि सीनेट में क्लैरिटी एक्ट के अटकने के बाद भी क्रिप्टो बाजार में मजबूती दर्ज की गई है। मैट हौगन का तर्क था कि विधेयक के रुकने से नियामकों को उद्योग संबंधी नियमों पर अधिक तेजी से काम करने का अवसर मिला। उन्होंने रेखांकित किया कि इस मतदान के बाद बिटकॉइन ने 8 प्रतिशत और एथेरियम ने 7 प्रतिशत की बढ़त हासिल की, जबकि कई अन्य ऑल्टकॉइन ने इससे भी अधिक मुनाफा दर्ज किया।
अन्य प्रमुख टोकनों का बाजार रुख और तकनीकी आंकड़े
व्यापक बाजार में विभिन्न डिजिटल टोकनों पर अलग-अलग दबाव देखने को मिल रहा है। रिपल (एक्सआरपी) दबाव में बना हुआ है और 1.500 डॉलर के स्तर से नीचे फिसल गया है। लाइव बाजार आंकड़ों के अनुसार एक्सआरपी 1.49 डॉलर पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले बंद स्तर 1.49 डॉलर की तुलना में 0.01 प्रतिशत की मामूली गिरावट है। इसका 52 हफ्तों का दायरा 0.9884 डॉलर से 1.96 डॉलर के बीच रहा है और इसका ट्रेडिंग वॉल्यूम 20 दिनों के औसत का 0.73 गुना है। तकनीकी संकेतकों में 14 दिवसीय आरएसआई 56 पर है, जबकि एमएसीडी 0.04 पर है जो 0.05 के सिग्नल स्तर से नीचे होने के कारण बियरिश स्थिति दर्शाता है। इसके मूविंग एवरेजेज में 20 दिवसीय ईएमए 1.46 डॉलर, 50 दिवसीय ईएमए 1.38 डॉलर और 200 दिवसीय ईएमए 1.39 डॉलर है, जहां ईएमए 50 के ईएमए 200 से नीचे होने पर डेथ क्रॉस बना हुआ है लेकिन दीर्घकालिक अपट्रेंड बरकरार है। बोलिंगर बैंड 1.27 डॉलर से 1.63 डॉलर के बीच है और एडीएक्स 42 के स्तर पर मजबूत ट्रेंड का संकेत दे रहा है। मुख्य स्तरों में पिवट 1.49 डॉलर, पहला रेजिस्टेंस 1.50 डॉलर और पहला सपोर्ट 1.48 डॉलर है।
दूसरी ओर, स्टेलर (एक्सएलएम) ने अपनी रिकवरी जारी रखी और यह लगभग 0.227 डॉलर पर कारोबार कर रहा है, हालांकि मिले-जुले बाजार रुझान के बीच इसे कड़े प्रतिरोध का सामना करना पड़ रहा है। अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में बढ़ोतरी और डेरिवेटिव्स के मिश्रित संकेतकों ने जोखिम उठाने की क्षमता को सीमित कर रखा है। वहीं, पाई नेटवर्क (पीआई) लगातार दो दिनों के हल्के सुधार के बाद गुरुवार को कमजोरी के साथ 0.0917 डॉलर पर अपने 50 दिवसीय ईएमए का परीक्षण कर रहा है। पाई कोर टीम ने बुधवार को ओपन स्टैंडर्ड के साथ साझेदारी की घोषणा की, जिसका उद्देश्य पाई उपयोगकर्ताओं (पायनियर्स) के लिए ओयूएसडी स्टेबलकॉइन रिवॉर्ड कार्यक्रमों और पारिस्थितिकी तंत्र में इसकी उपयोगिता की संभावनाएं तलाशना है।




















