अमेरिकी मध्यावधि चुनाव के शुरुआती रुझानों और नतीजों के बीच वित्तीय बाजारों में बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। चुनावों में डेमोक्रेट्स की बढ़त के चलते अमेरिकी डॉलर पर भारी दबाव बना है, जिससे डॉलर इंडेक्स पांच हफ्ते के निचले स्तर तक लुढ़क गया है। डॉलर में आई इस कमजोरी ने जोखिम वाली संपत्तियों में नई जान फूंकी है, जिसके दम पर सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन 78,000 डॉलर के स्तर को दोबारा हासिल करने में कामयाब रही है। इसके साथ ही अन्य प्रमुख डिजिटल संपत्तियों जैसे इथेरियम और एक्सआरपी में भी खरीदारी का रुख देखने को मिला है। हालांकि, तकनीकी संकेतकों और विधायी घटनाक्रमों के कारण निवेशक अब भी बेहद सतर्क नजर आ रहे हैं।
डॉलर इंडेक्स में गिरावट और मध्यावधि चुनावों का असर
अमेरिकी डॉलर इंडेक्स यानी DXY दिन के कारोबार में 0.45 प्रतिशत की गिरावट के साथ 101.41 के स्तर पर आ गया है। यह गिरावट डॉलर को छह महीने के निचले स्तर के करीब ले आई है, जिससे साफ संकेत मिलता है कि मध्यावधि चुनावों के अनपेक्षित नतीजे मुद्रा बाजार को प्रभावित कर रहे हैं। आमतौर पर जब भी डॉलर कमजोर होता है, तो वैश्विक निवेशक जोखिम-संवेदनशील संपत्तियों की ओर रुख करते हैं। इसी का तात्कालिक फायदा क्रिप्टो बाजार को मिला है।
इसके अलावा, वाशिंगटन में नीतिगत मोर्चे पर भी महत्वपूर्ण हलचल हुई है। रिपब्लिकन सांसदों द्वारा प्रायोजित यूएस क्लैरिटी एक्ट सीनेट में पारित होने में विफल रहा। प्रतिनिधि सभा में डेमोक्रेटिक बहुमत होने के कारण इस विधेयक के कानून बनने की संभावना अब काफी कम हो गई है। विधायी गतिरोध और राजनीतिक अनिश्चितता ने पारंपरिक मुद्रा पर दबाव बढ़ाया है, जिससे डिजिटल टोकन को आगे बढ़ने का मौका मिला है।
बिटकॉइन का तकनीकी ढांचा और प्रमुख स्तर
बिटकॉइन फिलहाल 78,448 डॉलर पर कारोबार कर रहा है और अल्पावधि में यह सकारात्मक रुख बनाए हुए है। लाइव मार्केट डेटा के अनुसार, पिछले सत्र के 77,345 डॉलर के मुकाबले 0.96 प्रतिशत की बढ़त के साथ बिटकॉइन 78,090 डॉलर के आसपास बना हुआ है, जबकि इसका 52 हफ्तों का दायरा 57,748 डॉलर से 87,364 डॉलर के बीच है। मौजूदा ट्रेडिंग वॉल्यूम 20 दिनों के औसत से 1.18 गुना दर्ज किया गया है।
तकनीकी चार्ट पर बिटकॉइन 77,806 डॉलर के 100-दिवसीय और 76,558 डॉलर के 200-दिवसीय एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज यानी EMA से ऊपर टिका हुआ है। इसके अलावा 71,126 डॉलर से 75,650 डॉलर तक बढ़ती ट्रेंडलाइन से भी इसे मजबूत सहारा मिल रहा है। हालांकि, ऊपर की तरफ 80,067 डॉलर पर 50-दिवसीय EMA और 82,920 डॉलर पर सुपरट्रेंड लाइन रुकावट का काम कर रही है। यह स्थिति दर्शाती है कि मौजूदा अपट्रेंड के भीतर संपत्ति कंसॉलिडेशन के दौर से गुजर रही है।
गति से जुड़े संकेतकों की बात करें तो 14-दिवसीय रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स यानी RSI लगभग 42 से 43 के आसपास बना हुआ है, जो सुस्त और सतर्क गति की ओर इशारा करता है। मूविंग एवरेज कन्वर्जेंस डाइवर्जेंस यानी MACD का नकारात्मक क्षेत्र में रहना यह बताता है कि आगे की बढ़त धीमी रह सकती है। निकटतम प्रतिरोध 80,067 डॉलर और उसके बाद 82,920 डॉलर पर स्थित है, जबकि नीचे की ओर 78,448 डॉलर के धुरी बिंदु के बाद 75,650 डॉलर और 71,126 डॉलर की ट्रेंडलाइन मुख्य समर्थन क्षेत्र का निर्माण कर रही हैं।
इथेरियम और एक्सआरपी की बाजार स्थिति
दूसरी सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी इथेरियम 2,318 डॉलर के स्तर पर कारोबार कर रही है। हालांकि यह अपने 200-दिवसीय EMA यानी 2,313 डॉलर से थोड़ा ऊपर बनी हुई है, लेकिन 2,350 डॉलर पर 100-दिवसीय EMA इसे आगे बढ़ने से रोक रहा है। इसके ऊपर 2,407 डॉलर पर 50-दिवसीय EMA और 2,490 डॉलर पर सुपरट्रेंड लाइन मौजूद है, जो एक सख्त रेजिस्टेंस दीवार बनाती हैं। यद्यपि MACD शून्य से ऊपर सकारात्मक हो गया है, लेकिन 43 का RSI कमजोर मोमेंटम की पुष्टि करता है। यदि 2,313 डॉलर का स्तर टूटता है, तो इथेरियम में और फिसलन आ सकती है।
दूसरी ओर, एक्सआरपी 1.28 डॉलर पर बना हुआ है, जहां खरीदार इसे 1.30 डॉलर के पार ले जाने की कोशिश कर रहे हैं। फिर भी इसका अल्पकालिक रुझान मंदी का बना हुआ है क्योंकि यह अपने अहम मूविंग एवरेज से नीचे है। 100-दिवसीय EMA 1.32 डॉलर, 50-दिवसीय EMA 1.34 डॉलर और 200-दिवसीय EMA 1.37 डॉलर पर मजबूत आपूर्ति क्षेत्र बना रहे हैं। बोलिंजर बैंड्स के अनुसार, स्पॉट प्राइस 1.29 डॉलर के मध्य बैंड के नीचे है, जबकि निचला बैंड 1.23 डॉलर पर अहम सपोर्ट के रूप में काम कर रहा है।
सोलाना पर दबाव और अन्य टोकनों का हाल
बाजार के अन्य हिस्सों में स्थिति पूरी तरह एकतरफा नहीं है। सोलाना पर लगातार बिकवाली का दबाव देखा जा रहा है, जो बुधवार को 92 डॉलर से नीचे कारोबार कर रहा था और इस हफ्ते इसमें 3.5 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की जा चुकी है। अमेरिका में लिस्टेड स्पॉट सोलाना एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स यानी ETF की कमजोर मांग, शॉर्ट पोजीशन में बढ़ोतरी और अत्यधिक गर्म बाजार स्थितियां सोलाना के सुधार को सीमित कर रही हैं।
कुछ समय के लिए बिटकॉइन भी 76,000 डॉलर के नीचे 200-दिवसीय EMA के आधार 76,501 डॉलर और 76,466 डॉलर के सपोर्ट की परीक्षा लेता दिखा था। विश्लेषकों का मानना है कि यदि किसी भी प्रमुख क्रिप्टोकरेंसी में इन आधारभूत स्तरों से नीचे निर्णायक गिरावट आती है, तो नुकसान गहरा सकता है।
क्रिप्टो बाजार की बुनियादी समझ और संरचना
डिजिटल एसेट बाजार की गतिविधियों को समझने के लिए इसके मूल घटकों को जानना जरूरी है। बिटकॉइन बाजार पूंजीकरण के हिसाब से सबसे बड़ी आभासी मुद्रा है, जिसे बिना किसी केंद्रीय सत्ता या तीसरे पक्ष के स्वतंत्र लेनदेन के लिए तैयार किया गया था। बिटकॉइन के अलावा अन्य सभी मुद्राओं को ऑल्टकॉइन कहा जाता है, जिनमें लाइटकॉइन को बिटकॉइन प्रोटोकॉल से अलग होकर बना पहला ऑल्टकॉइन माना जाता है।
वहीं, स्थिर सिक्के यानी स्टेबलकॉइन्स अमेरिकी डॉलर जैसी मुद्राओं या वित्तीय साधनों से जुड़े होते हैं ताकि मूल्य स्थिरता बनी रहे। यह निवेशकों के लिए अत्यधिक उतार-चढ़ाव वाले बाजार में फंड सुरक्षित रखने और प्रवेश या निकास का जरिया बनते हैं। बाजार में बिटकॉइन डोमिनेंस यानी कुल बाजार पूंजीकरण में बिटकॉइन का हिस्सा भी महत्वपूर्ण पैमाना है। जब बिटकॉइन डोमिनेंस घटती है, तो इसका मतलब होता है कि निवेशक ज्यादा मुनाफे के लिए अपनी पूंजी ऑल्टकॉइन में लगा रहे हैं, जिससे अक्सर ऑल्टकॉइन रैलियों की शुरुआत होती है।



















