राष्ट्रीय राजधानी में विजयादशमी उत्सव के मंच से स्वच्छता का संदेश देने की एक अनोखी पहल बड़े राजनीतिक विवाद का सबब बन गई है। पीतमपुरा इलाके में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम में बुराई के पारंपरिक प्रतीकों के अलावा एक विशालकाय कीट के पुतले को आग के हवाले किया गया। आयोजक मंडल ने इस कदम को अस्वच्छता और बीमारियों के खिलाफ जनचेतना जगाने का माध्यम बताया, जबकि विपक्षी दल ने इसे धार्मिक रीति-रिवाजों का अपमान करार देते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग शुरू कर दी है।
पीतमपुरा मैदान में दिखा अनोखा नजारा
उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के नेताजी सुभाष प्लेस स्थित दिल्ली विकास प्राधिकरण के परिसर में श्री केशव रामलीला कमेटी ने दशहरे के अवसर पर यह अनूठा प्रयोग किया। मंगलवार के मुख्य समारोह में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पारंपरिक ढांचों के निकट ही 30 फुट की ऊंचाई वाला एक विशाल कॉकरोच का ढांचा भी खड़ा किया गया था। मैदान में एकत्र जनसमूह के बीच यह विशालकाय पुतला कौतूहल का सबसे बड़ा केंद्र बना रहा, जिसे मुख्य आतिशबाजी के दौरान जला दिया गया।
गंदगी और बीमारियों के खिलाफ जागरूकता का दावा
इस पहल का बचाव करते हुए आयोजन समिति के प्रमुख तथा मॉडल टाउन क्षेत्र से भाजपा विधायक अशोक गोयल देवराहा ने स्पष्ट किया कि यह पुतला समाज में फैली अस्वच्छता की बुराई को रेखांकित करने के लिए बनाया गया था। उनका कहना था कि घरेलू परिवेश में पाए जाने वाले ऐसे कीट अस्वास्थ्यकर माहौल से पनपते हैं, जो लोगों में दमा और तरह-तरह की एलर्जी का प्रमुख कारण बनते हैं। समिति ने जनसामान्य से अपने घरों के साथ-साथ मोहल्लों और सार्वजनिक परिसरों को भी साफ-सुथरा रखने की अपील की।
मंच पर उपस्थित रहे कई विशिष्ट अतिथि
उत्सव के दौरान कई प्रमुख राजनीतिक और सामाजिक हस्तियां मौजूद रहीं। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे भाजपा के राज्यसभा सदस्य अरुण सिंह ने पर्व को सच्चाई और कर्तव्यबोध के मूल्यों को आत्मसात करने का जरिया बताया। इसी तरह दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि त्योहारों से मिलने वाले सद्विचारों को दैनिक जीवन में अपनाना चाहिए। विश्व हिंदू परिषद की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष कपिल खन्ना ने रेखांकित किया कि रामलीला और विजयादशमी जैसे आयोजन भारतीय सांस्कृतिक विरासत को अक्षुण्ण रखने और सामाजिक ताने-बाने को जोड़ने का कार्य करते हैं।
आप ने दर्ज कराई औपचारिक शिकायत
दूसरी तरफ, इस प्रयोग के सामने आते ही आम आदमी पार्टी ने कड़ा विरोध दर्ज कराया। पार्टी की दिल्ली इकाई के प्रमुख सौरभ भारद्वाज ने उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू तथा दिल्ली पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार को पत्र भेजकर आयोजकों पर कार्रवाई की मांग की। भारद्वाज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि इस आयोजन से आस्था को ठेस पहुंची है और सदियों पुरानी हिंदू मान्यताओं को विकृत करने का जान-बूझकर प्रयास हुआ है। इसके साथ ही स्वच्छता का संदेश देने के उद्देश्य से रखा गया यह कार्यक्रम सीधे राजनीतिक टकराव के केंद्र में आ गया।



















