राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में हादसों के दो अलग-अलग मामले सामने आए हैं। विवेक विहार इलाके में एलपीजी सिलेंडर में हुए अचानक विस्फोट की वजह से एक बड़ा हादसा हो गया है, जिसमें पति और पत्नी दोनों गंभीर रूप से झुलस गए हैं। यह दुर्घटना विवेक विहार थाने के पीछे स्थित झुग्गी नंबर-11 की है। इस घटना के सामने आने के बाद आसपास के पूरे इलाके में कोहराम मच गया और स्थानीय लोगों के बीच भारी अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। सूचना मिलते ही दमकल और पुलिस की टीमें तुरंत हरकत में आ गईं और राहत बचाव कार्य शुरू किया गया।
झुग्गी में रखे छोटे सिलेंडर में धमाका
मिली जानकारी के अनुसार, झुग्गी के अंदर रखे एक छोटे एलपीजी सिलेंडर में अचानक तेज धमाका हुआ। धमाके की आवाज सुनते ही मौके पर हड़कंप मच गया। इस भयानक हादसे की चपेट में आने से 35 वर्षीय अनिल दास और उनकी 30 वर्षीय पत्नी खुशबू बुरी तरह से झुलस गए। घटना की गंभीरता को देखते हुए तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम की मदद ली गई। पीसीआर वैन की सहायता से दोनों घायलों को तत्काल प्रभाव से राजीव गांधी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। चिकित्सा सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, यह दम्पति लगभग 60 प्रतिशत तक जल चुका है और उनकी स्थिति गंभीर बनी हुई है।
फायर ब्रिगेड ने संभाला मोर्चा
हादसे की खबर मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां भी बिना किसी देरी के घटनास्थल पर पहुंच गईं। आग पर पूरी तरह काबू पाने और हालात को नियंत्रित करने के लिए 2 वाटर टेंडर और 1 वॉटर बॉजर यूनिट को मौके पर रवाना किया गया था। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद स्थिति को संभाला। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस एलपीजी सिलेंडर में ब्लास्ट किन ठोस कारणों की वजह से हुआ था, जिसकी प्रशासनिक स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है। इस घटना के तुरंत बाद कुछ समय तक पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना रहा।
पश्चिमी दिल्ली के लकड़ी कारखाने में आग
दूसरी तरफ, राजधानी के पश्चिमी दिल्ली इलाके में भी एक बड़ी दुर्घटना घटी। राजधानी मेट्रो स्टेशन के पास रविवार तड़के लकड़ी और प्लाईवुड के एक बड़े कारखाने में भयानक आग भड़क उठी। आग इतनी विकराल थी कि स्थिति से निपटने के लिए दिल्ली अग्निशमन सेवा ने तुरंत कार्रवाई करते हुए कुल 25 दमकल गाड़ियों को मौके पर रवाना किया। गनीमत यह रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी भी व्यक्ति के हताहत होने की कोई सूचना सामने नहीं आई है, जिससे एक बड़ा टल गया।
तड़के तीन बजे मिला आग लगने का संदेश
अधिकारियों से प्राप्त विवरण के अनुसार, असम टिंबर मार्केट में स्थित लकड़ी के गोदाम में आग लगने की यह घटना तड़के करीब तीन बजे संज्ञान में आई। दमकल विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शुरुआती चरण में केवल नौ दमकल गाड़ियों को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया था, लेकिन आग की भीषणता को देखते हुए और अधिक अतिरिक्त दमकल वाहनों को तुरंत सेवा में लगाया गया। हालात की नजाकत को भांपते हुए तड़के करीब 3.24 बजे इस आग को भीषण श्रेणी का घोषित कर दिया गया।
दो हजार वर्ग गज में फैली है इमारत
कड़ी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने सुबह करीब साढ़े छह बजे इस खतरनाक आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया। अधिकारियों के अनुसार, यह आग एक बहुमंजिला इमारत के तहखाने में संचालित लकड़ी के गोदाम में लगी थी। इस इमारत में तहखाना, भूतल या स्टिल्ट और इसके अलावा दो मंजिलें बनी हुई हैं। यह पूरी व्यावसायिक इमारत करीब 2,000 वर्ग गज के विशाल क्षेत्र में फैली हुई है, जिसके कारण आग बुझाने में भारी मशक्कत करनी पड़ी।





















