बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने हाल ही में आज की नई पीढ़ी यानी जेन-जी के जीने के तरीके पर अपने विचार रखे हैं। उनका मानना है कि मौजूदा दौर के युवा अपनी शर्तों पर जीवन बिताना पसंद करते हैं और उन्हें प्रसन्न रहने के लिए किसी बड़ी उपलब्धि की दरकार नहीं होती। वह वर्तमान में जीना जानते हैं और छोटी-छोटी बातों में संतोष तलाश लेते हैं।
कौन बनेगा करोड़पति के मंच पर रखा पक्ष
अपने लोकप्रिय टेलीविजन क्विज शो कौन बनेगा करोड़पति के एक हालिया एपिसोड के दौरान अमिताभ बच्चन ने युवाओं की तारीफ की। उन्होंने दर्शकों से मुखातिब होते हुए कहा कि उन्हें इस पीढ़ी के साथ संवाद करके बेहद प्रसन्नता होती है। इस वर्ग की सबसे बड़ी खूबी यह है कि वे खुशियों के लिए किसी खास मौके का इंतजार नहीं करते। वे यह मानकर नहीं बैठते कि पहले सारे कष्ट दूर हों और सब कुछ ठीक हो, तब जाकर वे आनंद मनाएंगे। इसके विपरीत, वे जैसी भी स्थिति है, उसे वैसे ही अपनाकर आगे बढ़ते हैं।
जिंदगी को जीने का नया नजरिया
युवाओं के इस दृष्टिकोण को आगे समझाते हुए अभिनेता ने कहा कि जेन-जी का मानना है कि जीवन केवल किसी लक्ष्य को हासिल कर लेने भर तक सीमित नहीं है। इसे वास्तविक आनंद के साथ जीना भी उतना ही आवश्यक है। उनके अनुसार, इंसान के पास जो भी संसाधन हैं, वह जिस भी परिस्थिति में है और जितना भी उसके पास उपलब्ध है, उसी दायरे में खुशियों को तलाश लेना चाहिए।
बदलती भाषा शैली पर मजेदार टिप्पणी
युवाओं की कार्यशैली की सराहना करने के साथ-साथ अमिताभ बच्चन ने उनकी बदलती शब्दावली पर भी हल्के-फुल्के अंदाज में चर्चा की। पिछले एपिसोड में उन्होंने युवाओं द्वारा बोलचाल में इस्तेमाल किए जाने वाले नए शब्दों और तौर-तरीकों को समझने का प्रयास किया था। उन्होंने मजाकिया लहजे में स्वीकार किया कि समय के साथ भाषा का स्वरूप बदल रहा है और नई पीढ़ी के कुछ शब्द उनके लिए थोड़े विचित्र साबित होते हैं।
शब्दावली के शाब्दिक अर्थ का मजाकिया पहलू
अपनी बात को स्पष्ट करते हुए उन्होंने उदाहरण दिया कि आज के युवा किसी की प्रशंसा करने के लिए 'रॉकिंग' शब्द का प्रयोग करते हैं, जिसका सामान्य अर्थ यह होता है कि कोई व्यक्ति बहुत बेहतरीन कार्य कर रहा है। लेकिन इसके शाब्दिक अर्थ पर गौर करते हुए उन्होंने चुटकी ली कि उन्होंने तो आज तक अपने जीवन में कोई पत्थर उठाया ही नहीं है। उनकी इस हास्यप्रद बात को सुनकर सेट पर मौजूद सभी लोग हंस पड़े।
किलिंग इट जैसे शब्दों पर उलझन
इस कड़ी में उन्होंने एक अन्य आधुनिक मुहावरे का भी जिक्र किया। उन्होंने साझा किया कि यदि कोई उनसे यह कहता है कि वह 'किलिंग इट' कर रहे हैं, तो उन्हें तुरंत यह समझ नहीं आता कि आखिर उनसे इस तरह की बातें क्यों की जा रही हैं। गौरतलब है कि अमिताभ बच्चन इन दिनों चर्चित रियलिटी गेम शो कौन बनेगा करोड़पति के 18वें सीजन की मेजबानी संभाल रहे हैं।



















