मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने बॉलीवुड अभिनेता डिनो मोरिया को हिरासत में ले लिया है। यह कानूनी कार्रवाई महानगर की मीठी नदी के सफाई प्रोजेक्ट में सामने आई कथित वित्तीय धांधली की पड़ताल के तहत की गई है। जांच दल ने 2 अक्टूबर 2026 को अभिनेता को गिरफ्तार करने से पहले उनके आवास पर लगभग आठ घंटे तक सघन पूछताछ की थी। इस पूरे प्रकरण में नगर निगम को भारी आर्थिक चपत लगने का आरोप है, जिसके बाद सुरक्षा और वित्तीय एजेंसियां कॉन्ट्रैक्ट वितरण के पूरे नेटवर्क को खंगाल रही हैं।
बीएमसी को 65.54 करोड़ रुपये के कथित नुकसान का मामला
जांच का दायरा मीठी नदी से गाद निकालने और उसकी व्यापक सफाई व्यवस्था के लिए दिए गए ठेकों के इर्द-गिर्द केंद्रित है। वित्तीय अपराध शाखा की प्राथमिक जांच के अनुसार, इस पूरे प्रोजेक्ट में हुई अनियमितताओं के चलते बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) को कथित रूप से 65.54 करोड़ रुपये की वित्तीय हानि उठानी पड़ी। एजेंसी ठेकेदारों, बिचौलियों और नगर निगम के अधिकारियों की सांठगांठ की तह तक जा रही है, जिसमें कार्य आवंटन की शर्तों और भुगतान के पूरे तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं।
यह पहला मौका नहीं है जब अभिनेता इस जांच के दायरे में आए हैं। पिछले वर्ष जून महीने में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने डिनो मोरिया के मुंबई स्थित घर पर करीब 14 घंटे तक सघन तलाशी अभियान चलाया था। उसी दौरान जांच दल ने मुंबई और कोच्चि में 14 अन्य ठिकानों पर एक साथ छापे मारे थे, जिसमें उनके भाई के आवास के साथ-साथ कई ठेकेदारों और बिचौलियों के कारोबारी परिसर भी शामिल थे।
18 लाख रुपये का वित्तीय लेनदेन और साझा दफ्तर का लिंक
मामले में अभिनेता और उनके परिवार की मुश्किलें उस समय बढ़ गईं जब 18 लाख रुपये के एक खास लेनदेन का सुराग मिला। वित्तीय रिकॉर्ड्स की पड़ताल में सामने आया कि यह रकम 'यूबीओ राइड्ज' नामक उपक्रम को भेजी गई थी, जहां डिनो मोरिया के भाई सैंटिनो मोरिया डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं। सुरक्षा अधिकारियों के मुताबिक, यह रकम केतन कदम द्वारा हस्तांतरित की गई थी, जिसे इस घोटाले के मुख्य आरोपियों में गिना जाता है।
केतन कदम का संबंध 'वोदर इंडिया एलएलपी' से है और उसे वर्ष 2025 में नदी की डीसिल्टिंग से जुड़ी धोखाधड़ी के आरोप में पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। जांच के दौरान जांचकर्ताओं ने यह भी रेखांकित किया कि वोदर इंडिया एलएलपी और इलेक्ट्रिक कार्ट निर्माण से जुड़ी कंपनी यूबीओ राइड्ज, दोनों ही मुंबई के वर्ली क्षेत्र में स्थित फेमस स्टूडियो के पास एक ही आधिकारिक पते से अपना संचालन करती थीं। इसी साझा पते और फंड ट्रांसफर ने मामले में साठगांठ के संदेह को और गहरा कर दिया।
अभिनय से निर्माण तक का सफर
डिनो मोरिया लंबे समय से हिंदी सिनेमा का एक जाना-पहचाना चेहरा रहे हैं। दर्शकों के बीच उन्हें 'राज' और 'हैप्पी न्यू ईयर' जैसी लोकप्रिय फिल्मों में निभाई गई भूमिकाओं के लिए याद किया जाता है। हालांकि हाल के वर्षों में उन्होंने अभिनय की दुनिया में अपनी सक्रियता सीमित करते हुए फिल्म निर्माण के क्षेत्र में कदम बढ़ाया था। पर्दे पर उनकी आखिरी प्रमुख उपस्थिति वर्ष 2021 में रिलीज हुई ऐतिहासिक वेब सीरीज 'द एम्पायर' में देखी गई थी। अब नदी प्रोजेक्ट में करोड़ों के गबन की जांच के केंद्र में आने से उनकी कानूनी चुनौतियां बढ़ गई हैं।


















