महाराष्ट्र राज्य पुलिस आयोग की परीक्षा में धांधली का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ परीक्षा पास करने के बाद प्रेमी को छोड़ना एक महिला उम्मीदवार को बेहद भारी पड़ गया। परीक्षा पत्र लीक होने की जानकारी उजागर होने के बाद राज्य में व्यापक आक्रोश फैल गया, जिसके बाद प्रशासन को पूरी परीक्षा ही रद्द करनी पड़ी। मुंबई क्राइम ब्रांच ने इस प्रकरण में त्वरित कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को हिरासत में लिया है, जिसमें रिश्वत देकर प्रश्नपत्र खरीदने वाली मुख्य अभ्यर्थी और उसके पिता भी शामिल हैं।
व्हाट्सएप बातचीत से खुला 78 सवालों की सेटिंग का राज
इस पूरे घोटाले की तह तक पहुँचने में दो लोगों के बीच हुई एक निजी व्हाट्सएप बातचीत की सबसे मुख्य भूमिका रही। लीक हुए चैट के विवरण से ज्ञात होता है कि महिला अभ्यर्थी ऋतुजा पाटिल ने अपने प्रेमी को परीक्षा के बाद संदेश भेजकर पूरे प्रश्नपत्र की जानकारी दी थी। उसने बताया कि पेपर लीक कराने वाले नेटवर्क ने उसे कुल 78 प्रश्न मुहैया कराए थे। अभ्यर्थी ने दावा किया कि उसने परीक्षा हॉल में वे सभी 78 सवाल बिल्कुल सही ढंग से हल कर लिए थे।
इसके अतिरिक्त, अभ्यर्थी ने चैट में यह स्वीकार किया कि लीक मिले 78 सवालों के अलावा उसने अपनी ओर से 13 अन्य प्रश्नों को भी हल किया था। इस प्रकार उसने परीक्षा में कुल 91 सवाल हल किए थे। चैट के दौरान उसने 77 और 78 प्रश्नों को निश्चित रूप से सही हल करने की बात कही और अंक विभाजन की गणितीय गणना पर भी चर्चा की। इतना ही नहीं, परीक्षा केंद्र के मुख्य द्वार पर दादू नाम के व्यक्ति से हुई बातचीत का उल्लेख करते हुए उसने मोबाइल जमा कराने और प्रश्नपत्र को जांचने का निर्देश देने की बात भी स्वीकारी थी।
धोखे और ब्रेकअप के बाद प्रेमी ने उठाया पर्दा
इस बड़े फर्जीवाड़े का भंडाफोड़ किसी जांच एजेंसी की प्राथमिक छानबीन से नहीं, बल्कि व्यक्तिगत रंजिश के कारण हुआ। बताया जा रहा है कि मुख्य आरोपी ऋतुजा पाटिल के पिता ने अपनी बेटी को सरकारी नौकरी दिलाने के उद्देश्य से मोटी रकम देकर एमपीएससी का प्रश्नपत्र खरीदा था। बेटी ने परीक्षा देने के तुरंत बाद अपने प्रेमी को इस खरीद फरोख्त और लीक हुए सवालों के सटीक मिलने की पूरी जानकारी दी थी।
हालांकि, परीक्षा का परिणाम आने और चयन की पुष्टि होने के बाद अभ्यर्थी के व्यवहार में अचानक बदलाव आ गया। खुद को भावी अधिकारी मानकर उसने अपने प्रेमी से रिश्ते खत्म कर लिए। इस बेवफाई और धोखे से दुखी होकर प्रेमी ने प्रतिशोध लेने का फैसला किया। उसने लड़की के साथ हुई पूरी व्हाट्सएप चैट के साक्ष्य एकत्र किए और सीधे मुंबई पुलिस से संपर्क कर सारा कच्चा चिट्ठा खोल दिया।
प्रशासन की सख्त कार्रवाई और छह गिरफ्तारियां
प्रेमी द्वारा सौंपे गए साक्ष्यों के आधार पर मुंबई पुलिस ने जांच शुरू की, तो धांधली की पुष्टि हो गई। मामला उजागर होते ही राज्य भर में अभ्यर्थियों और प्रतियोगी परीक्षार्थियों का जबरदस्त विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। भारी जनआक्रोश और राजनीतिक दबाव के बीच महाराष्ट्र सरकार ने तुरंत कदम उठाते हुए पूरी एमपीएससी परीक्षा को रद्द करने की आधिकारिक घोषणा कर दी।
मामले की गहराई से छानबीन कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच ने अब तक कुल छह लोगों को गिरफ्तार या हिरासत में लिया है। पकड़े गए आरोपियों में धोखाधड़ी करने वाली अभ्यर्थी ऋतुजा पाटिल, उसके पिता और कौटिल्य एकेडमी से जुड़े एक आरोपी शिक्षक शामिल हैं। इसके अलावा तीन अन्य बिचौलियों को भी कानून के शिकंजे में लिया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि लीक का यह जाल और कितने अभ्यर्थियों तक फैला हुआ था।



















