खान-पान के शौकीन लोग अपने भोजन का स्वाद बढ़ाने के लिए अक्सर कई तरह के मसालों का प्रयोग करते हैं। खासकर सलाद, रायता, अंकुरित अनाज और विभिन्न प्रकार के स्नैक्स में चटपटा स्वाद लाने के लिए चाट मसाला सबसे लोकप्रिय विकल्प माना जाता है। ज्यादातर लोग बाजार में मिलने वाले डिब्बाबंद चाट मसाले पर ही निर्भर रहते हैं। हालांकि, बाजार के मसालों में कई बार ताजगी और वह प्रामाणिक खुशबू नहीं मिल पाती जो घर में तैयार किए गए मसालों में होती है। सही सामग्री और सही तकनीक का उपयोग करके आप बिना किसी रासायनिक प्रिजर्वेटिव के शुद्ध और स्वादिष्ट चाट मसाला आसानी से रसोई में बना सकते हैं।
घर पर चाट मसाला बनाने के मुख्य फायदे
बाजार से खरीदे गए मसालों की तुलना में घरेलू चाट मसाला स्वाद और सुगंध दोनों मामलों में काफी बेहतर होता है। लंबे समय तक पैकेट में बंद रहने के कारण डिब्बाबंद मसालों के प्राकृतिक तेल धीरे-धीरे कम हो जाते हैं। जब आप अपनी रसोई में खड़े मसालों को धीमी आंच पर भूनकर पीसते हैं, तो उनकी प्राकृतिक सुगंध पूरी तरह बनी रहती है। इसके अलावा, घर में मसाला तैयार करते समय आप मिर्च और नमक की मात्रा को अपनी पसंद के अनुसार संतुलित भी कर सकते हैं।
चाट मसाला बनाने के लिए आवश्यक सामग्री
आजमगढ़ में आचार का व्यवसाय करने वाले शिवम राय के अनुसार, एक आदर्श और जायकेदार चाट मसाला तैयार करने के लिए रसोई में मौजूद कुछ बुनियादी खड़े मसालों और पिसे हुए घटकों की आवश्यकता होती है। इसे बनाने के लिए निम्नलिखित सामग्री इकट्ठा कर लें
- जीरा: मुख्य आधार और सोंधा स्वाद देने के लिए
- साबुत धनिया: मसाले को बेहतरीन बनावट और हल्की मिठास देने के लिए
- काली मिर्च: तीखापन और पाचक गुण जोड़ने के लिए
- अजवाइन: पाचन में सहायक और विशिष्ट स्वाद के लिए
- सौंफ: हल्की ठंडक और मीठी सुगंध के लिए
- सूखी लाल मिर्च: चटपटा रंग और तीखा स्वाद लाने के लिए
- अमचूर पाउडर: आवश्यक खट्टापन प्रदान करने के लिए
- काला नमक: प्रामाणिक चटपटा स्वाद और पाचन लाभ के लिए
- सफेद नमक: स्वादानुसार सामान्य नमकीन स्वाद के लिए
- हींग: तेज सुगंध और बेहतर पाचन के लिए
मसाले भूनने की सही विधि और समय
चाट मसाला बनाने की पहली और सबसे महत्वपूर्ण प्रक्रिया मसालों को भूनना है। सबसे पहले रसोई में रखी एक साफ कढ़ाई या पैन को गैस पर रखें और आंच को बिल्कुल धीमा कर दें। अब इस पैन में जीरा, साबुत धनिया, काली मिर्च, सौंफ, अजवाइन और सूखी लाल मिर्च को एक साथ डालें। इन सभी खड़े मसालों को धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए 2 से 3 मिनट तक भूनें।
धीमी आंच पर भूनने का मुख्य उद्देश्य मसालों के भीतर मौजूद नमी को पूरी तरह समाप्त करना है। जब मसालों की नमी खत्म हो जाती है, तो उनमें से एक बहुत ही सोंधी और मनभावन खुशबू आने लगती है। मसालों को भूनते समय इस बात का विशेष ध्यान रखें कि आंच तेज न हो और भूनने का समय 3 मिनट से ज्यादा न हो। यदि मसाले अत्यधिक भुन जाते हैं या जल जाते हैं, तो पूरे चाट मसाले का स्वाद कड़वा हो सकता है। भूनने के बाद मसालों को तुरंत एक प्लेट में निकालें और पूरी तरह ठंडा होने दें।
पीसने की प्रक्रिया और मिश्रण तैयार करना
जब भुने हुए खड़े मसाले पूरी तरह ठंडे हो जाएं, तभी उन्हें मिक्सी जार में स्थानांतरित करें। गर्म मसालों को पीसने से मिक्सी के अंदर भाप बन जाती है, जिससे मसाले की शेल्फ लाइफ कम हो सकती है। अब जार में भुने मसालों के साथ अमचूर पाउडर, काला नमक, सफेद नमक और हींग भी मिला दें। सभी सामग्रियों को जार में डालने के बाद मिक्सी चलाएं और मिश्रण को एकदम बारीक पीस लें। इस तरह आपका देसी और जायकेदार चाट मसाला बनकर तैयार हो जाता है।
भंडारण के नियम और उपयोग का तरीका
तैयार चाट मसाले को हमेशा कांच के एयर टाइट डिब्बे में ही स्टोर करना चाहिए। प्लास्टिक या खुले बर्तन में रखने से इसमें नमी प्रवेश कर सकती है, जिससे मसाले का स्वाद और सुगंध दोनों खराब हो सकते हैं। एयर टाइट जार में रखा गया यह मसाला महीनों तक ताजा और स्वादिष्ट बना रहता है। इस मसाले का उपयोग आप रोजाना के भोजन, नाश्ते, ताजे कटे फलों, सलाद, उबले चने और तरह-तरह की चटपटी डिशेज में स्वाद बढ़ाने के लिए कर सकते हैं।



















