भारतीय रसोई में चावल का स्थान सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। दाल, सब्जी, राजमा या मसालेदार करी के साथ गरमा-गरमा चावल लगभग हर घर की रोजमर्रा की थाली की शान बनते हैं। लेकिन कई बार चावल बनाते समय पानी का सही अनुपात न होने से पूरी मेहनत खराब हो जाती है। पानी ज्यादा हो जाए तो चावल आपस में चिपककर गीले और पिलपिले हो जाते हैं, वहीं पानी कम रहने पर दाने कड़े और कच्चे रह जाते हैं। अगर आपको भी चावल पकाने में ऐसी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है, तो पानी के सही माप और पकाने की सही तकनीक को समझकर आप हर बार एकदम खिले-खिले, मुलायम और जायकेदार चावल तैयार कर सकते हैं।
बर्तन में चावल पकाने के लिए पानी का सही गणित
यदि आप किसी खुले बर्तन या पैन में नियमित सफेद चावल पका रहे हैं, तो सामान्य नियम के अनुसार 1 गिलास चावल के लिए लगभग 1.5 से 2 गिलास पानी की जरूरत होती है। हालांकि, पानी की यह मात्रा पूरी तरह निश्चित नहीं होती, क्योंकि यह चावल की किस्म, चावल नया है या पुराना, और आपके पकाने के तरीके पर निर्भर करती है। यदि आपको बेहद नरम और थोड़े ज्यादा फूले हुए चावल पसंद हैं, तो आप पूरे 2 गिलास पानी का इस्तेमाल कर सकते हैं। वहीं अगर आप लंबे दाने वाले चावल बना रहे हैं, तो 1.5 गिलास या उससे थोड़ा ही अधिक पानी काफी होता है, ताकि दाने आपस में न चिपकें।
चावल को धोने और भिगोने का सही तरीका
स्वादिष्ट और साफ-सुथरे चावल बनाने के लिए पकाने से पहले की तैयारी बहुत मायने रखती है। चावल को बर्तन में डालने से पहले साफ पानी से 2 से 3 बार अच्छी तरह धोना चाहिए। ऐसा करने से चावल की सतह पर मौजूद अतिरिक्त स्टार्च, धूल और गंदगी आसानी से बाहर निकल जाती है, जिससे चावल पकने के बाद चिपचिपे नहीं बनते। धोने के बाद चावल को साफ पानी में लगभग 15 से 20 मिनट के लिए भिगोकर रख देना चाहिए। भिगोने से चावल के दाने अंदर तक पानी सोख लेते हैं, जिससे पकाने के दौरान वे समान रूप से नरम होकर पकते हैं। ध्यान रखें कि यदि आपने चावल को पहले से भिगोया है, तो पकाते समय आपको पानी की मात्रा थोड़ी कम रखनी होगी।
खुले बर्तन में चावल पकाने की स्टेप बाय स्टेप विधि
एक पैन या पतीले में सही मात्रा में मापा हुआ पानी और धोकर रखे गए चावल डालें। चावल का स्वाद और रंगत बढ़ाने के लिए आप इसमें स्वादानुसार थोड़ा नमक, एक छोटा टुकड़ा दालचीनी, और थोड़ा सा तेल या देसी घी मिला सकते हैं। इसके बाद बर्तन को मध्यम से तेज आंच पर रखें और पानी में उबाल आने दें। जैसे ही पानी उबलने लगे, तुरंत आंच को धीमा कर दें और बर्तन को ढक्कन से अच्छी तरह ढक दें। पकाने के दौरान चावल को बार-बार चम्मच या कड़छी से हिलाने की गलती कभी न करें। बार-बार हिलाने से चावल के नाजुक दाने टूट जाते हैं और उनसे स्टार्च निकलकर पूरे चावल को चिपचिपा बना देता है।
जब बर्तन का सारा पानी लगभग पूरी तरह से सूख जाए और चावल के दाने छूने में पूरी तरह नरम लगने लगें, तो गैस बंद कर दें। आंच बंद करने के तुरंत बाद ढक्कन न हटाएं। बर्तन को ढककर 5 से 10 मिनट के लिए ऐसे ही छोड़ दें। यह रेस्टिंग टाइम बेहद जरूरी होता है, क्योंकि इस दौरान अंदर मौजूद भाप चावल के दानों को आपस में अलग-अलग और पूरी तरह से सेट कर देती है।
प्रेशर कुकर में पानी का सही अनुपात और अन्य सावधानियां
प्रेशर कुकर में चावल पकाना खुले बर्तन की तुलना में काफी अलग होता है। कुकर के अंदर से भाप बाहर नहीं निकल पाती, इसलिए इसमें पानी की खपत कम होती है। कुकर में 1 गिलास चावल पकाने के लिए आमतौर पर 1.5 गिलास पानी से शुरुआत करना सबसे अच्छा माना जाता है। हालांकि, चावल की किस्म के हिसाब से इसमें थोड़ा बदलाव किया जा सकता है। वास्तव में चावल में पानी की सटीक मात्रा के लिए कोई एक कठोर नियम लागू नहीं होता। चावल पुराना है या नया, यह सबसे बड़ा कारक होता है। इसलिए जब भी आप बाजार से चावल का नया पैकेट लाएं, तो उस पर लिखे निर्देशों और पानी के दिए गए सुझावों को एक बार जरूर पढ़ लें।



















