गुजरात के जामनगर जिले में गैरकानूनी शराब तस्करी के विरुद्ध प्रशासन ने एक सख्त कदम उठाया है। जिले के लालपुर इलाके में पुलिस विभाग द्वारा विभिन्न छापों के दौरान बरामद की गई करोड़ों रुपये मूल्य की अवैध अंग्रेजी शराब की खेप को भारी मशीनों की मदद से पूरी तरह नष्ट कर दिया गया। इस पूरी मुहिम में 2.25 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की शराब को कुचलकर खत्म किया गया है।
चार थानों में जब्त शराब के निस्तारण का आदेश
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, यह समूचा स्टॉक जनवरी 2026 से अगस्त 2026 के मध्य अलग-अलग कार्यवाहियों के तहत पकड़ा गया था। इस अवधि में लालपुर, मेघपर (पडाना), जामजोधपुर और सेठवड़ाला पुलिस थानों की टीमों ने अवैध परिवहन और भंडारण के मामलों में विभिन्न ब्रांडों की अंग्रेजी शराब, बीयर के टिन और कैन जब्त किए थे। कानूनी प्रक्रियाओं के पूरा होने के बाद इन सभी जब्त मादक पदार्थों को नियमानुसार नष्ट करने का आधिकारिक फैसला लिया गया।
धांधर नदी के तट पर चला रोड रोलर और बुलडोजर
शराब नष्ट करने की इस प्रक्रिया के लिए लालपुर-जामनगर मार्ग पर स्थित सरकारी कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय के पिछले हिस्से में जगह चुनी गई। वहां धांधर नदी के किनारे बने खुले मैदान में शराब की खेप को इकट्ठा किया गया। रिकॉर्ड के अनुसार, कुल 42,523 बोतलें, कैन और अन्य पैकेट मैदान पर फैलाए गए, जिनका आधिकारिक मूल्यांकन 2,25,59,315 रुपये यानी लगभग 2.25 करोड़ रुपये था। इसके बाद मौके पर मौजूद रोड रोलर और जेसीबी मशीनों ने इन सभी बोतलों और कैनों को कुचलकर पूरी तरह बेकार कर दिया।
प्रशासनिक समिति और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की निगरानी
शराब नष्ट करने का यह पूरा अभियान एक विशेष सरकारी समिति की सीधी देखरेख में संचालित हुआ। इस समिति का नेतृत्व लालपुर के उपविभागीय मजिस्ट्रेट ने किया। मौके पर सहायक पुलिस अधीक्षक प्रतिभा (IPS), जामनगर के नारकोटिक्स, निषेध एवं आबकारी अधिकारी एस.सी. वाडा के अलावा संबंधित चारों पुलिस थानों के प्रभारी और जांच अधिकारी मौजूद रहे। पूरी प्रक्रिया की विडियोग्राफी और दस्तावेजीकरण नियमों के तहत सुनिश्चित किया गया ताकि किसी भी स्तर पर जब्ती के रिकॉर्ड में कोई विसंगति न रहे।
कच्छ में सामने आया था नकली शराब बनाने का बड़ा गिरोह
गुजरात में शराबबंदी को लागू रखने के लिए पुलिस लगातार सघन अभियान चला रही है। इससे पूर्व राज्य के कच्छ जिले में भुज साइबर सेल ने नकली शराब तैयार करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया था। आदिपुर क्षेत्र में की गई छापेमारी के दौरान पुलिस टीम ने 600 लीटर केमिकल, 200 लीटर पानी का मिश्रण, 180 मिलीलीटर क्षमता वाली 600 से ज्यादा भरी हुई बोतलें और लगभग 9,400 खाली बोतलें बरामद की थीं। मौके से बोतलों पर ढक्कन और सील लगाने वाली मशीनें भी पकड़ी गई थीं। उस मामले में मुंबई और मथुरा के रहने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था, जो राज्य में अवैध और खतरनाक शराब का नेटवर्क संचालित कर रहे थे।



















