गुजरात के कई इलाकों में स्थानीय शासन के प्रतिनिधियों को चुनने के लिए रविवार सुबह से ही मतदान प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है। राज्य के महत्वपूर्ण शहरी केंद्र गांधीनगर नगर निगम के अलावा ओखा और थरा नगर पालिकाओं में आम चुनाव कराए जा रहे हैं, जबकि राज्य भर की कई अन्य खाली पड़ी स्थानीय निकाय सीटों पर उपचुनाव संपन्न हो रहे हैं। मतदान केंद्रों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों यानी EVM का उपयोग किया जा रहा है, जहां नागरिक सुबह सात बजे से अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं और यह प्रक्रिया शाम छह बजे तक चलेगी।
गांधीनगर नगर निगम में त्रिकोणीय मुकाबला
राजधानी क्षेत्र के गांधीनगर नगर निगम (GMC) में सत्ता पर काबिज होने के लिए राजनीतिक दलों के बीच कड़ा मुकाबला देखा जा रहा है। यहां कुल 11 वार्ड बनाए गए हैं, जिनके अंतर्गत आने वाली सभी 44 सीटों पर एक साथ मतदान कराया जा रहा है। चुनावी रण में कुल 130 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। मुख्य राजनीतिक लड़ाई भारतीय जनता पार्टी (BJP), कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (AAP) के बीच केंद्रित है। इस नगर निगम क्षेत्र में लगभग 2.59 लाख पंजीकृत मतदाता हैं, जो इन सभी उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। गौरतलब है कि इससे पूर्व अक्टूबर 2021 के चुनावों में भाजपा ने 44 में से 41 सीटों पर प्रचंड जीत हासिल की थी, जबकि कांग्रेस को दो और आप को केवल एक सीट से संतोष करना पड़ा था।
ओखा और थरा नगर पालिकाओं की चुनावी स्थिति
राज्य निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, ओखा नगर पालिका के नौ वार्डों में कुल 36 सीटें निर्धारित हैं। हालांकि, इनमें से चार सीटों पर प्रत्याशी निर्विरोध चुन लिए गए हैं, जिसके चलते बाकी बची 32 सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। इन 32 सीटों के लिए कुल 75 प्रत्याशी चुनाव मैदान में ताल ठोक रहे हैं। दूसरी तरफ, थरा नगर पालिका क्षेत्र में छह वार्डों की कुल 24 सीटों पर चुनावी प्रक्रिया चल रही है, जहां 59 उम्मीदवार मैदान में उतरे हुए हैं।
विभिन्न निकायों में उपचुनाव और सुरक्षा बंदोबस्त
पूर्ण नगर पालिकाओं के अतिरिक्त खेरालु, छोटा उदयपुर और बायड नगर पालिकाओं की एक-एक रिक्त सीट पर उपचुनाव कराया जा रहा है। इसके साथ ही राज्य भर की कई जिला पंचायतों और तालुका पंचायतों की खाली सीटों पर भी उपचुनाव की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने संवेदनशील तथा अति-संवेदनशील मतदान केंद्रों पर कड़े सुरक्षा प्रबंध किए हैं। इन विशेष केंद्रों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है और पुलिस दल लगातार गश्त कर रहे हैं। यदि किसी केंद्र पर आवश्यकता महसूस हुई तो सोमवार को पुनर्मतदान कराया जाएगा, जबकि सभी पड़े मतों की गणना 13 अक्टूबर को संपन्न होगी।



















