साइबर अपराध और शादी का झूठा वादा कर ऑनलाइन ठगी करने का एक चौंकाने वाला अंतरराष्ट्रीय मामला सामने आया है। इटली की रहने वाली पाओला बर्तोलिनी नामक महिला ने आरोप लगाया है कि गुरुग्राम में रहने वाले एक शख्स ने प्यार के जाल में फंसाकर उससे 1,000 यूरो ऐंठ लिए। रकम हासिल करने के बाद आरोपी ने महिला से बातचीत और संपर्क के सभी साधन पूरी तरह बंद कर दिए, जिसके बाद न्याय की उम्मीद में पीड़िता सात समंदर पार कर सीधे भारत पहुंच गई।
इटली में कार्रवाई न होने पर लिया भारत आने का फैसला
पीड़िता ने बताया कि उसने इस धोखे की शिकायत पहले अपने देश इटली में भी दर्ज कराई थी। हालांकि, वहां जांच एजेंसियों की ओर से लंबे समय तक कोई ठोस प्रगति नहीं हो सकी। अंतरराष्ट्रीय मामलों में दो अलग-अलग देशों की सरकारों और पुलिस एजेंसियों के बीच तालमेल बिठाने की प्रक्रिया काफी धीमी होती है, जिसकी वजह से मामले की पड़ताल अटकी रही। इसके अलावा पाओला बर्तोलिनी का कहना था कि इटली में ऐसे ऑनलाइन वित्तीय अपराधों और भावनात्मक धोखों को अक्सर हल्के में आंका जाता है, जबकि यह बेहद गंभीर और नुकसानदेह अपराध है। वहां की लचर कार्रवाई से तंग आकर उन्होंने दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की उड़ान पकड़ी और सीधे गुरुग्राम साइबर पुलिस स्टेशन का रुख किया।
सहायक पुलिस आयुक्त से मिलकर दर्ज कराया मुकदमा
भारत पहुंचने के बाद पाओला बर्तोलिनी ने साइबर सहायक पुलिस आयुक्त गौरव फोगाट से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात की और अपनी पूरी आपबीती साझा की। उनकी विस्तृत शिकायत सुनने के बाद पुलिस ने फौरन औपचारिक मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पीड़िता ने गुरुग्राम पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया पेज पर भी इस मुलाकात और अपने अनुभव की जानकारी दी।
महिला ने अपनी शिकायत में साफ किया कि यह मामला सिर्फ व्यक्तिगत धोखे तक सीमित नहीं है, बल्कि एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय फर्जीवाड़ा है। उन्होंने आरोपी पर एनआरआई खाते के जरिए विदेशी मुद्रा प्रबंधन कानून यानी फेमा का गंभीर उल्लंघन करने, शादी का झांसा देकर पैसे हड़पने, इंस्टाग्राम पर मादक पदार्थों का प्रचार करने और फर्जी ईमेल के जरिए लोगों के बैंक खातों से नकदी उड़ाने के आरोप लगाए हैं।
पुलिस के पेशेवर रवैये की सराहना और गिरफ्तारी का भरोसा
पाओला बर्तोलिनी ने बताया कि वह सहायक पुलिस आयुक्त गौरव फोगाट से बातचीत के बाद ही इटली से उड़ान भरकर यहां आई थीं। उन्होंने साइबर पुलिस के त्वरित रवैये, संवेदनशीलता और पेशेवर कार्यशैली की खुलकर प्रशंसा की। उनका कहना था कि पूरी साइबर टीम ने उनकी शिकायत को गंभीरता से लिया और मदद के लिए तुरंत कदम उठाए। पीड़िता अब आरोपी की जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद कर रही हैं और उन्होंने जांच में हर संभव कानूनी सहयोग देने की बात कही है।
वहीं, इस मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि चाहे देश का नागरिक हो या विदेशी नागरिक, साइबर अपराध की हर शिकायत पर प्राथमिकता से कार्रवाई की जाती है। एसीपी गौरव फोगाट ने भरोसा दिलाया कि बैंक खाते के वित्तीय विवरण और तकनीकी निगरानी के आधार पर आरोपी की तलाश तेजी से की जा रही है और उसे जल्द ही कानून की गिरफ्त में ले लिया जाएगा।



















