हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले के संगड़ाह उपमंडल के अंतर्गत आने वाली लाना चेता पंचायत के देवना गांव से रहस्यमय परिस्थितियों में गायब हुई पांच साल की बच्ची आर्या का पांच दिन बीत जाने के बाद भी कोई अता-पता नहीं चल पाया है। बच्ची की तलाश में जुटी राष्ट्रीय आपदा मोचन बल यानी एनडीआरएफ की टीम ने तमाम कोशिशों के बाद बुधवार देर शाम अपना सर्च अभियान समाप्त कर दिया है। लगातार चार दिनों से चलाए जा रहे व्यापक तलाशी अभियानों के बेनतीजा रहने से पीड़ित परिवार के साथ-साथ पूरे इलाके के ग्रामीणों की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं।
चौदह से पंद्रह किलोमीटर के दायरे में खंगाले गए इलाके
प्रशासन और बचाव दलों ने देवना गांव से करीब चौदह से पंद्रह किलोमीटर के बड़े दायरे में सघन तलाशी अभियान चलाया था। बचाव दल ने इस दौरान इलाके की तमाम खड्डों, नालों और अन्य सभी संभावित ठिकानों को बारीकी से खंगाला। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए खोजबीन का दायरा बढ़ाते हुए गिरी नदी तक तलाश की गई। नदी के किनारों और उसके आसपास के संवेदनशील इलाकों में भी गोताखोरों और रेस्क्यू टीमों ने पूरी ताकत झोंक दी, लेकिन किसी भी छोर से बच्ची के बारे में कोई ठोस सुराग हाथ नहीं लगा।
प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई जारी
सिरमौर की उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि एनडीआरएफ के जवानों ने बच्ची को खोजने के लिए हरसंभव स्थान पर अपनी पूरी कोशिश की। हालांकि, इस व्यापक अभियान के दौरान टीम को कोई सफलता नहीं मिल पाई और कोई भी अहम सुराग नहीं तलाश जा सका। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस पूरे मामले की स्थानीय पुलिस द्वारा बहुत ही गहराई से तफ्तीश की जा रही है ताकि जल्द से जल्द सच्चाई का पता लगाया जा सके और बच्ची का कोई सुराग मिल सके।
घर के आंगन से खेलते हुए हुई थी गायब
यह पूरी घटना बीते रविवार की है जब पांच साल की आर्या अपने घर के आंगन में खेल रही थी। शाम को करीब चार बजे वह अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई। बाद में तलाश के दौरान बच्ची के जूते एक नाले के किनारे के पास बरामद किए गए थे। एनडीआरएफ के इंस्पेक्टर नफीस खान ने मीडिया को बताया कि उनकी टीम ने गांव से चौदह से पंद्रह किलोमीटर दूर तक, तमाम खड्डों और गिरी नदी के मुहानों तक हर संभावित जगह पर सर्च ऑपरेशन चलाया, मगर बच्ची का कहीं कोई सुराग नहीं मिला। इसी के चलते फिलहाल सर्च अभियान को बंद कर दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि अभी तक यह बात पूरी तरह पुख्ता नहीं हो पाई है कि बच्ची पानी में बही है या नहीं।





















