किचन में कई ऐसी सब्जियां होती हैं जो ठंडक में भी बहुत जल्दी अपनी ताजगी खो बैठती हैं और सड़ने लगती हैं। जिस तरह हरी मिर्च और हरा धनिया बहुत तेजी से खराब होने लगते हैं, उसी प्रकार भिंडी को भी सही देखभाल की जरूरत होती है। भिंडी का जायका ज्यादातर लोगों को भाता है, लेकिन इसे सात दिनों तक सुरक्षित रखना एक बड़ी चुनौती साबित होता है। अक्सर फ्रिज के अंदर ठंडक और नमी के मेल से यह चिपचिपी हो जाती है और बहुत जल्दी गलने लगती है। इस लोकप्रिय सब्जी को लंबे वक्त तक कुरकुरा, फ्रेश और चिपचिपाहट से दूर रखने के लिए कुछ खास और आसान उपाय आजमाने की जरूरत होती है।
धोने और सुखाने की सही प्रक्रिया
इस हरी सब्जी को फ्रिज में डालने की गलती करने से पहले कभी भी इसे पानी से न धोएं। पानी के संपर्क में आने से इसके भीतर नमी समा जाती है जो बाद में चिपचिपाहट का मुख्य कारण बनती है। यदि भिंडी पर ज्यादा गंदगी जमी है और इसे साफ करना अनिवार्य है, तो धोने के फौरन बाद इसे किसी सूखे सूती कपड़े पर अच्छी तरह फैला दें। जब तक इस पर पानी की एक भी बूंद या नमी का अंश बाकी रहे, इसे भूलकर भी ठंडी जगह पर न रखें। नमी ही इसके खराब होने की सबसे बड़ी वजह बनती है।
सिरके का जादुई इस्तेमाल
अगर आप भिंडी को पानी से साफ करने के बाद ही स्टोर करना पसंद करते हैं, तो एक खास तरीका अपना सकते हैं। इसके लिए एक बर्तन में पानी लें और उसमें एक चम्मच सफेद सिरका मिला दें। अब इस पानी में भिंडी को पांच मिनट के लिए डुबोकर छोड़ दें। इसके बाद इसे सामान्य पानी से निकालकर अच्छी तरह साफ कर लें और पूरी तरह सूखने दें। सिरके का इस्तेमाल करने से इस सब्जी का प्राकृतिक चिपचिपापन काफी हद तक कम हो जाता है, जिससे यह लंबे समय तक सुरक्षित बनी रहती है।
काटने से जुड़ी जरूरी सावधानी
कभी भी फ्रिज में रखने से पहले भिंडी के ऊपरी हिस्से या डंठल को अलग करने की भूल न करें। इसे हमेशा इसके पूरे डंठल के साथ ही स्टोर किया जाना चाहिए। यदि आप इसके ऊपर या नीचे के छोर को पहले ही काट देते हैं, तो हवा और नमी सीधे अंदर प्रवेश कर जाती है। इस वजह से यह बहुत जल्दी काली पड़ने लगती है और इसका स्वाद भी खराब होने लगता है। इसके अलावा एयरटाइट कंटेनर या जिपलॉक बैग का इस्तेमाल करते समय नीचे और ऊपर पेपर टॉवल बिछाना फायदेमंद रहता है, जो अतिरिक्त नमी को सोख लेता है।


















