बरसाती सीजन शुरू होते ही सांपों के इंसानी बस्तियों और घरों के नजदीक आने की आशंका काफी बढ़ जाती है, खासकर उन इलाकों में जहां हरियाली प्रचुर मात्रा में मौजूद हो। इन जीवों की मूल प्रवृत्ति भोजन की तलाश होती है, जिसके चलते वे कई बार सीधे घरों के परिसरों में प्रवेश कर जाते हैं। यदि उन्हें परिसर के भीतर चूहे, मेंढक, छिपकली या अन्य छोटे जीव आसानी से मिल जाएं, तो वे वहां डेरा डाल सकते हैं। इसके अतिरिक्त, घर के इर्द-गिर्द पसरा कचरा, मलबे के ढेर, लकड़ियों के बंडल और घनी झाड़ियां उन्हें छिपने के लिए सुरक्षित ठिकाना मुहैया कराती हैं। इसलिए इस मौसम में साफ-सफाई बनाए रखना और सांपों के संभावित भोजन व आश्रय स्थलों को नष्ट करना बहुत आवश्यक है।
चूहों की मौजूदगी बनती है बड़ा कारण
सांपों के मुख्य शिकार में चूहों की गिनती सबसे ऊपर होती है। यदि घर की रसोई, स्टोर रूम, गैराज या फिर बगीचे में चूहों का डेरा है, तो सांप बिना किसी हिचकिचाहट के वहां खिंचे चले आएंगे। खुले में रखा हुआ भोजन, अनाज के दाने, खाने-पीने के अवशेष और कचरे के डिब्बे चूहों को अपनी तरफ आकर्षित करते हैं। ऐसे हालात से बचने के लिए अपने घर को पूरी तरह साफ-सुथरा रखें और खाद्य सामग्रियों को हमेशा ढक्कन से ढककर सुरक्षित रखें। चूहों की समस्या को नजरअंदाज करने के बजाय समय रहते उचित कदम उठाना जरूरी है ताकि बड़े खतरे से बचा जा सके।
मेंढकों की बढ़ती संख्या और मॉनसून
वर्षा ऋतु में जगह-जगह पानी भर जाने के कारण मेंढकों की आबादी में तेजी से उछाल आता है। गीली मिट्टी, गड्ढों, तालाबों के किनारे और जलभराव वाले क्षेत्रों में मेंढक बहुतायत में नजर आने लगते हैं। चूँकि मेंढक सांपों के पसंदीदा आहार में शामिल हैं, इसलिए मेंढकों के पीछे-पीछे सांप भी उन जगहों तक पहुँच जाते हैं। यदि आपके घर के आस-पास मेंढक अधिक संख्या में दिखाई दे रहे हैं, तो आपको तुरंत सतर्क हो जाने की जरूरत है। इसके साथ ही, घर के आस-पास जलभराव न होने दें और अपने गार्डन तथा खुले हिस्सों की नियमित रूप से सफाई करते रहें।
कीड़े-मकौड़े और छिपकलियों का प्रभाव
घर के भीतर छिपकलियों, कीट-पतंगों और अन्य छोटे जीवों की तादाद अधिक होने पर भी सांप आकर्षित हो सकते हैं। कई प्रजाति के सांप छिपकलियों, छोटे पक्षियों और अन्य जीवों को अपना शिकार बनाते हैं। ऐसी स्थिति में यदि घर के आस-पास भोजन आसानी से उपलब्ध हो जाता है, तो उनके वहाँ पहुँचने की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। इसलिए अपने घर के कोनों, स्टोर एरिया और बगीचे में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें। मकड़ी के जाले, कचरा और बेकार पड़े सामान को समय-समय पर हटाते रहें ताकि सांपों को न तो भोजन मिले और न ही छिपने की कोई जगह।
पालतू जानवरों के खाने से बढ़ता जोखिम
कुत्तों या बिल्लियों के लिए घर के बाहर रखे जाने वाले बर्तन में बचा हुआ खाना चूहों और अन्य छोटे जीवों को अपनी ओर खींचता है। इन्हीं जीवों का पीछा करते हुए सांप भी भोजन की तलाश में उन स्थानों तक पहुँच जाते हैं। यही वजह है कि पालतू जानवरों के बचे हुए भोजन को लंबे समय तक खुले में नहीं छोड़ना चाहिए। खाने के बर्तनों को नियमित रूप से धोकर साफ रखें और विशेष रूप से रात के समय कोई भी खाद्य सामग्री बाहर न पड़ी रहने दें। आसपास के क्षेत्र को भी स्वच्छ रखें ताकि शिकार जमा न हो सकें और सांपों के आने का जोखिम कम हो सके।
पक्षियों का दाना और चूहों का आकर्षण
बालकनी, छत या आंगन में पक्षियों के लिए दाना डालना अच्छी आदत है, लेकिन इस प्रक्रिया के दौरान परिसर में साफ-सफाई रखना बहुत जरूरी है। नीचे बिखर जाने वाले अनाज के दाने चूहों को आकर्षित करते हैं और चूहों की मौजूदगी सांपों को उस विशेष स्थान तक खींच लाती है। इसलिए पक्षियों को दाना खिलाने के बाद रोज आसपास गिरे हुए दानों की अच्छी तरह सफाई करें। दाना डालने की जगह को भी समय-समय पर पानी से धोकर साफ रखें ताकि चूहे और अन्य छोटे जीव वहाँ इकठ्ठा न होने पाएं।
बचाव के लिए जरूरी सावधानियां
सांपों के खतरे से सुरक्षित रहने के लिए घर और उसके आसपास के हिस्से को साफ रखना अनिवार्य है। झाड़ियों और बड़ी घास को कभी भी आसपास न बढ़ने दें। लकड़ी, ईंटों, कबाड़ और किसी भी तरह के बेकार सामान को घर के पास जमा न होने दें। घर के कूड़ेदानों को हमेशा ढक्कन से बंद रखें। दीवारों, मुख्य दरवाजों और खिड़कियों में मौजूद छोटी-बड़ी दरारों को तुरंत बंद करें। गार्डन और स्टोर रूम की समय-समय पर सफाई करना न भूलें। घर के आस-पास किसी भी प्रकार का पानी जमा न होने दें और रात के वक्त बाहर निकलते समय हमेशा टॉर्च का इस्तेमाल करें तथा अंधेरी जगहों पर अत्यधिक सावधानी बरतें।



















