बरेली शहर में अपने घर, दफ्तर या किसी संस्थान को सजाने के लिए किफायती और मजबूत फर्नीचर की तलाश कर रहे लोगों के लिए एक खास ठिकाना तेजी से पसंदीदा विकल्प बन रहा है। पीलीभीत बाईपास बैरियर नंबर-2 से लेकर खजुरिया घाट के बीच स्थित यह मार्केट इन दिनों ग्राहकों की चहल-पहल से गुलजार है। यहां न केवल बिल्कुल नया फर्नीचर मिलता है, बल्कि सेकंड हैंड और करीने से रिनोवेट किया गया फर्नीचर भी हर तरह के बजट में आसानी से उपलब्ध हो जाता है। चाहे घर की जरूरत हो, ऑफिस का सेटअप करना हो, या फिर स्कूल, अस्पताल और लाइब्रेरी के लिए बल्क में सामान खरीदना हो, यह बाजार सभी जरूरतों को पूरा कर रहा है।
खजुरिया घाट पर 500 रुपये से शुरू होती हैं कीमतें
खजुरिया घाट चौराहे के ठीक समीप स्थित हसन फर्नीचर के संचालक के अनुसार, इस बाजार में फर्नीचर के दाम 500 रुपये से शुरू होकर लगभग 9,000 रुपये की सीमा तक जाते हैं। इतने कम बजट में ग्राहकों को हर तरह की जरूरी चीजें मिल जाती हैं। दुकानों पर ऑफिस में इस्तेमाल होने वाली रिवॉल्विंग और सामान्य चेयर, मजबूत ऑफिस टेबल, घरों के लिए लोहे और लकड़ी की अलमारी, ड्रेसिंग टेबल के साथ-साथ कई तरह के घरेलू और व्यावसायिक उत्पाद प्रदर्शित किए गए हैं। किफायती दरों पर विविधता उपलब्ध होने की वजह से दूर-दराज से आने वाले खरीदारों की संख्या में लगातार इजाफा देखा जा रहा है।
खरीदारों के अनुभव और मोलभाव की गुंजाइश
बाजार में नियमित रूप से खरीदारी करने वाले स्थानीय निवासी मोहित यादव पिछले तीन से चार सालों से लगातार इस बाजार में आ रहे हैं। उनका कहना है कि इस इलाके में कम कीमत पर बेहद टिकाऊ सामान मिल जाता है। एक हालिया दौरे के दौरान मोहित दफ्तर के लिए एक चेयर खरीदने पहुंचे थे। दुकानदार ने शुरुआत में उस चेयर की कीमत 3,000 रुपये बताई थी। हालांकि, थोड़ी बातचीत और मोलभाव के बाद दुकानदार उसी चेयर को 2,700 रुपये में देने को तैयार हो गया, जिससे ग्राहक को सीधे 300 रुपये की बचत हुई।
आम बाजार की तुलना में भारी बचत का दावा
मोहित यादव के मुताबिक, जिस चेयर को उन्होंने 2,700 रुपये में हासिल किया, वैसी ही चेयर यदि सामान्य रिटेल मार्केट से खरीदी जाए, तो उसकी कीमत करीब 8,000 रुपये से लेकर 9,000 रुपये तक हो सकती है। ग्राहकों का मानना है कि सामान्य बाजारों की भारी-भरकम कीमतों के मुकाबले बेहद कम दाम में गुणवत्तापूर्ण सामान उपलब्ध कराना ही इस बाजार की सबसे बड़ी यूएसपी है। कम खर्च में बेहतर विकल्प तलाशने वाले मध्यमवर्गीय परिवारों और नए व्यवसाय शुरू करने वालों के लिए यह जगह एक आदर्श केंद्र बनती जा रही है।
सेकंड हैंड और रिनोवेटेड फर्नीचर खरीदते समय ध्यान रखने योग्य बातें
कम दाम में सामान मिलना बेहद आकर्षक लगता है, लेकिन सेकंड हैंड या रिनोवेट किया हुआ फर्नीचर खरीदते समय ग्राहकों को विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए। सामान फाइनल करने से पहले इस्तेमाल की गई लकड़ी की स्थिति, उसके कोनों और जोड़ों की मजबूती, दीमक का कोई असर तो नहीं है, इसका निरीक्षण करना जरूरी है। इसके साथ ही फर्नीचर के अंदरूनी ढांचे (इंटरनल स्ट्रक्चर) की बनावट और ऊपर की गई पेंट या पॉलिश की फिनिशिंग को भी अच्छी तरह जांच लेना चाहिए।
कीमत तय करने से पहले इन तैयारियों को न भूलें
खरीदारी का अनुभव बेहतर रहे, इसके लिए सामान की अंतिम कीमत तय करने से पहले ठीक से बातचीत और मोलभाव करना चाहिए। इसके अलावा, दुकान से सामान को अपने घर या दफ्तर तक ले जाने में लगने वाले ट्रांसपोर्टेशन या किराये के खर्च के बारे में पहले से पूरी जानकारी जुटा लेना आवश्यक है। इन सभी बातों का ध्यान रखकर ग्राहक धोखाधड़ी से बच सकते हैं और अपने बजट में सही सामान घर ले जा सकते हैं।



















