दिन खत्म होने के बाद थकान इतनी होती है कि लोग सीधे बिस्तर पर आ जाते हैं, बिना स्किन या मन की परवाह किए। लेकिन यही जल्दबाजी लंबे समय में स्किन और मानसिक सेहत दोनों पर भारी पड़ती है। असल में सोने से ठीक पहले के 10 मिनट, अगर सोच-समझकर खर्च किए जाएं, तो चेहरे की चमक और दिमाग की शांति दोनों पर बड़ा फर्क पड़ सकता है। अच्छी नींद, सही देखभाल और कम तनाव का असर सीधे चेहरे और मानसिक सेहत पर नजर आता है।
पहला कदम: चेहरे की सफाई को कभी न छोड़ें
पूरे दिन बाहर रहने के दौरान चेहरे पर धूल, पसीना और प्रदूषण की परत जम जाती है। अगर बिना सफाई के सो जाते हैं तो स्किन के पोर्स बंद हो सकते हैं और चेहरा धीरे-धीरे बेजान और डल दिखने लगता है। इससे बचने का सबसे सरल तरीका यह है कि रात को सोने से पहले अपनी स्किन टाइप के हिसाब से फेस वॉश या क्लींजर से चेहरे को अच्छी तरह साफ करें। साफ स्किन रात के दौरान खुद को रिपेयर और रिन्यू करने में कहीं ज्यादा सक्षम होती है।
दूसरा कदम: 2 से 3 मिनट की हल्की मसाज करें
चेहरा धोने के बाद 2 से 3 मिनट हल्के हाथों से चेहरे की मसाज करना एक छोटी लेकिन बेहद कारगर आदत है। इससे दिनभर की थकान से चेहरे की मांसपेशियों को राहत मिलती है और स्किन तरोताजा महसूस होती है। मसाज के दौरान ज्यादा दबाव न डालें, नहीं तो फायदे की जगह नुकसान हो सकता है। मसाज के बाद अपनी स्किन टाइप के अनुसार मॉइश्चराइजर या नाइट क्रीम लगाएं ताकि रात भर स्किन को नमी मिलती रहे।
तीसरा कदम: स्क्रीन बंद करें, दिमाग को सांस लेने दें
आजकल सोने से पहले मोबाइल स्क्रॉल करना आम बात हो गई है। लेकिन लगातार स्क्रीन देखते रहने से दिमाग एक्टिव बना रहता है और नींद आने में परेशानी होती है। इसलिए सोने से कम से कम 10 से 15 मिनट पहले फोन एक तरफ रख दें। इस वक्त में हल्का म्यूजिक सुनना, किसी किताब के कुछ पन्ने पढ़ना या गहरी सांसें लेना दिमाग को धीरे-धीरे शांत करता है और नींद आने में मदद करता है।
चौथा कदम: डायरी में उतारें मन का बोझ
कई बार बिस्तर पर लेटने के बाद भी दिमाग में विचारों का सिलसिला नहीं थमता, जिससे सोना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सोने से पहले कुछ मिनट डायरी लिखना काफी मददगार साबित हो सकता है। आप अगले दिन के काम और जिम्मेदारियों की सूची बना सकते हैं या दिन की उन अच्छी बातों को नोट कर सकते हैं जिनसे मन को सुकून मिला। इस तरह दिमाग पर का बोझ हल्का होता है और मन शांत होकर नींद के लिए तैयार हो जाता है।
नींद पूरी हो और समय पर हो, यह भी उतना ही जरूरी है
ये सभी आदतें तब और भी ज्यादा कारगर बनती हैं जब नींद पूरी और तय समय पर ली जाए। सोने के दौरान शरीर कई तरह की अंदरूनी रिकवरी प्रक्रियाएं करता है जिनका सीधा असर स्किन और दिमाग दोनों पर पड़ता है। कम नींद से चेहरे पर थकावट नजर आती है, स्ट्रेस बढ़ता है और पूरे दिन की ऊर्जा कम रहती है। रात को सोने का एक तय वक्त बनाएं और उस पर टिके रहें। रात के ये 10 मिनट की छोटी-छोटी आदतें मिलकर आपकी पूरी लाइफस्टाइल में बड़ा बदलाव ला सकती हैं।













