मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के देवेंद्र नगर इलाके में मां दुर्गा की विदाई के पवित्र अवसर पर एक बड़ा हादसा हो गया, जिससे पूरे क्षेत्र में मातम छा गया है। बड़ा गांव बांध में देवी प्रतिमा के विसर्जन के लिए पहुंचे पांच दोस्त पानी में उतरकर नहाने लगे। इसी दौरान वे सभी गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। वहां मौजूद लोगों और पुलिस की मुस्तैदी के कारण तीन युवकों की जान तो बचा ली गई, लेकिन दो अन्य युवक गहरे पानी में डूब गए, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इस त्रासदी ने त्यौहार की खुशियों को पलभर में मातम में बदल दिया और दो परिवारों के चिराग हमेशा के लिए बुझ गए। घटना के सामने आने के बाद स्थानीय प्रशासन और पुलिस व्यवस्था की सुरक्षा तैयारियों पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
विसर्जन के दौरान गहरे पानी में गए दोस्त
माता की प्रतिमा विसर्जन के सिलसिले में पहुंचे पांचों दोस्त तालाब और बांध के पानी में उतरकर नहाने लगे थे, जिसके बाद यह भीषण हादसा घटित हुआ। मृतकों की पहचान 18 वर्षीय आयुष अग्रवाल, जिनके पिता का नाम शेष अग्रवाल है, और 25 वर्षीय कृष्णा सोनी, जिनके पिता का नाम नारायण दास सोनी है, के रूप में हुई है। इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे गांव में हाहाकार मच गया है। हादसे में बचाए गए साहिल तिवारी और करण सोनी को स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिया जा रहा है, जबकि तीसरे बचाए गए युवक हरिओम द्विवेदी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया है।
घरों में मचा कोहराम और प्रशासनिक मुआयना
जैसे ही दोनों मृतकों के शव उनके घरों पर पहुंचे, परिजनों की चीख-पुकार से पूरा माहौल गमगीन हो गया। जिन घरों में कुछ ही समय पहले तक त्यौहार की रौनक और उत्सव का माहौल था, वहां अब केवल रोना-धोना और सन्नाटा पसरा हुआ है। माता-पिता और अन्य रिश्तेदारों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। इस दुखद घटना की सूचना मिलते ही पन्ना की पुलिस अधीक्षक निवेदिता नायडू और तहसीलदार सुमित तिवारी भारी प्रशासनिक अमले के साथ तुरंत बड़ा गांव बांध पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से मुआयना किया और पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी जुटाई। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि विसर्जन के वक्त पैर फिसलने और पानी की गहराई का अंदाजा न होने के कारण यह हादसा हुआ, जिसमें स्थानीय लोगों की मदद से तीन लोगों को तो सुरक्षित निकाल लिया गया, लेकिन दो युवकों कीमती जिंदगियों को नहीं बचाया जा सका।



















