महाराष्ट्र के भंडारा जिले में उस समय हड़कंप मच गया जब एक उड़ान के दौरान अचानक मौसम खराब हो गया और हालात ऐसे बने कि हेलिकॉप्टर को आनन-फानन में नीचे उतारना पड़ गया। इस विमान में कुल चार लोग सवार थे जो एक सफर पर निकले थे। आसमान में धुंध और खराब मौसम की वजह से दृश्यता बेहद कम हो गई थी, जिससे पायलट के लिए आगे की यात्रा जारी रखना जोखिम भरा साबित हो रहा था। इसी संकट से निपटने के लिए सुरक्षित रास्ता तलाशते हुए विमान को नीचे उतारा गया।
झील के पास उतरा विमान और नागपुर वापसी का फैसला
अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक यह घटना रविवार की है जब एक निजी कंपनी का यह हेलिकॉप्टर नागपुर से उड़ान भरकर रायपुर की तरफ जा रहा था। सुबह करीब 11 बजे के आसपास जब यह विमान रास्ते में था तब मौसम ने अचानक करवट ली। मोहाड़ी तहसील के अंतर्गत आने वाले मोहगांव-निलाज मार्ग पर स्थित भिसारी झील के आसपास का इलाका इस आपात स्थिति का गवाह बना। जमीन पर उतरने से पहले इस हेलिकॉप्टर ने कुछ समय तक आसमान में ही चक्कर काटे ताकि सुरक्षित जगह का जायजा लिया जा सके।
खाली जमीन और राहत भरी खबर
भिसारी झील के आसपास पानी का स्तर काफी कम था जिसकी वजह से वहां लैंडिंग के लिए पर्याप्त खुली जगह मिल गई थी। पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए उसी खाली हिस्से का चयन किया। जमीन पर उतरने के बाद वह दल करीब एक घंटे तक वहीं रुका रहा और मौसम सुधरने का इंतजार किया। स्थिति सामान्य होने पर उन्होंने आगे की यात्रा के बजाय नागपुर लौटने का निर्णय लिया। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी अभिषेक नामदास ने पुष्टि करते हुए बताया कि हेलिकॉप्टर में सवार चारों लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं और किसी भी तरह के जानमाल के नुकसान की कोई सूचना नहीं है। बिरसी एयरपोर्ट के डायरेक्टर गिरीशचंद्र वर्मा ने इस बारे में बताया कि शुरुआत में पायलट वहां उतरना चाहता था लेकिन बाद में उसने नागपुर वापस जाने का मन बना लिया।



















