राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था में गतिशीलता लाने के उद्देश्य से सोमवार को महाराष्ट्र शासन ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के तीन वरिष्ठ अधिकारियों के दायित्वों में बदलाव किया है। सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) की अधिसूचना के अनुसार, वरिष्ठ नौकरशाहों को विभिन्न मंत्रालयों और संभागों में नई जिम्मेदारियां सौंपते हुए तुरंत प्रभाव से कार्यभार संभालने के निर्देश जारी किए गए हैं। इस निर्णय के तहत राजधानी मुंबई स्थित राज्य सचिवालय यानी मंत्रालय के साथ-साथ संभागीय स्तर पर भी फेरबदल देखने को मिला है।
महाराष्ट्र में वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के दायित्वों में परिवर्तन
इस ताजा फेरबदल में वर्ष 1996 बैच के वरिष्ठ अधिकारी संजय खंडारे को वन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव पद पर नियुक्त किया गया है। वे इससे पहले पर्यटन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। जीएडी के आधिकारिक आदेश के तहत अब वे मंत्रालय, मुंबई में बैठकर वन विभाग के कामकाज का संचालन करेंगे। उनके अनुभव को देखते हुए प्राकृतिक संपदा और वानिकी प्रबंधन से जुड़े अहम कार्यों की निगरानी उनके जिम्मे रहेगी।
इसी क्रम में पर्यटन महकमे की कमान अब वर्ष 2009 बैच के अधिकारी संजय यादव को सौंपी गई है, जिन्हें पर्यटन विभाग का नया सचिव बनाया गया है। संजय यादव इससे पूर्व मुंबई में ही समग्र शिक्षा अभियान के तहत राज्य परियोजना निदेशक पद पर काम कर रहे थे। अब वे मंत्रालय में पर्यटन नीतियों, योजनाओं और बुनियादी विकास को आगे बढ़ाने का काम संभालेंगे।
इसके साथ ही वर्ष 2019 बैच की युवा नौकरशाह वैष्णवी बी. का भी स्थानांतरण किया गया है। उन्हें नागपुर संभाग में अतिरिक्त संभागीय आयुक्त के रूप में तैनात किया गया है, जहां वे क्षेत्रीय प्रशासनिक कार्यों और नागरिक सेवाओं की निगरानी करेंगी।
उत्तर प्रदेश में व्यापक प्रशासनिक सर्जरी: 15 आईएएस अधिकारियों के प्रभार बदले
महाराष्ट्र के साथ ही उत्तर प्रदेश में भी शासन स्तर पर बड़ा फेरबदल देखने को मिला, जहां योगी सरकार ने पंद्रह आईएएस और तेईस पीसीएस अधिकारियों को नए पदों पर भेजा है। इस क्रम में आवास, स्वास्थ्य, ग्रामीण विकास और खनन जैसे महत्वपूर्ण विभागों में अफसरों की नई पदस्थापना की गई है।
उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी सूची में राकेश कुमार सिंह को उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद में अपर आयुक्त की जिम्मेदारी सौंपी गई है। दुग्ध उत्पादन और वितरण व्यवस्था को मजबूती देने के लिए नीरज शुक्ला को पीसीडीएफ का प्रबंध निदेशक बनाया गया है। प्रशिक्षण और प्रशासनिक क्षमता विकास के तहत डॉ. चंद्र भूषण को डॉ. राम मनोहर लोहिया उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में अपर निदेशक पद की कमान दी गई है।
चिकित्सा और स्वास्थ्य शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़े बदलाव किए गए हैं। सचिन कुमार सिंह को चिकित्सा शिक्षा विभाग में विशेष सचिव पद पर भेजा गया है, जबकि प्रकाश बिन्दु को इसी विभाग में सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं यूपी मेडिकल सप्लाई कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक पद पर जेरीभा की तैनाती की गई है। उच्च शिक्षण संस्थानों के प्रशासनिक संचालन के लिए अर्चना गहरवार को एकेटीयू का कुलसचिव तथा रीना सिंह को केजीएमयू का कुलसचिव नियुक्त किया गया है।
ग्रामीण और जिला विकास प्रशासन में ध्रुव खाड़िया को मथुरा में मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) तथा नरेंद्र बहादुर सिंह को जौनपुर में सीडीओ बनाया गया है। प्रयागराज स्थित राजस्व परिषद में न्यायिक मामलों के निस्तारण हेतु विवेक कुमार श्रीवास्तव को सदस्य (न्यायिक) का दायित्व दिया गया है। ग्रामीण शासन के स्तर पर श्रीहरि प्रताप शाही को पंचायती राज का निदेशक बनाया गया है, जबकि अमित कुमार सिंह को भी पीसीडीएफ के प्रबंध निदेशक की भूमिका दी गई है। इसके अलावा खनन नीतियों के सुचारू संचालन के लिए माला श्रीवास्तव को भूतत्व एवं खनिकर्म विभाग का सचिव एवं निदेशक बनाया गया है, वहीं डॉ. उज्जवल कुमार को इसी विभाग में विशेष सचिव एवं निदेशक की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
23 पीसीएस अफसरों का भी स्थानांतरण, कई जिलों में बदले एडीएम और एसडीएम
आईएएस संवर्ग के अतिरिक्त उत्तर प्रदेश में प्रांतीय नागरिक सेवा (पीसीएस) के तेईस अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में भी फेरबदल किया गया है। इस सूची में मुख्य रूप से जिलों के एडीएम, एसडीएम, नगर निगमों के अपर नगर आयुक्त और विकास प्राधिकरणों के सचिव स्तर के अफसर शामिल हैं।
राजस्व और जिला प्रशासन को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से चंद्रेश कुमार को देवरिया में मुख्य राजस्व अधिकारी के पद पर नियुक्त किया गया है। कानून व्यवस्था और न्यायिक निस्तारण के लिए ज्ञानेन्द्र विक्रम को संतकबीरनगर में एडीएम (न्यायिक), लवी त्रिपाठी को सहारनपुर में एडीएम (प्रशासन) तथा पुष्पेंद्र पटेल को रामपुर में एडीएम (प्रशासन) की जिम्मेदारी दी गई है।
नगरीय निकायों और शहरी नियोजन में राजेश कुमार को मेरठ में अपर नगर आयुक्त तथा बृजेश कुमार सिंह को मेरठ विकास प्राधिकरण के सचिव पद पर पदस्थ किया गया है। कृषि विश्वविद्यालयों के प्रबंधन के लिए अर्पित गुप्ता को बांदा कृषि विश्वविद्यालय का कुलसचिव और विजय शंकर को कुशीनगर स्थित महात्मा बुद्ध कृषि विश्वविद्यालय का कुलसचिव बनाया गया है। वहीं डेयरी क्षेत्र में अभिनव कन्नौजिया को संयुक्त दुग्ध आयुक्त के दायित्व पर भेजा गया है।





















